कोई बताए, कहां करें अभ्यास!

Muzaffar nagar Updated Sat, 29 Dec 2012 05:30 AM IST
ख़बर सुनें
मुजफ्फरनगर। देश को वालीबॉल में कई नामचीन खिलाड़ी देने वाले जिले में खेल का कोच तक तैनात नहीं है। प्रतिभा के दम पर यूनिवर्सिटी और नेशनल स्तर तक दम दिखा चुकी खिलाड़ियों का कहना है कि खिलाड़ियों को कोई प्रोत्साहन नहीं मिलता है। मैदान और संसाधनों का अभाव है।
शामली जिले के बनत निवासी पिंकी का कहना है कि बगैर अभ्यास खेल में अपना सौ फीसदी प्रदर्शन नहीं किया जा सकता। ग्रामीण क्षेत्र के खिलाड़ियों को अभ्यास की कहीं सुविधा नहीं है। सरकार को प्रोत्साहन देना चाहिए।
गोयला गांव की प्रियंका बालियान का कहना है कि स्टेडियम में वालीबॉल के कोच तक तैनात नहीं है। सुविधाएं न मिलने से खिलाड़ी के सामने विकट स्थिति पैदा हो गई है। ग्रामीण लड़कियों के लिए बेहद मुश्किल होती है। डीएवी कॉलेज की छात्रा प्रीति का कहना है कि खिलाड़ियों को सही मार्गदर्शन नहीं मिल पा रहा है। ग्रामीण क्षेत्र के खिलाड़ी रोजाना स्टेडियम में अभ्यास भी नहीं कर सकते। ऐसे में ग्रामीण प्रतिभाएं समय से पहले दम तोड़ जाती है।
काजीखेड़ा की अनु का कहना है कि स्कूलों में जब तक सुविधाओं को नहीं बढ़ाया जाएगा, अच्छे खिलाड़ी सामने नहीं आए। जिले का वर्चस्व अब वालीबॉल में टूटने लगा है। खिलाड़ियों को समय पर सुविधाएं मिलनी चाहिए ताकि वह आगे बढ़ सकें।

खिलाड़ियों को दिए टिप्स
मुजफ्फरनगर। रणवीर सिंह ने युवा खिलाड़ियों को कई टिप्स दिए। सर्विस करने समेत अन्य कई बारीकियों को उन्होंने युवाओं को बताया। लड़कियों से अपने खेल पर ध्यान फोकस करने का आह्वान किया।

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

Spotlight

Most Read

Jharkhand

निर्मल हृदय द्वारा बेचा गया चौथा बच्चा मिला वापस, पुलिस ने कहा- हमें मिले हैं कई सुराग

अनाथालय की स्टाफ अनीमा इंदवार ने चार बच्चों को बेचने की बात कबूली है। जिसमें से तीन पहले ही ढूंढे जा चुके हैं।

16 जुलाई 2018

Related Videos

इंडिया का ‘मेसी’ है ये लड़का, नेशनल फुटबॉल टीम में हुआ सिलेक्शन, पिता है चपरासी

उत्तर प्रदेश के एक लाल ने देश भर में नाम रौशन किया है। यहां के मुजफ्फरनगर जिले के रहने वाले नीशू कुमार का चयन भारतीय नेशनल टीम में हुआ है। नीशू बेहद गरीब परिवार के रहने वाले हैं। उनके पिता चपरासी का काम करते थे।

6 जुलाई 2018

Recommended

आज का मुद्दा
View more polls

Disclaimer

अपनी वेबसाइट पर हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर अनुभव प्रदान कर सकें, वेबसाइट के ट्रैफिक का विश्लेषण कर सकें, कॉन्टेंट व्यक्तिगत तरीके से पेश कर सकें और हमारे पार्टनर्स, जैसे की Google, और सोशल मीडिया साइट्स, जैसे की Facebook, के साथ लक्षित विज्ञापन पेश करने के लिए उपयोग कर सकें। साथ ही, अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।

Agree

अमर उजाला ऐप चुनें

सबसे तेज अनुभव के लिए

क्लिक करें Add to Home Screen