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किसानों को खून के आंसू रुला रहे 38 सरकारी नलकूप

Kannauj Updated Fri, 22 Jun 2012 12:00 PM IST
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कन्नौज। जिले में बंद पड़े 38 राजकीय नलकूप ऐसे हैं जो किसानों को खून के आंसू रुला रहे हैं। जरूरत के वक्त इन नलकूपों से पानी नहीं बल्कि हवा निकल रही है। इन नलकूपों को रिबोर कराने के लिए गंभीरता से न तो विभाग कोई पहल कर रहा है और न ही जनप्रतिनिधि। इससे कई सालों से करीब 300 गांवों के हजारों किसान परेशान हैं।
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कन्नौज तहसील क्षेत्र में 19 केजे अहमदपुर रौनी, 73 केजे रामपुर मुढ़ेरी राजा, 89 केेजे गांगेमऊ, 5 केजे फरिकापुर, 100 व 99 केजे कुसुमखोर, 103 केजे सराय मारूफ 104 केजे लालपुर, 98 केजे कुसुमखोर, 97 केजे अकबरपुर, 75 केजे जलालाबाद, 50 केजे गंगधरापुर, 115 केजे सौंसरापुर, 51 केजे तेरामल्लू, 38 केजे जेवां, 87 केजे सियरमऊ राजकीय नलकूप वर्षों से फेल पड़े हैं।
इसी तरह छिबरामऊ क्षेत्र में 49 सीएचजी मुंडाला, 24 सीएचजी अमोलर, 94 सीएचजी पनगवां, 52 सीएचजी तालग्राम, 74 सीएचजी तिलकसराय, 87 सीएचजी बबरामकदूमपुर, 21 सीएचजी गुरसहायगंज, 77 सीएचजी तमियामऊ, 63 सीएचजी मवई, 25 सीएचजी धिगपुर, 7 सीएचजी करमुल्लापुर, 133 सीएचजी पंथरा, 152 सीएचजी डडौनी, 37 सीएचजी हाथिन, 18 सीएचजी इस्माइलपुर, 16 सीएचजी समधन, 15 सीएचजी रजलामऊ, 34 सीएचजी मलिकापुर, 40 सीएचजी कमालपुर, 68 सीएचजी गोविंदपुर, 64 सीएचजी तेरारब्बू, 10 सीएचजी जगयिापुर फेल पड़े हैं। फेल पड़े हर नलकूप की क्षमता 1.5 क्यूसेक की हैैै।

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