‘किसी भी कीमत पर नहीं देंगे जमीन

Hapur Updated Mon, 01 Dec 2014 05:30 AM IST
ख़बर सुनें
हापुड़। मेरठ रोड पर आवास एवं विकास परिषद की आवासीय योजना के लिए असौड़ा के किसान किसी कीमत पर भूमि देने को तैयार नहीं है। रविवार को गांव असौड़ा में आयोजित पंचायत में किसानों ने सरकार और प्रशासन से आरपार की लड़ाई का ऐलान किया है।
गौरतलब है कि आवास एवं विकास परिषद की योजना संख्या-3 असौड़ा गांव के किसानों की जमीन पर प्रस्तावित है। इसी योजना के संबंध में मंडोला विहार के अधिशासी अभियंता राजीव कुमार ने गाजियाबाद/हापुड़ के अपर जिलाधिकारी (भू.अर्जन) को पत्र लिख जानकारी दी थी कि तहसील और आवास विकास परिषद की संयुक्त टीम ने सभी 53 खसरा नंबरों की जांच कर अवार्ड घोषित कर दिया है। रविवार को इसी मामले को लेकर गांव असौड़ा में किसानों ने पंचायत बुलाई थी। किसान नेता मतीश त्यागी ने कहा कि सरकार और प्रशासन किसानों से जबरन जमीन लेने का प्रयास कर रहा है। असौड़ा के किसानों की जमीन पर पहले ही कई कालोनियां बसायी जा चुकी है। अब अब किसानों के पास खाने के लिए ही जमीन बची है। इस जमीन को भी प्रशासन अधिग्रहीत करने के फेर में है। भाजपा किसान मोर्चा के प्रदेश मंत्री राकेश त्यागी ने भी अपने विचार रखे। इस अवसर पर शानू लोधी, सोनी पहलवान, राजेंद्र सिंह, आनंद प्रधान, राजेंद्र चौधरी, निरंजन सिंह, अरूण, ललित त्यागी, अशोक त्यागी, वीरेंद्र, सुरेंद्र, अनिल, अजय, जगदीश आदि रहे।

80.49 एकड़ भूमि पर प्रस्तावित है योजना
असौड़ा के किसानों ने बताया कि आवास विकास योजना तीन मध्य गंग नहर के पीछे 53 किसानों की 80.49 एकड़ भूमि पर प्रस्तावित है। इस भूमि को सरकार अधिग्रहीत कर लेती है तो किसान भूखमरी के कगार पर पहुंच जाएंगे।

दस साल बाद जागे अफसर, सीधे एक्शन की तैयारी
हापुड़। आवास एवं विकास परिषद की आवासीय योजना-3 के मौजूदा हालत के लिए अधिकारी जिम्मेदार हैं। लगभग एक दशक पहले योजना स्थल पर बोर्ड लगाए गए लेकिन उसके बाद किसानों से वार्ता के लिए सिर्फ एक बार नोटिस भेज खानापूरी की। दरअसल परिषद ने मेरठ रोड पर ही मध्य गंग नहर कालोनी के पीछे करीब एक दशक पहले तीसरी आवासीय योजना विकसित करने की घोषणा की थी। सर्वे के बाद भूमि चिह्नित की गई।इसके बाद अफसरों ने भूमि अधिग्रहण के लिए कोई प्रयास नहीं किए। नतीजा यह हुआ कि बोर्ड उखड़ गया और प्रस्तावित भूमि के एक चौथाई भाग पर मकान बनते गए। आरोप है कि इस दौरान एचपीडीए की टीम वहां जाती और बनते मकान के मालिक को नोटिस भेजकर या फिर सिर्फ जेब गर्म कर मामला निपटा देते। चार साल पहले आवासीय योजना की चर्चा तेज हुई तो जिन लोगों ने मकान बनाए थे उन्होंने एसोसिएशन बनाकर धरना प्रदर्शन करना शुरू कर दिया। हालांकि आवास एवं विकास परिषद खण्ड 10 के अधिशासी अभियन्ता राजीव कुमार का कहना है कि देरी का मुख्य कारण भू अर्जन का विरोध बताया जा रहा है।

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

Spotlight

Most Read

Delhi NCR

एयरपोर्ट पर महिला अरेस्ट, शरीर के अंदर छुपाकर ले जा रही थी कोकीन के 106 कैप्सूल

930 ग्राम शुद्ध दक्षिण अमेरिकी कोकीन के साथ महिला अरेस्ट हुई है।

20 मई 2018

Related Videos

नाबालिग बेटी के साथ हुई हैवानियत तो मां ने लगाई सीएम योगी से ये गुहार

हापुड़ में एक मां ने अपनी नाबालिग बच्ची के साथ हुए दुष्कर्म की वारदात के बाद सीएम योगी आदित्यनाथ से इंसाफ की गुहार लगाई है।

29 अप्रैल 2018

आज का मुद्दा
View more polls

अमर उजाला ऐप चुनें

सबसे तेज अनुभव के लिए

क्लिक करें Add to Home Screen