सांस्कृतिक समागम में लोक संस्कृतियों की दिखी अद्भुत छवि

Gorakhpur Updated Sat, 26 Oct 2013 05:39 AM IST
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गोरखपुर। सैयद मोदी रेलवे स्टेडियम में चल रहे राष्ट्रीय एकता शिविर के तीसरे दिन शुक्रवार को कैंप फायर में देश की विविधता में एकता की तस्वीर देखने को मिली। एक के बाद एक राज्यों के प्रतिनिधियों की पारंपरिक प्रस्तुतियों को लोगों ने खूब सराहा। इससे पूर्व 11 राज्यों द्वारा प्रस्तुत झांकियों में परंपरा और रीति-रिवाज का अद्भुत दृश्य दिखा।
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कैंप फायर की शुरुआत अरुणाचल प्रदेश के प्रतिभागियों के शानदार प्रदर्शन के साथ हुई। अभी लोग पूर्वोत्तर भारत की इस संस्कृति में खोए ही थे कि असोम के बच्चों ने लोकनृत्य प्रस्तुत कर माहौल को और खुशनुमा बना दिया। उसके बाद आई बिहार के लोकगीत की बारी तो वहां के बच्चों ने स्वर्ग से सुंदर मिथिलाधाम सुनाया। जिसे सबने सराहा। छत्तीसगढ़ की हाय डारा लोर गे हे न, हरियाणा के लोकनृत्य बैरा ना कद आवगी वा, जम्मू कश्मीर के जम्मू कोला बद कश्मीर प्यारा की प्रस्तुति भी सराही गई। झारखंड द्वारा संथाली डांस छिमिक तराम तराम और कर्नाटक के कलाकारों द्वारा लोकनृत्य काेंडा नाडू का प्रदर्शन भी लोगों को खूब भाया। उसके बाद शुरू हुआ देश भक्ति गीतों का दौर। मध्यप्रदेश के बच्चों ने जहां डाल डाल पर सोने की चिड़िया तथा महाराष्ट्र ने शिवाजी राजे हारे महाराष्ट्र स्थापना प्रस्तुत कर माहौल में देशभक्ति का रंग घोल दिया। नवोदय विद्यालय के प्रतिभागियों ने दहेज प्रथा, एनएफ रेलवे ने चल गोरी ले जाबो तोके मोर गांव, पुडुचेरी, पंजाब, राजस्थान, सिक्किम ने भी अपने लोक संस्कृति की बेहतरीन प्रस्तुति की। दक्षिण मध्य रेलवे द्वारा कैंप फायर मराठी डांस कोमाडी प्याली, उत्तर प्रदेश द्वारा लोकनृत्य रैन अंधेरिया में, पश्चिम बंगाल द्वारा फिजिकल डिस्प्ले बेहतर रहा। अंत में पूर्वोत्तर रेलवे द्वारा कजरी कइसे खेले जइबे सावन में कजरिया की प्रस्तुति से कैंप फायर का शानदार समापन हुआ। इससे पूर्व सुबह 9 बजे राज्य की झांकी प्रतियोगिता में 11 राज्यों ने प्रतिनिधित्व किया। जिसमें प्रतिभागियों ने अपने-अपने महोत्सव, वेशभूषा, पोस्टर, रीति रिवाज, त्योहार, ऐतिहासिक, पौराणिक महत्व को पोस्टर, बैनर, नाट्य मंचन व कथाओं के माध्यम से दर्शाया। इस दौरान एसपी मिश्र, आलोक श्रीवास्तव, दीप भार्मा, सुखदेव सिंह, अमरनाथ उपाध्याय, रंजीत भार्मा, अभय श्रीवास्तव, अरविंद चंद, भोले श्रीवास्तव, विजय मिश्र, जाहिद अली, मुस्ताक अली, अनुज रंजन आदि मौजूद रहे।
क्विज में पूर्वोत्तर रेलवे को पहला स्थान
शुक्रवार को पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत दो बजकर 30 मिनट पर क्विज प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। जिसमें 22 राज्यों के दो स्काउट और दो गाइड्स ने भाग लिया। प्रतियोगिता में स्काउट्स/गाइड्स से जुड़े सवाल पूछे गए। बेहतर जवाब देने के लिए पूर्वोत्तर रेलवे तथा दक्षिण मध्य रेलवे को पहला स्थान मिला। जबकि एनएफ रेलवे दूसरे और असम राज्य तीसरे स्थान पर रहा।
पारिवारिक हों टेलीविजन के कार्यक्रम
शिविर में युवाओं पर टेलीविजन का प्रभाव और दुष्प्रभाव विषय पर वार्ता हुई। जिसमें सभी राज्यों के प्रतिनिधियों ने इस विषय पर अपना पक्ष रखा। बातचीत में आज के युग में टेलीविजन को प्रतिभागियों ने महत्वपूर्ण बताया लेकिन कार्यक्रमों को पारिवारिक बनाने की सलाह दी। प्रतिभागियों ने एक स्वर से कहा कि बहुत से कार्यक्रम ऐसे हैं, जो परिवार के साथ नहीं देखे जा सकते, उन्हें तत्काल प्रभाव से बंद कर दिया जाना चाहिए।
आज के कार्यक्रम
सुबह 9.00 बजे :राज्य की झांकी
दोपहर 2.30 बजे : हस्तकला
शाम 6.0 बजे : विवाह संस्कारों का आयोजन
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