पार्टी को किनारे लगा कर दिया नामांकन

Jaunpur Updated Wed, 13 Jun 2012 12:00 PM IST
ख़बर सुनें
जौनपुर। नगर निकाय चुनाव में सभी दलों में बगावत के सुर उभरकर सामने आए हैं। टिकट के दावेदार घर बैठने के मूड में नहीं है। दलों ने प्रत्याशी नहीं बनाया तो कहीं लोग निर्दल कूद गए तो कहीं दूसरे दलों के साथ हो गए। कई नगर पंचायतों और नगर पालिका में टिकट के दावेदारों ने पार्टी व्हिप को दरकिनार कर नामांकन कर दिया है। इस चुनाव में सक्रिय तौर पर कांग्रेस और भाजपा ही मैदान में है, इस नाते चुनाव लड़ने वालों की संख्या भी इन्हीं दलों में ज्यादा है। सभी जगहों पर पार्टी व्हिप को दरकिनार कर नामांकन करा दिए गए हैं। शाहगंज, मडि़याहूं, जौनपुर, मछलीशहर, मुंगराबादशाहपुर, केराकत में दलीय निष्ठा को दरनिकार कर नामांकन किए गए है। असंतुष्टों को मनाने की कोशिश की जा रही है।
नगरीय इलाके के चुनाव होने के नाते भाजपा के टिकट पर ज्यादा दबाव रहा। भाजपा ने भी कई दौर की बैठक और कार्यकर्ताओं से चर्चा के बाद ही ठोक बजाकर टिकट जारी किया। मुंगराबादशाहपुर में भाजपा से टिकट मांग रहे राजीव केशरी जदयू से नामांकन कर चुके हैं तो राजीव गुप्ता ने नामांकन किया है। यहां भाजपा ने घनश्याम दास गुप्ता को मैदान में उतारा है। सपा नेता रहे पशुपति नाथ ने अपना दल का साथ पकड़ लिया। सपा नेता रियाज अहमद और कपिल मुनि ने भी नामांकन किया है। भाजपा की ही सरोज लता वर्मा भी बागी हो गई। कांग्रेस में भी टकराहट हो गई है। पहले राधेश्याम गुप्ता मल्लू को टिकट जारी किया गया और बाद में ब्रजेश गुप्ता को टिकट जारी किया गया। जांच के दौरान आरओ ने ब्रजेश गुप्ता का सिंबल नहीं माना। लिहाजा ब्रजेश गुप्ता निर्दल हो गए। ब्रजेश भी चुनाव से हटने के मूड में नहीं हैं। गुलाब मौर्या भी निर्दल चुनाव लड़ रहे हैं।
मडि़याहूं में अपनी पत्नी के लिए भाजपा से टिकट मांग रहे पूर्व नगर अध्यक्ष डा. परमजीत सिंह ने भी बगावत कर दी है। पत्नी राजिन्दर कौर को भाजपा उम्मीदवार के खिलाफ मैदान में उतार दिया है। पूर्व नगर पंचायत अध्यक्ष लालजी सेठ भी डा. परमजीत का समर्थन कर रहे हैं। शाहगंज में भाजपा से टिकट मांग रहे अनिल मोदनवाल भी निर्दल मैदान में उतर चुके हैं। बसपा समर्थित अनिल मोदनवाल के खिलाफ बसपा के ही आजम कुरैशी और मनोनीत सभासद रहे साबिर अली ने नामांकन कर दिया है। जौनपुर नगर पालिका में कांग्रेस ने आदर्श सेठ को चेयरमैन पद के लिए उतारा तो टिकट मांग रही महिला कांग्रेस अध्यक्ष डा. चित्रलेखा सिंह ने निर्दल नामांकन कर दिया है। अब डा. चित्रलेखा को समझाने की कोशिशें की जा रही हैं। बसपा समर्थित निवर्तमान पालिकाध्यक्ष दिनेश टंडन के खिलाफ विधानसभा प्रत्याशी रहे तेज बहादुर मौर्य ने अपनी पत्नी को मैदान में उतारा है। भाजपा से कायस्थ समाज को टिकट नहीं मिलने से नाराज कायस्थ महासभा और कायस्थ कल्याण समिति ने पूर्व नगर पालिकाध्यक्ष संध्यारानी को चुनाव मैदान में उतार दिया है। नाम वापसी के बाद पता चलेगा कि कौन मैदान में रहता है और कौन घर बैठ जाता है।

जफराबाद में भाजपा को नहीं मिला प्रत्याशी
जफराबाद। स्थानीय नगर पंचायत में भाजपा ने जैसे कांग्रेस को वाक ओवर दे दिया। खांटी भाजपाई पार्टी सिंबल पर चुनाव लड़ने को तैयार नहीं है। कई कोशिशों के बावजूद जब कोई चुनाव लड़ने को तैयार नहीं हुआ तो भाजपा ने यहां से किसी को प्रत्याशी ही घोषित नहीं किया। एक और बात है। कोई ऐसा दल नहीं है जिसने सभी वार्डों के लिए प्रत्याशी उतारे हों।
पिछले चुनाव में भाजपा के अशोक श्रीवास्तव चेयरमैन पद के लिए हुए चुनाव में दूसरे स्थान पर थे। इस बार अशोक श्रीवास्तव निर्दल चुनाव लड़ रहे हैं। अशोक के समर्थकों की दलील है कि भाजपा से होने के नाते नुकसान हो रहा है। भाजपा के सिंबल पर मुसलिम वोट नहीं मिल पाता। लिहाजा चुनाव की राह मुश्किल हो जाती है। इसके पहले भाजपा के टिकट पर तीसरे नंबर पर रहे विजय बरनवाल इस बार अपनी भयेहू रेखा बरनवाल को निर्दल चुनाव लड़ा रहे है। भाजपा ने विजय का भी मन टटोला था लेकिन भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़ने को तैयार नहीं हुए। विजय के लोगो का भी यही कहना है कि पार्टी से होने के नाते नुकसान हो जाता है। नतीजतन मनोरमा श्रीवास्तव लगातार चुनाव जीत रही है। निवर्तमान चेयरमैन मनोरमा श्रीवास्तव लगातार तीसरी बार चुनाव लड़ रही हैं। दो बार वह लगातार अध्यक्ष रह चुकी हैं।

Recommended

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

Spotlight

Most Read

Shamli

प्रबंधक जिला महासभा के अध्यक्ष बने संजय संगल

प्रबंधक जिला महासभा के अध्यक्ष बने संजय संगल

19 अगस्त 2018

Related Videos

VIDEO: पैतृक गांव पहुंचा मुन्ना बजरंगी का शव, परिवार में मचा कोहराम

मुन्ना बजरंगी का शव जौनपुर में उसके पैतृक गांव पुरेदयाल पहुंच गया है। मुन्ना का शव उसके घर पहुंचते ही बड़ी तादाद में लोग उसके घर पर जमा होने लगे हैं। गांव में स्थिति न बिगड़े इसके मद्देनजर सुरक्षा के पुख्ता बंदोबस्त किए गए हैं।

10 जुलाई 2018

आज का मुद्दा
View more polls

Disclaimer

अपनी वेबसाइट पर हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर अनुभव प्रदान कर सकें, वेबसाइट के ट्रैफिक का विश्लेषण कर सकें, कॉन्टेंट व्यक्तिगत तरीके से पेश कर सकें और हमारे पार्टनर्स, जैसे की Google, और सोशल मीडिया साइट्स, जैसे की Facebook, के साथ लक्षित विज्ञापन पेश करने के लिए उपयोग कर सकें। साथ ही, अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।

Agree