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तालाबों पर अवैध कब्जे, कैसे संरक्षित हो बारिश का पानी

Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Wed, 26 Jun 2019 02:02 AM IST
तालाबों पर अवैध कब्जे, कैसे संरक्षित हो बारिश का पानी
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बदायूं। भूगर्भ जलस्तर को बढ़ाने में तालाबों का अहम योगदान होता है, लेकिन अब विडंबना है कि तालाबों का वजूद ही खतरे में हैं। बारिश में जो तालाब पानी से लबालब नजर आते थे आज उनपर दबंगों का कब्जा है। किसी ने घर बना लिया तो सिकी ने दुकान। अब बारिश का सीजन आया तो तालाब खुदवाने के प्रयास हो रहे हैं। तालाब न होने से बारिश के पानी का संचयन नहीं हो पा रहा है। प्रशासनिक आंकड़ों में जिले में 2800 तालाब हैं, लेकिन हकीकत कुछ इतर ही है। सूत्रों की माने तो करीब एक हजार तालाब खत्म हो चुके हैं। इनमें ज्यादातर पर दबंगों के कब्जे हैं।


सूख गए गांवों के तालाब
बिसौली के दबतोरी क्षेत्र के आदपुर, संग्रामपुर आदि गांवों में तालाबों पर दबंगों ने कब्जे कर लिए। ओरछी के परमानंदपुर गांव का तालाब पाट लिया गया। वजीरगंज के वार्ड नंबर 11 में होली चौक के पास तालाब पर लोगों का अवैध कब्जा है। बड़ा बाजार समेत कालसेन महाराज के पास वाला तालाब भी अतिक्रमण का शिकार है। इन तालाबों पर कब्जे के कारण बड़े तालाब में बेहिसाब पानी पहुंच रहा है, जिसके चलते 20 किसानों की लगभग डेढ़ सौ बीघा जमीन पानी में डूब रहती है। यही हाल सहसवान और दातागंज का भी है।


पिछले साल स्वीकृत हुए 150 तालाब
शासन ने जल संचयन के लिए चलाई जा रही योजना के तहत जिले में तालाबों की संख्या बढ़ाने को वित्तीय वर्ष 2018-19 में 150 तालाब स्वीकृत किए थे। इनमें 48 खुदकर तैयार हो चुके हैं बाकी का काम भी तेजी से चल रहा है।

अब चल रहा जीर्णोद्घार, नहीं छुड़वाया पानी
- एक सौ चार ग्राम पंचायतों वाले सहसवान ब्लॉक क्षेत्र में वैसे तो कई तालाब हैं, लेकिन ग्राम पंचायत के तालाबों कीर संख्या मात्र 20 है। जल संरक्षण के उद्देश्य से 19 तालाबों का मनरेगा योजना के अंतर्गत जीर्णोद्धार कार्य चल रहा है, मगर अभी तक ग्राम पंचायत ने किसी भी तालाब में पानी नहीं छुड़वाया है।

सभी अधिकारियों को निर्देशित किया है कि वह अपने क्षेत्र में अधिक से तालाबों की खुदाई कराएं। प्रधानों व सचिवों को प्रेरित किया है, क्योंकि ये काम जनसहयोग के बिना संभव नहीं है। लोगों से भी अपील की थी कि वे श्रमदान कर तालाबों की खुदाई कराएं। हालांकि कई तालाब ऐसे है, जिनको खोदने में काफी समय लगेगा। मानसून आ चुका है। समय कम बचा है। ऐसे में 46 तालाबों को चिह्नित किया है, जिनको जेसीबी के माध्यम से 28 से एक जुलाई के बीच में खुदवाया जाएगा। अतिक्रमण के बारे में एसडीएम को निर्देश दिए हैं कि कहीं पर भी तालाबों पर कब्जा नहीं होना चाहिए।
-दिनेश कुमार सिंह, डीएम

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