विज्ञापन

सब कुछ है मगर खंडहर के रूप में

Etawah Updated Mon, 27 Aug 2012 12:00 PM IST
विज्ञापन
ख़बर सुनें
चकरनगर (इटावा)। ग्राम सहसों में लोग इलाज के लिए तरस रहे हैं। यहां के लोग न तो खुद अपना इलाज करा सकते हैं और न ही अपने पशुओं का। आमतौर पर इस क्षेत्र के लोग खेती किसानी से जुड़े हैं लेकिन बीज और खाद के लिए भी उन्हें जिला मुख्यालय का मुंह ताकना पड़ता है। कारण यह है कि यह सब व्यवस्थाएं यहां मौजूद थी। मगर देखरेख के अभाव में समाप्त होती गई। आज भी अस्पताल, भदावरी केंद्र व साधन सहकारी केंद्र के भवन खंडहर के रूप में मौजूद हैं।
विज्ञापन
इस गांव में 90 वर्ष पूर्व 16 शैया का अस्पताल शुरू हुआ था। यहां पर दूरदराज के लोग इलाज के लिए आते थे। आज हालात यह है कि अस्पताल पशुओं का बाड़ा बन चुका है। अब लोग इलाज के लिए राजपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र या फिर जिला अस्पताल जाते हैं।
आज जहां सहसों थाना है, उसके पास भदावरी भैंस केंद्र की जीर्णशीर्ण इमारत मौजूद है। विगत पांच वर्षों से न तो यहां किसी स्टाफ की तैनाती दिखती है और न ही कोई भदावरी भैंस अथवा भैंसा यहां मौजूद है। इसी के बगल में स्वास्थ्य विभाग का उप केंद्र बना हुआ है जिस पर हमेशा ताला पड़ा रहता है। पशुओं के बीमार पड़ने पर ग्रामीण उनके इलाज के लिए यहां-वहां भटकते हैं।
साधन सहकारी समिति के जरिए पहले यहां के किसानों को खाद-बीज मुहैया हो जाता था। यह भी वर्षों से बंद पड़ी है। यह तब जब क्षेत्र के ग्रामीणों की आजीविका मुख्य रूप से खेती पर निर्भर है। समिति के जर्जर भवन में कुछ ग्रामीणों ने अपना सामान भर लिया है। चारो ओर विलायती बबूल के पेड़ उग आए हैं। जो दर्शाते है कि समिति वर्षों से सुप्त पड़ी है।
पिछली सरकार में सड़कों पर बहा पैसा
सहसों गांव को बसपा सरकार में अंबेडकर ग्राम का दर्जा हासिल रहा है। लिहाजा उस समय यहां की सड़कों पर रुपया खर्च किया गया। लेकिन चिकित्सा व स्वास्थ्य की ओर कोई ध्यान नहीं गया। इन जर्जर इमारतों पर गौर नहीं किया गया जिससे बुनियादी व्यवस्थाओं को बहाल किया जा सके।
ग्रामीण यह कहते हैं
गांव के लोग कहते हैं कि उनके गांव में अस्पताल, पशु अस्पताल, उप स्वास्थ्य केंद्र आदि सब कुछ है लेकिन लोगों के लिए मद्दगार साबित नहीं हो रहे। टूटे-फूटे भवन सिर्फ फाइलों में दौड़ रहे हैं। अधिवक्ता हरिकृष्ण तिवारी एडवोकेट कहते हैं कि पिछली सरकार ने यदि ईमानदारी से काम कराया होता तो आज यह हालात नहीं होते। वहीं सपा नगर अध्यक्ष सतीश यादव, ब्लाक अध्यक्ष मुन्ना सिंह राजावत ने डीएम से मांग की है कि ग्राम सहसों में अस्पतालों की व्यवस्था तत्काल शुरु कराई जाए।
वर्ष 1962 में हुई पुलिस मुठभेड़ के दौरान दस्यु तहसीलदार घायल हो गया था।उस समय इसी अस्पताल में उसका इलाज किया गया था।

Recommended

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला की खबरों को फेसबुक पर पाने के लिए लाइक करें  

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन

Most Read

Jammu

J&K: शोपियां से अगवा 3 एसपीओ की आंतकियों ने की हत्या, 1 को किया रिहा

जम्मू कश्मीर के शोपियां से शुक्रवार सुबह 4 पुलिसवालों के अपहरण की खबर सामने आ रही है। बताया जा रहा है कि जिन पुलिसवालों का अपहरण हुआ है उनमें 3 एसपीओ यानी स्पेशल पुलिस अफसर थे।

21 सितंबर 2018

विज्ञापन

Related Videos

‘2019 अगर न जीत सके तो हम सब बेचेंगे पकौड़ा’

अखिलेश यादव ने सैफई में समाजवादी पार्टी की साइकिल यात्रा को दिल्ली के जंतर मंतर के लिए हरी झंडी दिखाई। इस दौरान उन्होंने बीजेपी को जमकर घेरा।

14 सितंबर 2018

आज का मुद्दा
View more polls

Disclaimer

अपनी वेबसाइट पर हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर अनुभव प्रदान कर सकें, वेबसाइट के ट्रैफिक का विश्लेषण कर सकें, कॉन्टेंट व्यक्तिगत तरीके से पेश कर सकें और हमारे पार्टनर्स, जैसे की Google, और सोशल मीडिया साइट्स, जैसे की Facebook, के साथ लक्षित विज्ञापन पेश करने के लिए उपयोग कर सकें। साथ ही, अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।

Agree