सर्वाधिक बाढ़ प्रभावित तहसील में नहीं प्रशासन के पास नाव

Lakhimpur Updated Wed, 27 Jun 2012 12:00 PM IST
प्रशासन से कहीं अधिक भरोसा खुद की व्यवस्था पर कर रहे पीड़ित
लखीमपुर खीरी। बाढ़-कटान की विभीषिका से जूझने के लिए भले ही प्रशासन अपनी तैयारी मुकम्मल बता रहा हो, लेकिन प्रभावित परिवारों को प्रशासन से कहीं अधिक भरोसा खुद की व्यवस्था पर है। बाढ़ के दौरान फंसे लोगों को निकालने के लिए जो नावों की व्यवस्था की गई है उनकी संख्या मात्र 26 है। इससे भी अधिक खास बात यह है कि निघासन व पलिया तहसीलों में बाढ़ का कहर सबसे अधिक रहता है, लेकिन इन तहसीलों में बाढ़ के दौरान फंसे लोगों को निकालने के लिए एक भी नाव प्रशासन के पास नहीं है। प्रशासन ने जिन्हें गोताखोर के लिए चिन्हित किया है उनकी भी संख्या महज 57 है। इससे साफ है कि हर बार की तरह इस बार भी आधी-अधूरी तैयारी के साथ जिला प्रशासन बाढ़-कटान की समस्या से निपटेगा।
पिछले साल जिले के 243 गांवों में बाढ़ की विभीषिका से तथा 83 ग्रामों में कटान से लोग परेशान हुए थे। जिले की सभी छह तहसीलों में से मोहम्मदी को छोड़ शेष पांच तहसीलों में इस बार भी बाढ़ व कटान की आशंका जताई जा रही है। प्रशासनिक आंकड़ों की बात करें तो इस बार भी पलिया तथा निघासन क्षेत्र में बाढ़ का सर्वाधिक असर रह सकता है। जिले में बहने वाली घाघरा का सर्वाधिक कहर जिले की धौरहरा तहसील में ही रहता है, जबकि शारदा पूरे जिले में नुकसान पहुंचाने के लिए जानी जाती है। धौरहरा तहसील में पिछले साल 36 गांवों की आबादी कटान से परेशान हुई थी। इसमें सर्वाधिक 21 गांवों में घाघरा तथा 15 गांवों में शारदा ने कहर बरपाया था। प्रशासनिक अधिकारी बाढ़-कटान से निपटने के बड़े-बड़े दावे कर रहे हैं, लेकिन उनकी तैयारी ऐसी है कि उस पर पीड़ितों को भरोसा नहीं है। हम नहीं इसके गवाह खुद सरकारी आंकड़े हैं। निघासन तहसील के सर्वाधिक 63 गांवों में बाढ़ का तथा 18 गांवों कटान का खतरा बना हुआ है, लेकिन इस तहसील में बाढ़ में फंसे लोगों को निकालने के लिए प्रशासन के पास एक भी नाव की व्यवस्था नहीं है, जबकि निजी नावों की संख्या 100 है। कमोवेश यही स्थिति पलिया तहसील की है। यहां भी एक भी नाव प्रशासन की खुद की नहीं है, जबकि निजी नावों की संख्या यहां 36 है।

-बाक्स-
जिले में मौजूद नावों की संख्या
तहसील नावें सरकारी नावें निजी योग
लखीमपुर 14 62 76
मोहम्मदी 00 02 02
निघासन 00 100 100
धौरहरा 12 174 186
गोला 00 09 09
पलिया 00 36 36
--------------------------------------
कुल योग 26 383 409
--------------------------------------
गोताखोर की संख्या
लखीमपुर 00
मोहम्मदी 03
निघासन 13
धौरहरा 23
गोला 01
पलिया 17
कुल 57
---
ये हैं जिले की प्रमुख नदियां
शारदा, घाघरा, कौड़ियाला, गोमती, उल्ल, कठिना, सरायन।

Spotlight

Most Read

Jharkhand

गरीबी की वजह से इस शख्स ने शुरू किया था मिट्टी खाना, अब लग गई लत

गरीबी की वजह से झारखंड के कारु पासवान ने मिट्टी खानी शुरू की थी।

19 जनवरी 2018

Related Videos

यूपी में ‘एनकाउंटर अभियान’ के तहत एक लाख का इनामी ढेर

यूपी एसटीएफ ने एक कार्रवाई के तहत इनामी बदमाश बग्गा सिंह को ढेर किया। जानकारी के मुताबिक एसटीएफ ने कार्रवाई लखीमपुर-खीरी के पास नेपाल बॉर्डर पर की है। बात दें कि बग्गा सिंह कई मामलों में वांछित था और इसके सिर पर एक लाख रुपये का इनाम था।

18 जनवरी 2018

आज का मुद्दा
View more polls
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper