बिल्डिंग बायलॉज फेल!

Ghaziabad Updated Fri, 29 Jun 2012 12:00 PM IST
सिर्फ एफएआर बढ़ाने से नहीं रुकेगा मानकों का उल्लंघन
गाजियाबाद। बिल्डिंग बायलॉज संशोधन की मंशा को कंपाउंडिंग का खेल बिगाड़ रहा है। बिल्डरों को मिलने वाली कंपाउंडिंग सुविधा पर रोक के बिना अवैध निर्माणों पर अंकुश लगना मुश्किल है। भले ही एफएआर की कितनी भी सीमा बढ़ा दी जाए, जब तक अवैध निर्माण करने के रास्ते खुले रहेंगे, बिल्डर उनका फायदा उठाते ही रहेंगे।
जीडीए के लिए कंपाउंडिंग सुविधा दुधारू गाय है। जीडीए को प्रतिवर्ष इससे करोड़ों की आय होती है। वित्त वर्ष 2012-13 में 31 मई तक ही महज दो कंपाउंडिंग से जीडीए को 7.25 करोड़ की आय हुई है। हुडा, डीडीए, ग्रेनो अथॉरिटी ने कंपाउंडिंग शुल्क इतना ज्यादा रखा है कि बिल्डर कंपाउंडिंग कराने से बचते हैं। जबकि यहां बिलकुल उल्टा है।

बिल्डिंग बायलॉज के संशोधन अवैध निर्माणों को नियमित करने का रास्ता ही खोलते हैं। अच्छा तरीका कंपाउंडिंग सुविधा को खत्म कर देना है।
कर्नल तेजेंद्र पाल त्यागी,
चेयरमैन, गाजियाबाद आरडब्लूए फेडरेशन
बीते कई वर्षों में जीडीए ने अरबों रुपये कंपाउंडिंग के नाम पर वसूले हैं। नियमानुसार जीडीए को इस रकम को क्षेत्र के विकास में खर्च करना चाहिए। पर ऐसा हुआ नहीं। वीपी शर्मा, को-चेयरमैन, वैशाली आरडब्ल्यूए

बाइलॉज संशोधन में बढ़े एफएआर से आसपास के शहरों में रियल एस्टेट बिजनेस में कंपीटीशन बराबरी का होगा। पहले सर्विस एरिया के लिए एफएआर निर्धारित नहीं था। जिस बिल्डर की नीयत ठीक नहीं है, वही गलत कार्य करेगा।
मनोज गौड़, गौड़ संस इंडिया
यहां कंपाउंडिंग कई चरणों में होती है और निर्माण जारी रहता है। पहले चरण की कंपाउंडिंग में लगने वाले समय से निर्माण अवैध हो जाता है। अब एक साथ ही कंपाउंडिंग करने का प्रस्ताव है। -गौरव, प्रवक्ता, राजनगर डेवलपर्स एसोसिएशन

Spotlight

Most Read

National

पाकिस्तान की तबाही के दो वीडियो जारी, तेल डिपो समेत हथियार भंडार नेस्तनाबूद

सीमा सुरक्षा बल के जवानों ने पाकिस्तानी गोलाबारी का मुंहतोड़ जवाब दिया है। भारत के जवाबी हमले में पाकिस्तान की कई फायरिंग पोजिशन, आयुध भंडार और फ्यूल डिपो को बीएसएफ ने उड़ा दिया है।

23 जनवरी 2018

Related Videos

VIDEO: जब पुलिस की ‘दबंगई’ पर भारी पड़ी युवती की बहादुरी

गाजियाबाद के थाना मसूरी क्षेत्र में पुलिस की दबंगई का एक युवती ने मुंहतोड़ जवाब दिया।

23 जनवरी 2018

  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper