मुकदमों के ‘छल’ से भट्टा में हलचल

Bulandshahr Updated Thu, 08 Nov 2012 12:00 PM IST
सिकंदराबाद। जेल में बंद भट्टा के किसानों की रिहाई में कानूनी पेंच फंस गया है। किसानों पर गंभीर धाराओं में दर्ज तीन मुकदमों को वापस नहीं लिया गया है। इससे रिहाई फिलहाल आगे टल सकती है। किसानों ने तय किया है वे जल्द ही सीएम अखिलेश यादव से मिलेंगे।
किसान नेता मनवीर तेवतिया की अगुवाई में भूमि अधिग्रहण को लेकर 17 मई-2011 को भट्टा के किसान अनिश्चित कालीन धरने पर बैठे थे। धरने के 111वें दिन गांव में ऐसा उपद्रव हुआ कि कई किसान और पुलिसकर्मियों को जिंदगी से हाथ धोना पड़ा। पुलिस-प्रशासन ने 20-20 मुकदमे दर्ज कर 09 किसानों को जेल में डलवा दिया। बताया गया है कि दबाव में किसानों पर दर्ज 20 मुकदमों में से 10-10 केस उसी दौरान वापस ले लिए गए थे। सीएम की रिहाई संबंधी घोषणा तक 09 किसानों पर 10-10 मुकदमें दर्ज थे। घोषणा के बाद बेलेविल तीन ऑफेंस (जमानत मिलने वाले अपराध) को छोड़ 07-07 मुकदमे वापस हो गए। ग्रामीण विक्टर ने बताया कि किसान अखिलेश से मिलेंगे।

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