देशी और जैविक खाद इस्तेमाल पर जोर

Maharajganj Updated Sun, 23 Dec 2012 05:30 AM IST
महराजगंज। पीजी कॉलेज परिसर में कृषि मेले के दूसरे दिन शनिवार को गोष्ठी में किसानों को जैविक खेती की जानकारी दी गई। कृषि वैज्ञानिकों ने किसानों को हरी, देशी और जैविक खाद के इस्तेमाल पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि रासायनिक उर्वरकों के अधिक प्रयोग से खेती बंजर हो सकती है। समय रहते किसान सचेत नहीं हुए तो स्थिति खतरनाक होगी।
कृषि विज्ञान केंद्र गोरखपुर प्रभारी डॉ. अशरफ हुसैन ने कहा कि अरहर, चना को फली छेदक से बचाने के लिए फूल आते समय नीम के तेल का छिड़काव करना चाहिए। उन्होंने खेत को घासफूस से पूरी तरह सुरक्षित रखने पर बल दिया। पाला से बचाव के लिए सिंचाई कर दें, जिससे नमी बनी रहे। सहायक निदेशक गन्ना गोरखपुर मंडल डॉ. ओमप्रकाश गुप्ता ने कहा कि गन्ना का सामान्य उत्पादन 200 से 250 क्विंटल प्रति हेक्टेयर है पर सिसवा के एक किसान ने 500 क्विंटल उत्पादन हासिल किया है। उन्हें किसान दिवस समारोह में सम्मानित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि गन्ने के बीच में आलू की फसल लें, प्याज बोएं। इससे आर्थिक लाभ होगा और गन्ने की पैदावार भी बढ़ेगी। कृषि वैज्ञानिक डॉ. एसके सिंह ने प्याज, लहसुन और गेंदा फूल की खेती की जानकारी दी। उन्होंने अनाज में सल्फास की जगह नीम और यूकेलिप्टस की पत्ती मिलाकर रखें। इसी तरह दाल को सुरक्षित रखने के लिए उसमें थोड़ा सा सरसो तेल मसल दें। इफको के क्षेत्रीय प्रतिनिधि डॉ. आनंद कुमार श्रीवास्तव ने कम लागत में उर्वरक प्रबंधन करने की जानकारी दी। उन्होंने यूरिया, पोटास, डीएपी खाद की घरेलू जांच के बारे में बताया। जिला उद्यान अधिकारी राजमणि शर्मा ने विभागीय योजनाओं की जानकारी दी। उप निदेशक कृषि एसी तिवारी ने किसानों को आधुनिक खेती और सरकारी योजनाओं के बारे में बताया। उन्होंने बताया कि 23 दिसंबर को इसी मेले में किसान सम्मान समारोह दिवस का आयोजन किया जाएगा। गोष्ठी में भूमि संरक्षण अधिकारी बेचू प्रसाद, जिला कृषि अधिकारी रामकेवल के अलावा प्रगतिशील किसान अपने अनुभव साझा किए।

Spotlight

Most Read

Rampur

टेक्सटाइल्स की जमीन पर फिर अवैध कब्जे

रजा टेक्सटाइल्स की जमीन पर सप्ताह भर के भीतर ही फिर से अवैध कब्जे कर लिए गए। अवैध कब्जे को लेकर पुलिस व प्रशासन से मामले की शिकायत की गई है।

20 जनवरी 2018

Related Videos

आलू किसानों पर यूपी के कृषि मंत्री का बड़ा बयान

यूपी में आलू किसानों की हालत क्या है इससे पूरा देश वाकिफ है। यूपी के अलग-अलग शहरों में सड़कों पर आलू फेंके जाने की तस्वीरें सामने आती हैं। ऐसे में यूपी के कृषि मंत्री ने ये आश्वासन दिया है कि आलू किसानों के साथ अन्याय नहीं किया जाएगा।

20 जनवरी 2018

आज का मुद्दा
View more polls
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper