बेहतर अनुभव के लिए एप चुनें।
INSTALL APP

तीस फीसदी प्रोत्साहन भत्ता बढ़ाने को कुलपति तैयार

Bareilly Updated Mon, 11 Feb 2013 05:32 AM IST
विज्ञापन

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

ख़बर सुनें

विज्ञापन
बरेली। रूहेलखंड विश्वविद्यालय में कर्मचारियों की हड़ताल 28वें दिन भी जारी रही। विश्वविद्यालय के इतिहास में अब तक की यह सब से अधिक दिनों तक चलने वाली हड़ताल है। इसे लेकर विश्वविद्यालय प्रशासन अब कुछ दबाव में दिख रहा है। कर्मचारियोें की मांगों को लेकर कुलपति ने लखनऊ जाकर सचिव (उच्च शिक्षा) से भी बात की, लेकिन सौ फीसदी प्रोत्साहन भत्ता बढ़ाने पर सहमति नहीं बन पाई। हालांकि, कुलपति ने विशेषाधिकार का इस्तेमाल कर तीस फीसदी प्रोत्साहन भत्ता बढ़ाने का फैसला लिया है। यह बढ़ोत्तरी पचास फीसदी करने का प्रस्ताव वित्त समिति के सामने रखने की भी बात कही है। इस संबंध में वह सोमवार को कर्मचारियोें से भी बात करेंगे।
रूहेलखंड विश्वविद्यालय में तकरीबन एक महीने से सारे कामकाज ठप हैं। कुलपति प्रो. मोहम्मद मुजम्मिल ने बताया कि कर्मचारी दोगुने प्रोत्साहन भत्ते की मांग कर रहे हैं। जबकि 10 फीसदी की बढ़ोत्तरी 27 दिसंबर को हुई वित्त समिति की बैठक में मंजूर हो चुकी है और हड़ताल के बाद उन्होंने विशेषाधिकारों का इस्तेमाल करके 30 फीसदी बढ़ोत्तरी का निर्णय लिया है। कर्मचारी इस पर भी राजी नहीं हैं इसलिए, मांगों को लेकर वह शासन के पास भी गए। वहां कहा गया कि इससे ज्यादा बढ़ोत्तरी नहीं कर सकते। बाकी के बीस फीसदी पर वित्त समिति फैसला करे। उन्होंने बताया कि वह मार्च में वित्त समिति में इस प्रस्ताव को भी रखने के लिए तैयार हैं। अवकाश नकदीकरण पर कुलपति बताया कि इसे बंद करने का शासन से पत्र आया था। कुलपति ने बताया, चूंकि राज्य पर इससे अतिरिक्त वित्तीय बोझ नहीं पड़ेगा, इसलिए दो-महीने में वह इसके पक्ष में फैसला दे सकता है। इसलिए, कर्मचारियों को स्थिति को समझते ही हड़ताल वापस ले लेनी चाहिए।

--------------

कुलपति का प्रस्ताव कर्मचारियों को मंजूर नहीं
मिनिस्ट्रीयल स्टाफ एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ. हेम गौतम ने कहा कि अवकाश नकदीकरण रोकने के लिए कोई शासनादेश जारी नहीं किया गया। शासन से पत्र आया था, जिसमें पूछा गया था कि किसके आदेश से यह दिया जा रहा है। इसलिए उसे बंद करने का औचित्य समझ नहीं आता। कर्मचारी अपने अवकाश बचाकर यह पैसा लेते हैं। कुलपति खुद पचास फीसदी प्रोत्साहन भत्ता बढ़ा दें और पचास फीसदी वित्त समिति में रखा जाए। जब तक ऐसा नहीं होगा, हड़ताल वापस नहीं हो सकेगी।

आपकी राय हमारे लिए महत्वपूर्ण है। खबरों को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।

खबर में दी गई जानकारी और सूचना से आप संतुष्ट हैं?
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन
Election
  • Downloads

Follow Us