रोहित की नाटकीय गिरफ्तारी, सवाल ही सवाल

Moradabad Updated Mon, 18 Jun 2012 12:00 PM IST
ख़बर सुनें


मुरादाबाद। मोस्टवांटेड रोहित गिरी की गिरफ्तारी को पुलिस ने बड़े ही नाटकीय अंदाज में दिखाया है। रोहित की गिरफ्तारी को लेकर पुलिस पर सवाल उठ रहे हैं। आखिर कौन सा ऐसा दबाव रहा जिससे गिरफ्तारी को लेकर पुलिस ने इतना बड़ा ‘झूठ’ बोला।
शनिवार को सुबह रोहित के इलाहाबाद की नैनी जेल में होने की बात सामने आई। वहां पर रोहित को आरपीएफ ने बेटिकट यात्रा करते पकड़ा था। इसके बाद पुलिस सक्रिय हुई और सीओ कटघर केके दीक्षित के नेतृत्व में पुलिस टीम इलाहाबाद के लिए रवाना हो गई। रविवार को सुबह करीब साढ़े दस बजे रोहित को महानगर लाया गया। दोपहर में एसएसपी सुनील कुमार गुप्ता ने अपने दफ्तर में पूरे मामले को ब्रीफ किया। इसमें बताया गया कि रोहित को पुलिस ने सवेरे मुरादाबाद रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार किया गया है। उस वक्त वह अपने किसी रिश्तेदार के घर जाने का प्रयास कर रहा था। पुलिस की स्क्रिप्ट के अनुसार अब सवाल ये उठता है कि शनिवार को देर शाम तक इलाहाबाद की नैनी जेल में रहा रोहित अचानक सुबह महानगर कैसे आ गया और उसने रिश्तेदार के घर जाने के लिए मुरादाबाद स्टेशन को ही क्यों चुना? क्या उसे नहीं पता था कि मुरादाबाद में पुलिस उसे ढूंढ रही थी?


सवाल फिर भी, गार्गी ने आत्महत्या क्यों की?
-मरने से पहले क्यों नहीं लिखा सुसाइड नोट
-मरते वक्त भी झूठ क्यों बोला
अमर उजाला ब्यूरो
मुरादाबाद। रोहित को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया, लेकिन सवाल फिर भी बरकरार है कि गार्गी ने आत्महत्या क्यों की?, मरने से पहले उसने सुसाइड नोट क्यों नहीं लिखा?, मरते वक्त भी झूठ क्यों बोला?
पूर्व विधायक की पोती गार्गी के सुसाइड को लेकर पहले दिन से ही सवाल उठ रहे थे। परिजनों ने 30 मई को गैंगरेप की बात कहते बयान दिया कि इसी के चलते उसने सुसाइड कर दिया। सवाल उठा कि गैंगरेप के एक दिन बाद सुसाइड क्यों किया। जबकि घर पर सामान्य तौर रही थी गार्गी। पुलिस ने दावा किया कि रोहित इस मामले का पूरा सूत्रधार है। सभी सवालों का जवाब उसके गिरफ्तार होते ही मिल जाएगा। रविवार को पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भी भेज दिया लेकिन सवालों की लिस्ट अनुत्तरित ही रह गई।
रोहित के मोबाइल की सीडीआर से पता चला है कि उसकी 31 मई को दोपहर 12 बजे तक गार्गी से बात र्हुई। बकौल, रोहित तब गार्गी ने घरवालों द्वारा पूछताछ व मारपीट की बात कही। तब तक उसने ये नहीं बताया था कि वह किसके साथ गई थी और कहां रही। रोहित के अनुसार, गार्गी की आवाज से कहीं ऐसा नहीं लग रहा था कि वह सुसाइड जैसा कदम उठा लेगी। रोहित की सलाह पर ही उसने अपने दोस्त के घर जाने की बात कही।


हरपाल से भी पुलिस करेगी पूछताछ
- बदलते व रोहित के बयानों ने पुलिस को दिया आधार
- गैंगरेप की बात गार्गी ने कही थी या नहीं ये भी होगा जांच का पहलू
अमर उजाला ब्यूरो
मुरादाबाद। गार्गी केस में रोहित की गिरफ्तारी तो हो गई लेकिन पुलिस ने अभी अपनी विवेचना बंद नहीं की है। बार-बार बदलते बयानों व रोहित के कबूलनामे में हरपाल द्वारा गार्गी के साथ मारपीट करने संबंधी बयानों के बाद पुलिस अब उससे भी पूछताछ करेगी।
हरपाल ने मानपुर का जो घर दिखाया। पुलिस की अपनी जांच के दौरान उस घर में गैंगरेप जैसी वारदात संभव न होने की बात कही। इसके बाद से पुलिस लगातार हरपाल से एक बार फिर मानपुर चलने को कहा लेकिन हरपाल लगातार कोई न कोई बहाना बना कर इससे बचते रहे। गैंगरेप जैसी कोई बात गार्गी ने परिवार वालों को बताई भी थी या फिर परिजनों ने मामले को सनसनीखेज बनाने के लिए ये स्क्रिप्ट तैयार कर दी। ये भी जांच का बिंदु रहेगा। एसएसपी का कहना है कि अभी तमाम बिंदुओं पर जांच जारी है, शीघ्र ही हरपाल सैनी से भी पूछताछ की जाएगी।

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

Spotlight

Most Read

Jammu

दाउद के मारे जाने की खबर फैलते ही घाटी में भड़की हिंसा, 8 साल बाद हुई इतनी पत्थरबाजी

आईएस जेके प्रमुख दाउद के मुठभेड़ में मारे जाने की खबर मिलते ही उसके पैतृक आवास एचएमटी के आस-पास के इलाके में हिंसा भड़क उठी।

22 जून 2018

Related Videos

सड़क पर सब्जियों की मची लूट

संभल में किसानों ने एसडीएम दफ्तर के सामने खूब हंगामा किया। किसानों के आंदोलन के चौथे दिन किसान अपनी मांगों को लेकर सड़कों पर उतरे।

4 जून 2018

Disclaimer

अपनी वेबसाइट पर हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर अनुभव प्रदान कर सकें, वेबसाइट के ट्रैफिक का विश्लेषण कर सकें, कॉन्टेंट व्यक्तिगत तरीके से पेश कर सकें और हमारे पार्टनर्स, जैसे की Google, और सोशल मीडिया साइट्स, जैसे की Facebook, के साथ लक्षित विज्ञापन पेश करने के लिए उपयोग कर सकें। साथ ही, अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।

Agree

अमर उजाला ऐप चुनें

सबसे तेज अनुभव के लिए

क्लिक करें Add to Home Screen