बेहतर अनुभव के लिए एप चुनें।
TRY NOW

पाठा में सिर्फ 31 फीसदी पानी हो पा रहा उपलब्ध

Banda Updated Fri, 01 Jun 2012 12:00 PM IST
विज्ञापन

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

ख़बर सुनें
बांदा। पेयजल आपूर्ति की सबसे खराब हालत चित्रकूट जनपद यानि पाठा क्षेत्र की है। यहां एशिया की सबसे बड़ी पाठा पेयजल योजना की स्थापना के बाद भी पानी का भीषण संकट कम नहीं हुआ। गौरतलब है कि इस योजना में 375 गांव शामिल हैं। इसमें 136 गांव इसके फायदे से महरूम हैं। जलसस्थान का कहना है कि 239 गांवों में वे जलापूर्ति कर रहे हैं। चित्रकूटधाम मंडल जल संस्थान के आंकड़े बताते हैं कि चित्रकूट जनपद में 36.31 एमएलडी (तीन करोड़ 63 लाख 10 हजार लीटर प्रतिदिन) पानी की मांग है लेकिन आपूर्ति सिर्फ 24.88 एमएलडी (2 करोड़ 48 लाख 80 हजार लीटर प्रतिदिन) है। कर्वी, सीतापुर, सिमर्धा और मानिकपुर पेयजल योजनाओं में 24.53 एमएलडी पानी की दरकार है लेकिन यहां उपलब्धता सिर्फ 16.65 हो रही है। इसी तरह मऊ, बरगढ़, राजापुर, सूरसेन, पहाड़ी आदि योजनाओं से लगभग 12 एमएलडी पानी की मांग है लेकिन लगभग 8 एमएलडी ही पानी मिल पा रहा है। ब्यूरो
विज्ञापन

आपकी राय हमारे लिए महत्वपूर्ण है। खबरों को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।

खबर में दी गई जानकारी और सूचना से आप संतुष्ट हैं?
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन
Election
  • Downloads

Follow Us

X

प्रिय पाठक

कृपया अमर उजाला प्लस के अनुभव को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।
डेली पॉडकास्ट सुनने के लिए सब्सक्राइब करें

क्लिप सुनें

00:00
00:00
X