एक टंकी से 37 हजार के तर हो रहे ‘गले’

Hardoi Updated Sat, 02 Jun 2012 12:00 PM IST
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मल्लावां (हरदोई)। आजादी के बाद क्षेत्र के विकास का दावा करने वाले जनता के सेवक आबादी के अनुरूप नगर की जनता को पेयजल भी मुहैया नहीं करा सके। आलम यह है कि 37 हजार की आबादी के बीच पालिका की एक टंकी बनी हुई है, जिससे 250 के सापेक्ष 1 हजार कनेक्शन आवंटित कर दिए गए। अब कई मोहल्लोें में वर्षों से पानी नहीं पहुंच रहा। इस टंकी को भरने को लगे तीन ट्यूबवेलों मेें एक ट्यूबवेल अर्से से खराब हैं, जिसकी मरम्मत कराने की जहमत भी नहीं उठाई गई। इतना हीं नहीं कई मोहल्ले ऐसे हैं, जिनमें अब तक पेयजल लाइन भी नहीं डाली गई। इनमें पूर्व पालिकाध्यक्ष का मोहल्ला गोवर्धनपुर भी शामिल है। पालिका क्षेत्र की जनता को हर बार विकास के सपने दिखाकर छला जाता रहा। वर्तमान में नगर में करीब 37 हजार की आबादी है। इसके पेयजल के लिए 200 किलोलीटर की एक मात्र टंकी स्थापित की गई। इस टंकी की क्षमता 250 कनेक्शन की है, जबकि 1 हजार कनेक्शन उपभोक्ताओं को दिए गए हैं। टंकी को भरने को तीन ट्यूबवेल हैं, जिनमें 1 ट्यूबवेल खराब पड़ा है।
ऐेसे में बिजली समय पर न मिलने से टंकी को भरना दूभर हो रहा है। इधर, नगर में 721 हैंडपंप लगे हैं, जिनमेें करीब 25 फीसदी हैंडपंप खराब हैं। मोहल्ला छत्ताटोला, पपनिया, फत्तेगंज, मोहद्दीनपुर, मिर्जापुर, गंगारामपुर, नसरतनगर आदि मोहल्लों में पेयजल लाइन भी नहीं पड़ी। जिन मोहल्लों में पेयजल लाइन पड़ी है, वह जर्जर हो गई, जिससे लोगों के घरों में पालिका का पानी नहीं पहुंच रहा। इधर, गर्मी में कई मोहल्लों में गंदा पानी आने की भी शिकायतें मिल रही है। हर बार चुनाव में विकास के वादे किए जा रहे, पर बाद में जनता के सेवक इलाके में मुड़कर नहीं देखते, जिससे आज भी नगर में पेयजल की समस्या गंभीर बनी हुई है।
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बोले, अधिशासी अधिकारी
‘पालिका ईओ बीएन तिवारी ने बताया कि क्षमता से चार गुने ज्यादा कनेक्शन होने से पानी का प्रेसर कम हो जाता, जिससे ऊंचे मोहल्लोें में नहीं पहुंचता। हाईवे का निर्माण होेने से पाठक मार्केट से पूर्व सभासद खालिद की दुकान तक वाटर लाइन लीक हो गई, पर बदलना संभव नहीं हो रहा है। सड़क निर्माण के समय नई लाइन डालने को जलनिगम को पैसा दिया गया था, पर आज तक नहीं बदली गई। खराब हैंडपंप की शिकायत पर उन्हें ठीक कराया जा रहा है। 10 हैंडपंप रिबोर होने को पैसा जल निगम को दिया जा चुका है।’

कनेक्शन, फिर भी नलों से नहीं टपकता पानी
मल्लावां। पेयजल व्यवस्था से लोग आजिज आ गए है। श्यामपुर के मुकेश मिश्रा ने कहा कि वर्षों से नल में पानी न आने से कनेक्शन कटवा दिया। अब निजी हैंडपंप से पानी ले रहे है। गंगारामपुर उत्तरी के फरीद खान ने कहा कि उनका मोहल्ला ऊंचाई पर है, जिससे पानी की सप्लाई उनके मोहल्लों तक नहीं आती। बंदीपुर के आकिब ने कहा कि पालिका का पानी 24 घंटे मेें एक बार छोड़ा जाता है, जिसका कोई समय निश्चित नहीं है। दरगाह के नदीम मियां ने कहा कि दादे मियां की मजार होने के बाद मोहल्ले में वाटर लाइन नहीं डाली गई। प्रतिवर्ष उर्स मेले में पेयजल को कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। केबीलाल अगिभनहोत्री ने बताया कि मिर्जापुर में एक टंकी निर्माण का प्रस्ताव किया गया था, जो ठंडे बस्तेे में चला गया। नावेद ने बताया कि नगर में पेयजल की समस्या गंभीर है।

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