बीएड उपाधि धारकों का प्रशिक्षण शुरू करने की मांग

Gorakhpur Updated Mon, 09 Jul 2012 12:00 PM IST
गोरखपुर। मुक्त विश्वविद्यालय बीएड एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष शिवकुमार यादव ने बताया है कि उत्तर प्रदेश राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय और इग्नू की बीएड की डिग्री एनसीटीई, डीईसी और यूजीसी से मान्यताप्राप्त है। इन दूरस्थ शिक्षा प्रणाली के अंतर्गत संचालित विश्वविद्यालय के अधिकांश बीएड उपाधि धारक विशिष्ट बीटीसी 2007-08 में चयनित हैं। लेकिन सरकार ने अभी तक इन अभ्यर्थियों की ट्रेनिंग नहीं कराई है और उनकी सीटें सुरक्षित रख ली गई हैं। चयनित अभ्यर्थियों के मूल शैक्षिक प्रमाणपत्र चार वर्षों से जमा हैं। ऐसे में इन विशिष्ट बीटीसी चयनित अभ्यर्थियों की स्थिति बहुत दयनीय हो गई है। उन्होंने सरकार से ऐसे विशिष्ट बीटीसी में चयनित अभ्यर्थियों की जल्द से जल्द ट्रेनिंग शुरू करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि उत्तरप्रदेश राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय के बीएड की मान्यता 21 मई 2003 को तत्कालीन मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव ने दी थी। 8 जुलाई 2004 को उन्होंने पत्राचार माध्यम से बीएउ धारकों को विशिष्ट बीटीसी प्रशिक्षण दिए जाने की घोषणा की थी। हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट ने भी इसे मान्य ठहराया है। इन सब बातों को ध्यान रखते हुए मुख्यमंत्री से अपील कि की जल्द से जल्द पत्राचार के माध्यम से बीएड उपाधिधारकों को विशिष्ट बीटीसी का प्रशिक्षण दिलाने की व्यवस्था करें।

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