बेहतर अनुभव के लिए एप चुनें।
INSTALL APP

एचबीटीआई बनेगा रिसर्च हब

Kanpur Updated Mon, 11 Feb 2013 05:31 AM IST
विज्ञापन

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

ख़बर सुनें
कानपुर। एचबीटीआई अब रिसर्च और पोस्ट ग्रेजुएट (पीजी) एजूकेशन का हब बनेगा। संस्थान के 11 डिपार्टमेंट में पीएचडी और दो डिपार्टमेंट में एमटेक की पढ़ाई का खाका तैयार कर लिया गया है। शैक्षिक सत्र 2013-14 से पीएचडी, एमटेक के नए कोर्स की पढ़ाई शुरू कराई जाएगी। इसके लिए अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद (एआईसीटीई) ने मंजूरी दे दी है। यही नहीं वर्ल्ड बैंक की मदद से एमटेक के हर स्टूडेंट को प्रतिमाह 7,000 रुपये स्कॉलरशिप भी दी जाएगी। अभी तक केंद्रीय शैक्षिक संस्थानों के एमटेक स्टूडेंट्स को ही हर महीने 8,000 रुपये की स्कॉलरशिप मिलती है जबकि एचबीटीआई में ऐसा पहली बार हो रहा है।
विज्ञापन

प्रदेश में इंजीनियरिंग के अच्छे टीचर्स की कमी को देखते हुए एचबीटीआई में रिसर्च और पीजी एजूकेशन को बढ़ावा देने का फैसला किया गया है। तय हुआ है कि अगले सत्र से एमटेक इन सरफेस कोटिंग टेक्नोलॉजी (पेंट टेक्नोलॉजी) और एमटेक इन प्लास्टिक टेक्नोलॉजी की पढ़ाई कराई जाएगी। इनकी 18-18 सीटों की मान्यता शासन से मांगी गई है। निदेशक प्रो. जेएसपी राय ने उम्मीद जताई है कि जल्द शासन से नए कोर्स की मान्यता मिल जाएगी। एमटेक की सभी सीटें गौतम बुद्ध टेक्निकल यूनिवर्सिटी (जीबीटीयू) के एंट्रेंस टेस्ट से भरी जाएंगी। निदेशक ने बताया कि वर्ल्ड बैंक ने सिविल इंजीनियरिंग, केमिकल, मेकेनिकल, इलेक्ट्रिकल, इलेक्ट्रानिक्स, कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग सहित 11 डिपार्टमेंट में पीएचडी की 11 सीटों की मंजूरी दे दी है। ये सीटें भी जीबीटीयू के एंट्रेंस टेस्ट से भरी जाएंगी। पीएचडी की पढ़ाई और सुविधा-संसाधन का खर्च वर्ल्ड बैंक उठाएगा। निदेशक ने बताया कि तकनीकी संस्थानों में टीचर्स की संख्या लगातार कम हो रही है। फिर भी पीएचडी, एमटेक स्कॉलर, स्टूडेंट की संख्या नहीं बढ़ पा रही है। इस समस्या को देखते हुए एआईसीटीई ने निर्धारित से ज्यादा सीटों पर एडमिशन की मंजूरी दी है।

आपकी राय हमारे लिए महत्वपूर्ण है। खबरों को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।

खबर में दी गई जानकारी और सूचना से आप संतुष्ट हैं?
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन
Election
  • Downloads

Follow Us