दगा दे रहा सावन गर्मी ने रुलाया

Hapur Updated Wed, 18 Jul 2012 12:00 PM IST
विज्ञापन

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

*Yearly subscription for just ₹249 + Free Coupon worth ₹200

ख़बर सुनें
हापुड़/गढ़मुक्तेश्वर। सावन का महीना भी दगा दे रहा है। रोज बादल आते हैं और बिना बरसे चले जाते हैं। गढ़ के कई इलाके ऐसे हैं जहां बारिश की एक बूंद भी नहीं पड़ी। सोमवार को उमस भरी गर्मी रही तो जलाभिषेक के दिन मंगलवार को तपते सूरज ने जीना दुश्वार कर दिया। बारिश न होने से फसलें सूखने की कगार पर हैं।
विज्ञापन

आधा सावन बीत गया है और आज बुधवार को अमावस्या हो जाएगी। आमतौर पर 15 जून के बाद मानसूनी बारिश शुरू हो जाती है और किसान धान की रोपाई शुरू कर देते हैं। पर इस बार 15 जुलाई बीतने के बाद भी बारिश नहीं पड़ी। इसके चलते किसानों खासे मायूस हैं। दरअसल थोड़ी बारिश पर कई किसानों ने धान की रोपाई कर दी लेकिन अब बरसात नहीं होने से पौध सूखने लगी है। धान की रोपाई के बाद कम से कम दो तीन पानी खेत में भरा रहना आवश्यक होता है। लेकिन बिजली की सप्लाई बहुत कम होने और उसमें भी ट्रिप अधिक होने से सिंचाई भी नहीं हो पा रही है। किसान नेता शिव कुमार त्यागी, धन प्रकाश शास्त्री, मगन प्रकाश त्यागी, नरेन्द्र सहवाग ने प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव का पत्र भेजा है। उनकी मांग है कि इस क्षेत्र को सूखाग्रस्त घोषित कर किसानों को प्रतिदिन कम से कम 16 घंटे बिजली दी जानी चाहिए।
30 वर्ष का रिकार्ड टूटा
गढ़मुुक्तेश्वर। 30 वर्ष से कांवड़ ला रहे भक्तों की माने तो पहली बार रास्ते में बारिश नहीं मिली। विनोद शर्मा का कहना है कि बारिश न होने से कांवड़ यात्रा कठिन हो गई। बुलंदशहर के रामुकमार ने बताया कि 35 वर्ष से कांवड़ ला रहे हैं। 30 वर्ष में पहली बार बारिश नहीं हुई।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Election
X

प्रिय पाठक

कृपया अमर उजाला प्लस के अनुभव को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।
  • Downloads

Follow Us