विशेषज्ञ डाक्टरों के बगैर चल रहा जिला अस्पताल

Fatehpur Updated Sat, 13 Oct 2012 12:00 PM IST
फतेहपुर। जिला अस्पताल विशेषज्ञ डाक्टरों से खाली है। ईएनटी सर्जन के दोनों पद रिक्त होने के कारण रोगियों से खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। इतना ही नहीं जिले में एक भी कार्डियोलाजिस्ट न होने के कारण संबंधित रोगियों को सीधे कानपुर, लखनऊ का रास्ता दिखा दिया जाता है। जिला पुरुष अस्पताल में डाक्टरों के 24 पद हैं। इसके विपरीत वर्तमान समय में आधे से भी कम सिर्फ 11 डाक्टर हैं। अस्पताल में दोनों ईएनटी सर्जन के पद खाली हैं। तीन ईएमओ के स्थान पर सिर्फ एक की नियुक्ति है, जिससे इमरजेंसी चिकित्सा व्यवस्था पूरी तरह से प्रभावित हो रही है। दो हड्डी विशेषज्ञों में एक अरसे से खाली है। दो सर्जन डाक्टरों के पद सृजित हैं, लेकिन वर्तमान समय में सिर्फ एक की नियुक्ति है। रेडियोलाजिस्ट के दो पद अरसे से खाली हैं। हृदय रोग विशेषज्ञ एक भी नहीं है। इतना ही नेत्र रोग विशेष डाक्टर न होने के कारण रोगियों को ठोकरें खाने को मजबूर होना पड़ रहा है। चर्मरोग विशेषज्ञ डाक्टर का पद सृजित होने के बावजूद अभी तक कभी भी इस पद पर नियुक्ति नहीं की गई है।
जिला अस्पताल के मुख्य चिकित्साधीक्षक डाक्टर यतींद्रनाथ त्रिपाठी का कहना है कि विभाग में डाक्टरों की कमी है। अस्पताल में डाक्टरों की कमी से उच्चाधिकारियों को अवगत कराया जा चुका है। समय-समय पर शासन को लिखकर डाक्टरों की मांग भी की जा रही है, लेकिन अभी तक समस्या का निराकरण नहीं हो पाया है।

रात को भूल कर भी ना जाइए
- ड्यूटी में तैनात एएनएम-नर्सें भी नहीं लगाती हाथ
फतेहपुर। सरकारी अस्पताल में इलाज, वह भी रात में। अच्छा होगा इससे बचा जाए। वरना मरीज की जान पर भी बन आ सकती है।
जिले के पीएचसी व सीएसी में रात के वक्त मरीज लाना मतलब उसके मर्ज को और बढ़ाने से है। चिकित्सक नाइट ड्यूटी से बचते हैं। अस्पताल में मौजूद एएनएम व नर्स हाथ लगाने से भी गुरेज करती हैं। हसवां, हथगाम, असोथर, खखरेड़ू, धाता, हुसेनगंज, खजुहा, देवमई, जहानाबाद, गोपालगंज की स्थिति पर सवाल खड़े हो रहे हैं। खासकर प्रसव केस पर सरकारी अस्पताल हाशिए पर है। असोथर पीएचसी में 29 सितंबर की रात जगरूप सिंह अपनी पुत्री रीना को प्रसव पीड़ा पर लाए थे। बकौल जगरूप उस समय ड्यूटी में एएनएम मुन्नी देवी व एक नर्स थी। दोनों ने बेटी को देखने से मना कर दिया। कहा सदर अस्पताल लेकर जाओ। यहां कुछ नहीं होगा। इस दौरान बेटी ने अस्पताल की गैलरी में बच्चे को जन्म दिया। जो इलाज न मिलने पर कुछ देर के बाद मर गया। सीएमओ डा. केएल वर्मा ने बताया असोथर पीएचसी में एएनएम व नर्स पर लापरवाही बरतने का मामला प्रकाश में आया है। वह जांच करवा रहे हैं।

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

Spotlight

Most Read

Lucknow

राज्यपाल राम नाईक ने प्रदेश के चार विश्वविद्यालयों के कुलपति किए नियुक्त

यूपी के राज्यपाल एवं कुलाधिपति राज्य विश्वविद्यालय राम नाईक ने रविवार को प्रदेश के चार विश्वविद्यालयों के कुलपति नियुक्त कर दिए हैं।

18 फरवरी 2018

Related Videos

VIDEO: यूपी पुलिस के इस सिपाही ने किया खाकी को शर्मसार

फतेहपुर में एक बार फिर पुलिस का खौफनाक चेहरा सामने आया है। यूपी पुलिस के सिपाही ने एक युवक की बेरहमी से पिटाई कर दी। पुलिसवाले ने युवक की पिटाई इसलिए कर दी क्योंकि युवक की बाइक से सिपाही को टक्कर लग गई।

18 जनवरी 2018

Switch to Amarujala.com App

Get Lightning Fast Experience

Click On Add to Home Screen