बीयू : यूजीसी ने दिए 1.40 करोड़ रुपये

Jhansi Updated Wed, 24 Oct 2012 12:00 PM IST
झांसी। विश्वविद्यालय अनुदान आयोग ने बुंदेलखंड विश्वविद्यालय को परिसर के विकास के लिए एक करोड़ 40 लाख 63 हजार रुपये दिए हैं। इससे किताबों व उपकरण की खरीद, भवन निर्माण एवं एससीएसटी वर्ग के लिए कोचिंग चलाई जाएगी। मदों में खर्च का अनुपात तय करने के लिए कमेटी का गठन कर दिया गया है।
विश्वविद्यालय अनुदान आयोग ने 12 वीं पंचवर्षीय योजना के तहत बुंदेलखंड विश्वविद्यालय को परिसर के विकास के लिए 1 करोड़ 40 लाख 63 हजार रुपये अवमुक्त कर दिए। यह धनराशि केंद्रीय व शैक्षणिक विभागों के पुस्तकालयों में आधुनिक संस्करण की किताबों, नियमित पत्र-पत्रिकाओं एवं ई - जर्नल्स की खरीद पर खर्च की जाएगी। साथ ही प्रयोगशालाओं के लिए उपकरण व केमिकल्स की खरीद भी होनी है। परिसर के अंदर नए शैक्षणिक विभागों के लिए भवन निर्माण, पुराने भवनों की मरम्मत एवं उनके रखरखाव के लिए आर्थिक सहायता का प्रयोग किया जाएगा। इसके अलावा अनुसूचित जाति व अनुसूचित जनजाति वर्ग के लिए नेट, आईएएस, पीसीएस व दूसरी प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए कोचिंग संचालन के वास्ते भी यह धनराशि खर्च करनी है। सभी मदों में धनराशि खर्च का अनुपात तय करने के लिए कुलपति प्रो. सुरेश वीर सिंह राणा की अध्यक्षता में एक कमेटी का गठन किया गया है। कमेटी में वित्त अधिकारी, कुलसचिव, प्रति कुलपति सहित सभी संकायों के डीन व विभागों के हेड शामिल हैं। दशहरा के बाद कमेटी की बैठक होगी, जिसमें आर्थिक सहायता को खर्च करने के लिए उप कमेटियों का गठन किया जाएगा। यूजीसी के नोडल इंचार्ज प्रो. ए के सक्सेना का कहना है कि यूजीसी की आर्थिक सहायता राशि मात्र पच्चीस प्रतिशत है, अभी कुल राशि मिलनी बाकी है।


यूजीसी से करोड़ों रुपये मांगे
झांसी। बुंदेलखंड विश्वविद्यालय ने यूजीसी से 12 पंचवर्षीय योजना के लिए करोड़ों रुपये मांगे हैं।
इस बार यूजीसी के निर्देश पर अप्रैल माह में आनलाइन प्रस्ताव बनाकर भेजा गया था। प्रस्ताव 5 प्रारूपों में तैयार किया गया था। पहला प्रस्ताव 12 करोड़, दूसरा 25, तीसरा 37 करोड़, चौथा 55 करोड़ व पांचवां 75 करोड़ रुपये का है। इसमें विश्वविद्यालय के विकास के लिए भवन, पुस्तकालय, प्रयोगशाला, एसएफएस विभागों को नियमित करने का प्रस्ताव, किताबें, सेमिनार, एससी/एसटी कोचिंग आदि मदों में खर्च करने की योजना है।

पिछली बार मिला 5.62 करोड़ रुपये
झांसी। सन 2002 में बुंदेलखंड विश्वविद्यालय ने यूजीसी की धारा - 12 बी में पंजीकरण का आवेदन किया। इसी साल कुछ मानकों को पूरा करने के बाद पंजीकरण हो गया, तभी से परिसर के विकास के लिए यूजीसी आर्थिक सहायता प्रदान कर रही है। यूजीसी विश्वविद्यालय को अगले पांच सालों के लिए अनुदान देती है। 10 पंचवर्षीय योजना में करीब 2.10 करोड़ रुपये एवं 11 पंचवर्षीय योजना में 5.62 करोड़ रुपये मिल चुके हैं। मालूम हो कि यूजीसी जब तक नए प्रस्ताव को पास नहीं करती है, तब तक काम चलाने के लिए पिछले बजट को आधार मान कर नई किस्त जारी करती रहती है। इसलिए, 12 पंचवर्षीय योजना में मिली पहली किस्त 11 पंचवर्षीय योजना की कुल राशि यानी 5.62 करोड़ रुपये का 25 प्रतिशत है।

Spotlight

Most Read

Kanpur

बाइकवालाें काे भी देना हाेगा टोल टैक्स, सरकार वसूलेगी 285 रुपये

अगर अाप बाइक पर बैठकर आगरा - लखनऊ एक्सप्रेस वे पर फर्राटा भरने की साेच रहे हैं ताे सरकार ने अापकी जेब काे भारी चपत लगाने की तैयारी कर ली है। आगरा - लखनऊ एक्सप्रेस वे पर चलने के लिए सभी वाहनों को टोल टैक्स अदा करना होगा।

17 जनवरी 2018

Related Videos

VIDEO: यूपी के इस टोल प्लाजा पर MLA के रिश्तेदार का तांडव!

यूपी में टोल प्लाजा पर मारपीट की घटना कोई नई बात नहीं है। झांसी में टोल टैक्स मांगने पर खुद को विधायक का रिश्तेदार बताया और टोल कर्मियों की पिटाई कर दी। हालांकि ये साफ नहीं है कि ये कौन लोग हैं।

4 जनवरी 2018

  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper