आंसुओं में डूबा बिजौरिया

Lakhimpur Updated Sun, 05 Aug 2012 12:00 PM IST
एक परिवार में दो मौतों और बच्ची के लापता होने से मचा कोहराम
गमगीन माहौल में हुआ मां-बेटी का अंतिम संस्कार
पलियाकलां। शुक्रवार की शाम बिजौरिया गांव के लिए जो खबर लेकर आई वो इतनी दर्दनाक थी कि पूरा गांव आंसुओं की बारिश में डूब गया। मौत का गम एक दिन सभी को उठाना है, लेकिन यहां के मलकीत सिंह और उनके परिवार को अचानक दो मौतों का पहाड़ जैसा गम उठाना पड़ गया। मौत के मुंह में समाने वाली यह जिंदगियां उनकी पत्नी, बेटी थीं, वहीं लापता नातिन का भी अभी सुराग नहीं लगा है। मलकीत और उनके परिवार ने इन्हें मैलानी नहर में गिरी कार हादसे में खो दिया। इस पहाड़ जैसे गम में अकेले मलकीत और उनका परिवार ही नहीं रोया बल्कि गांव के हर शख्स की आंखें नम हो गईं।
मलकीत का हंसता-खेलता पूरा कुनबा था, बेटी रवींद्र कौर ससुराल से यहां आई हुई थी और करीब ढाई महीने पहले एक बेटी को जन्म दिया था। बेटी की किलकारियों से इस परिवार में खुशियों की बारिश हो रही थी कि अचानक बच्ची की तबियत खराब हो गई। बच्ची की दवा लेने के लिए बरेली जाने का इरादा किया गया और शुक्रवार को मलकीत का बेटा अपनी मां लखविंदर और बहन रवींद्र कौर के साथ भांजी को कार से लेकर बरेली निकल गया। वहां दवा लेने के बाद वह वापस भी चल दिए। यहां पूरा कुनबा उनकी वापसी के इंतजार में था, लेकिन गुरेंदर को छोड़ पत्नी, बेटी की मौत और नातिन के पानी में लापता होने की खबर उनके पास आई। खबर मिली तो सब सपने काफूर हो गए और कुनबे में कोहराम मच गया। इस हादसे से मलकीत के गम में पूरा गांव बराबर का शरीक है। गांव में सन्नाटा पसरा है और मलकीत सिंह के घर मातमी कोहराम। मलकीत का बड़ा बेटा सुखराज पंजाब से वापस आ गया है। रंजोगम के इस माहौल में जो कोई भी शामिल हो रहा है वह अपने आंसुओं को रोक पाने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहा। लखविंदर और रविंद्र कौर का अंतिम संस्कार रंज और गम के माहौल में कर दिया गया। अंत्येष्टि में बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए।
00000
हिम्मत नहीं मां, बहन की मौत से हार गया गुरेंदर
मैलानी नहर हादसे में मां-बहन को खो देने और बच्ची के लापता होने पर भी गुरेंद्र हिम्मत नहीं हारा। उसने तीनों को बचाने के लिए हर वह कोशिश की जो उस समय की जानी चाहिए थी, लेकिन मां और बहन की मौत के आगे उसकी यह हिम्मत बेकार साबित हुई और मौत दोनों को उसके पास से हमेशा के लिए छीन ले गई।
00000
मंजीत का हौसला भी गया बेकार
नहर हादसे के बाद पीछे खुटार से आ रहे मंजीत सहोता ने जब यह देखा तो वह भी आनन-फानन में सभी को बचाने के लिए नहर में कूद गए, लेकिन वह भी कुछ नहीं सके।
000000
बच्ची की तलाश में गोताखोर जुटे, नहीं मिली
नहर में लापता हुई ढाई महीने की बच्ची की तलाश में गोताखोर जुटे बताए जा रहे हैं, लेकिन अब तक उसका कोई पता नहीं चल सका है। एसओ मैलानी ने बताया कि वहा सुरक्षा कर्मियों की तैनाती की गई है और बच्ची को तलाश करने के लिए गोताखोर लगाए गए हैं।

Spotlight

Most Read

Varanasi

बिरहा प्रतियोगिता के चयन पर उठ रहे सवाल

बिरहा प्रतियोगिता के चयन पर उठ रहे सवाल

22 जनवरी 2018

Related Videos

यूपी में ‘एनकाउंटर अभियान’ के तहत एक लाख का इनामी ढेर

यूपी एसटीएफ ने एक कार्रवाई के तहत इनामी बदमाश बग्गा सिंह को ढेर किया। जानकारी के मुताबिक एसटीएफ ने कार्रवाई लखीमपुर-खीरी के पास नेपाल बॉर्डर पर की है। बात दें कि बग्गा सिंह कई मामलों में वांछित था और इसके सिर पर एक लाख रुपये का इनाम था।

18 जनवरी 2018

  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper