पुलिस की लापरवाही, रिपोर्ट टेम्पो वाले पर

Gorakhpur Updated Mon, 15 Oct 2012 12:00 PM IST
गोरखपुर। तीन दिन पहले सड़क हादसे में घायल होने के बाद से लापता एक शख्स की लाश इतवार को खेत से मिली है। शुक्रवार को कैंपियरगंज में घायल हुए वीरेंद्र चौरसिया को पुलिस ने टेम्पो में लादकर ड्राइवर से सदर अस्पताल पहुंचा देने को कहा था। वीरेंद्र की लाश मिलने के बाद अपनी लापरवाही पर पर्दा डालने के लिए पुलिस ने टेम्पो के ड्राइवर के खिलाफ ही मुकदमा दर्ज कर लिया।
आनंदनगर शनिचरहिया गांव के रहने वाले 28 वर्षीय वीरेंद्र चौरसिया मुंबई में मजदूरी करते थे और एक रोज पहले ही गांव लौटे थे। शुक्रवार को बाइक से घर जाते हुए कैंपियरगंज में वह सामने से आ रही बाइक से टकरा गए। इस हादसे में वीरेंद्र और दूसरी बाइक पर बैठे पीपीगंज के असगर और अख्तर घायल हो गए। दुर्घटना की खबर पाकर कैंपियरगंज थाने की पुलिस मौके पर पहुंची और तीनों घायलों को एक टेंपो में लादकर ड्राइवर से उन्हें जिला अस्पताल ले जाने को कहा। ड्राइवर के आनाकानी करने पर उसे हड़काया भी। टेम्पो वाला तीनों घायलों को लेकर कैंपियरगंज से जिला अस्पताल को रवाना हुआ तो पीपीगंज में असगर और अख्तर के घर वाले एक पार्षद के वाहन के साथ मिले और उन्होंने अख्तर और असगर को टेम्पो से उतार कर वाहन में बिठा लिया। यहां टेम्पो चालक ने वीरेंद्र को भी साथ ले जा कर इलाज कराने को कहा। वहां मौजूद पुलिस वालों ने भी चालक की बात दोहराई पर अख्तर और असगर के परिवार वालंों ने एक न सुनी और चलते बने। तब चालक ने वहां मौजूद पीपीगंज थाने के पुलिस वालों से वीरेंद्र के साथ चलने को कहा तो उन्होंने भी मना कर दिया। चालक के यह कहने पर कि वह अकेले वीरेंद्र को नहीं ले जाएगा, पीपीगंज पुलिस ने उसे धमका कर अस्पताल जाने का निर्देश दिया। वीरेंद्र के घायल होने का पता चलने पर उनके घरवाले गोरखपुर पहुंचे, लेकिन किसी अस्पताल में उनका पता नहीं चला।
कैंपियरगंज प्रतिनिधि के अनुसार तीन दिन बाद घरवालों ने टेम्पो के ड्राइवर राम मिलन को ढूंढ निकाला। उन्होंने इसकी जानकारी पुलिस को दी। पूछताछ में टेम्पो वाले ने पुलिस को बताया कि नयनसर मोड़ पर वीरेंद्र ने उसे उतारने को कहा था तो उसेे वहीं उतार दिया था। कैंपियरगंज पुलिस उसे साथ लेकर नयनसर पहुंची तो झाड़ियों के पास एक खेत से वीरेंद्र की लाश मिली। वीरेंद्र के पिता जगदीश की तहरीर पर पुलिस ने दोनों घायलों, टेम्पो चालक राम मिलन और उसके भाई के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।
वीरेंद्र के घर वालों का आरोप है कि बेटे की मौत के लिए पुलिस ने टेम्पो ड्राइवर और दूसरे घायलों को आरोपी बना दिया है। लेकिन इस पूरे मामले के लिए जिम्मेदार उन पुलिस वालों के खिलाफ कोई मुकदमा दर्ज नहीं किया, जिनकी लापरवाही से यह हादसा हुआ। ड्यूटी पर तैनात सिपाही अगर घायल के साथ गए होते तो शायद उनके बेटे की जिंदगी बच जाती। उन्होंने दोषी पुलिस वालों के खिलाफ भी कार्रवाई की मांग की है।

सिपाहियों को सजा मिलेगी: एसएसपी
* सवाल - पुलिस किसी घायल को टेम्पो वाले के हवाले छोड़कर अपने दायित्व से मुक्त कैसे हो सकती है?
* एसएसपी का जवाब - दुर्घटना का मुकदमा दर्ज होने के बाद मजरूबी चिट्ठी बनाकर घायल को अस्पताल पहुंचाना पुलिस का दायित्व है। स्थिति गंभीर होने पर बगैर मुकदमा दर्ज हुए भी चिट्ठी बनाकर उसे अस्पताल ले जाया जा सकता है। कोई सिपाही थाने को सूचना दिए बगैर अपनी ड्यूटी छोड़कर घायल को लेकर भी कहीं नहीं जा सकता है। मौके पर जैसी जरूरत हो, उसे सुविधा मुहैया करा सकता है। हां, नैतिकता के आधार पर तो पुलिस को घायल की मदद करनी ही चाहिए।
* सवाल - इस मामले में सिपाहियों की भूमिका पर क्या कहेंगे ?
एसएसपी - प्रथमदृष्टया सिपाहियों ने कई स्तर पर लापरवाही की है। अगर वह मौके पर थे तो उन्हें तत्काल थाने को खबर करनी चाहिए थी। उन्हें नजदीक के किसी अस्पताल में दिखाना चाहिए था। घायल को किसी भी टेम्पो वाले के हवाले करके अपना पल्ला झाड़ना गंभीर अपराध है। आरोपी सिपाहियों को सजा जरूर मिलेगी।

साक्ष्य छिपाने के दोषी हैं सिपाही
‘सड़क हादसे में अगर कोई व्यक्ति घायल था और वह मौत के करीब था तो मौके पर जो भी सिपाही थे, अगर वह किसी गंभीर ड्यूटी में नहीं थे, उन्हें खुद ही घायल को सबसे नजदीक के अस्पताल में पहुंचाना चाहिए था। उन्होंने किसी टेम्पो में उसको बैठाकर रवाना किया तो भी यह उनकी जिम्मेदारी थी कि घायल को जल्दी से जल्दी इलाज मिलता। यह जांच का विषय है कि घटना के समय घायल ने कहीं दम तो नहीं तोड़ दिया था। अगर उसकी मौत उसी समय हो गई हो तो इस मामले में वह साक्ष्य छिपाने के भी दोषी हैं। उनके खिलाफ विभागीय जांच के अलावा मुकदमा दर्ज करने की भी कार्रवाई होनी चाहिए।’
दिनेश चंद्र चौधरी, वरिष्ठ अधिवक्ता

Spotlight

Most Read

Kanpur

बाइकवालाें काे भी देना हाेगा टोल टैक्स, सरकार वसूलेगी 285 रुपये

अगर अाप बाइक पर बैठकर आगरा - लखनऊ एक्सप्रेस वे पर फर्राटा भरने की साेच रहे हैं ताे सरकार ने अापकी जेब काे भारी चपत लगाने की तैयारी कर ली है। आगरा - लखनऊ एक्सप्रेस वे पर चलने के लिए सभी वाहनों को टोल टैक्स अदा करना होगा।

17 जनवरी 2018

Related Videos

महाराजगंज में AAP का प्रदर्शन, गायों को लेकर की ये बड़ी मांग

पूर्वी यूपी के महाराजगंज में बुधवार को आम आदमी पार्टी कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया। आम आदमी पार्टी कार्यकर्ताओं का ये प्रदर्शन मधवलियां गोसदन में गायों की मौत के मामले में कसूरवारों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर हुआ।

18 जनवरी 2018

  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper