सिंचाई व्यवस्था बदहाल, रबी पर अभी से संकट के बादल

Fatehpur Updated Wed, 24 Oct 2012 12:00 PM IST
फतेहपुर। सिंचाई व्यवस्था को दुरुस्त किए जाने के प्रयास बेमतलब साबित हो रहे हैं। प्रशासनिक निर्देशों के बावजूद संबंधित विभाग इस दिशा में ठोस कदम नहीं उठा रहे हैं। जिम्मेदारियों के प्रति बरती जा रही उदासीनता की वजह से सिंचाई संसाधनों की हालत पतली हो गई है जिससे रबी सीजन में भी सिंचाई व्यवस्था को लेकर किसानों की परेशानी कम नहीं हो रही है।
इस समय बुआई के लिए पलेवा हेतु पानी की जरूरत है। जिसकी पूर्ति नहीं हो पा रही है। ऐसे में रबी की बुआई पिछड़ रही है। ऐसे हालात तब हैं जबकि शासन/प्रशासन द्वारा किसान समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण किए जाने की बात कही जाती है। जिले में करीब डेढ़ लाख हेक्टयर क्षेत्र में रबी का आच्छादन किया जाता है। जिसमें किसानों को सिंचाई के लिए विकट संकट से जूझना पड़ता है। यह शुरुआती दौर है और अभी से हालात खराब हैं। मौजूदा समय में सिंचाई व्यवस्था किस कदर बिगड़ी हुई है इसकी पहली किस्त में पेश है राजकीय नलकूपों के हालात।
जिले में सिंचाई व्यवस्था के लिए करीब साढ़े चार सौ राजकीय नलकूप स्थापित हैं। जिनमें अधिकांश महज काजगों में चल रहे हैं। कहीं विद्युत दोष की वजह से तो कहीं तकनीकी खामियों के कारण राजकीय नलकूपों का दुरुस्त संचालन नहीं हो पा रहा है। 62 नलकूप ऐसे हैं जिनके ट्रांसफार्मर की समस्या है। इनमें ज्यादातर के ट्रांसफार्मर फुं के हुए हैं। अर्से बाद भी नहीं बदला गया है। वहीं कुछ ऐसे नलकूप हैं जिनसे फुंके ट्रांसफार्मर ग्रामीणों की शिकायत के बाद उतार तो लिए गए लेकिन नया ट्रांसफार्मर रखा नहीं गया है। ऐसे में संबंधित नलकूप शो-पीस बन कर रह गए हैं।
38 राजकीय नलकूप ऐसे हैं जिनमें तार कटिंग की वजह से आपूर्ति बाधित है और संचालन नहीं हो पा रहा है। बिलंदा, थरियांव आदि ऐसे स्थान हैं जहां पर अक्सर तार कटिंग की घटना होती रहती हैं और बिजली आपूर्ति बाधित होने से न सिर्फ दर्जनों राजकीय बल्कि निजी नलकूपों का संचालन भी बंद हो जाता है। इसके साथ ही लो-वोल्टेज एवं जर्जर लाइनों की समस्या तो है ही। असोथर, बहुआ, अमौली, हसवा, हुसेनगंज आदि प्रतिनिधियों के मुताबिक क्षेत्र में लो-वोल्टेज एवं जर्जर विद्युत लाइनों की वजह से होने वाली दिक्कतों की वजह से सिंचाई व्यवस्था दुरुस्त नहीं हो पा रही है और नलकूप किसानों के लिए बेमकसद साबित हो रहे हैं।

वर्जन---इंसेट-
सिंचाई व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए प्रशासन द्वारा कड़े कदम उठाए गए हैं। संबंधित विभागों को व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश दिए गए हैं। अधिशाषी अभियंता नलकूप खंड सिंचाई खंड तथा अधिशाषी अभियंता विद्युत को निर्देश दिए गए हैं। किसानों को सिंचाई के लिए समुचित पानी मुहैया कराना प्राथमिकता में हैं। रबी में उन्हें सिंचाई के लिए समुचित पानी मिले, इसके लिए प्रयास किए जा रहे हैं।
केके चौधरी, मुख्य विकास अधिकारी।

Spotlight

Most Read

National

2019 में कांग्रेस के साथ मिलकर चुनाव नहीं लड़ेगी CPM

महासचिव सीताराम येचुरी की ओर से पेश मसौदे में भाजपा के खिलाफ लड़ाई में कांग्रेस समेत तमाम धर्मनिरपेक्ष दलों को साथ लेकर एक वाम लोकतांत्रिक मोर्चा बनाने की बात कही गई थी।

22 जनवरी 2018

Related Videos

VIDEO: यूपी पुलिस के इस सिपाही ने किया खाकी को शर्मसार

फतेहपुर में एक बार फिर पुलिस का खौफनाक चेहरा सामने आया है। यूपी पुलिस के सिपाही ने एक युवक की बेरहमी से पिटाई कर दी। पुलिसवाले ने युवक की पिटाई इसलिए कर दी क्योंकि युवक की बाइक से सिपाही को टक्कर लग गई।

18 जनवरी 2018

  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper