कर्णधार ही कर रहे हॉकी का बंटाधार

Kanpur Updated Mon, 13 Aug 2012 12:00 PM IST
कानपुर। सैफई में 14 अगस्त से होने वाली राज्य स्तरीय हॉकी (बालक वर्ग) प्रतियोगिता में कानपुर मंडल की टीम भी हिस्सा लेगी। पर इस टीम में कौन-कौन है यह तो कानपुर जिला हॉकी संघ को भी पता नहीं। आप यह जानकर चौंक जाएंगे कि दो दिन बाद होने वाली इस प्रतियोगिता में भाग लेने वाली टीम के लिए रविवार से ट्रायल शुरू हुए हैं। सोमवार को टीम चुनी जाएगी और मंगलवार को यह प्रतिद्वंद्वियों से दो-दो हाथ करने मैदान में होगी। अब आप खुद ही अनुमान लगा लीजिए कि इस टीम का प्रतियोगिता में क्या हश्र होने वाला है।
कानपुर जिला हाकी संघ का कहना है कि खेल निदेशालय से नौ अगस्त को ही इस प्रतियोगिता की जानकारी मिली है। इसलिए मजबूरन आनन-फानन में ट्रायल कराने पड़े। 12 को जिला स्तरीय ट्रायल कराए गए और 13 को मंडल स्तरीय ट्रायल के बाद टीम चुनने की रस्म अदा हो जाएगी। एक ऐसी टीम, जिसके खिलाडि़यों में आपसी तालमेल तो दूर खिलाड़ी एक-दूसरे को नाम तक से जानते नहीं होंगे। संघ भी मानता है कि हाकी जैसे टीम गेम में खिलाडि़यों को आपसी तालमेल बनाने के लिए कम से कम 15 दिन तो मिलने ही चाहिए, पर इस टीम को तो एक दिन भी साथ में एक घंटे भी अभ्यास का मौका नहीं मिलेगा, यह पूछने पर सारा ठीकरा खेल निदेशालय पर फोड़ देता है।
ट्रायल को लेकर खिलाडि़यों में भी नाराजगी है। खिलाडि़यों ने नाम न छापने की शर्त पर कहा कि पिछले 3 वर्षों से हमलोग अपने खर्च पर प्रैक्टिस कर रहे हैं। इस दौरान न हाकी संघ ने और न ही ग्रीनपार्क संकुल ने कोई प्रतियोगिता आयोजित कराई। अब राज्य स्तरीय प्रतियोगिता की खबर आई तो हमें जानकारी दी गई। 14 अगस्त को टीम सैफई में खेलने जाएगी। न तो हमें अन्य खिलाडि़यों के बारे में जानकारी है और न ही उनकी पोजिशन पता है।


हाकी के लिए कोई विशेष सुविधा नहीं है। सिर्फ खिलाडि़यों को प्रशिक्षण के लिए गेंद उपलब्ध कराना है। वो भी तब जब खिलाडि़यों की संख्या ग्राउंड में मानक के अनुसार हो। -निशा मिश्रा, ग्रीनपार्क की क्रीड़ाधिकारी (पूर्व हॉकी खिलाड़ी)


दो टूक
कानपुर जिला हाकी संघ के सचिव राजेंद्र वर्मा

-ट्रायल 2 दिन पहले क्यों कराया?
-9 अगस्त को प्रतियोगिता की जानकारी मिली।
-ऐसे में आपकी टीम प्रतियोगिता में जीत सकेंगी?
-बिल्कुल नहीं।
-तो फिर टीम का चयन क्यों किया?
-खेल निदेशालय की प्रतियोगिता है इसलिए टीम का चयन करना पड़ा।
-इसका मतलब हाकी चयन में खानापूर्ति हो रही है?
-मैं ऐसा नहीं कह रहा हूं। खबर मिलेंगी तब ही ट्रायल कराया जाएगा।
-आखिरी बार मंडल की टीम कब विजेता हुई?
-वर्ष 2002 में इलाहाबाद में राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में बालक वर्ग की सब जूनियर में सेमीफाइनल खेले थे।
-दस साल से हाकी में क्यों नहीं जीते?
-हॉकी संघ का विवाद इसका पहला कारण है। जबकि दूसरा कारण है खिलाडि़यों का इंट्रेस्ट न लेना है।



कल से शुरू हो रही राज्यस्तरीय प्रतियोगिता के लिए आज चुनी जाएगी कानपुर मंडल की टीम

Spotlight

Related Videos

थर्ड डिग्री से डरे युवक ने पुलिस कस्टडी में पिया तेजाब

एक लूट के मामले का जब उन्नाव पुलिस खुलासा नहीं कर पाई तो उसने एक शर्मनाक कृत्य को अंजाम दिया।

23 जनवरी 2018

  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper