वाकी टॉकी है ‘संकटमोचक’

Banda Updated Sat, 29 Dec 2012 05:30 AM IST
ख़बर सुनें
बांदा। कोहरे की धुंध जब सिग्नल और ट्रेन चालक के बीच आड़े आ रही है ऐसे में वाकी टॉकी ट्रेन संचालन में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। इस वायरलेस सेवा की बदौलत कोहरे में भी ट्रेनों के संचालन में ज्यादा बाधा नहीं आ रही है। उधर, ट्रेन चालकों का कहना है कि भारत में भी जापान की तर्ज पर सिग्नल तकनीक अपनाई जानी चाहिए ताकि कोहरे के हालात में चालकों को सहूलियत हो और हादसों के खतरों से बचा जा सके।
गौरतलब है कि यहां पर अंग्रेजों के जमाने से चले आ रही सिग्नल व्यवस्था में आज भी कुछ खास बदलाव नहीं हुआ है। ट्रेनों को टिमटिमाते चिरागों वाले सिग्नलों से गुजरना पड़ रहा है। कोहरे की धुंध में टिमटिमाते सिग्नल ट्रेन चालकों को नजर नहीं आते। ऐसे में ट्रेन आगे बढ़ाना काफी दूभर और खतरों से भरा होता है। चालक, गार्ड और रेलवे स्टेशन अफसरों के पास उपलब्ध वाकी टॉकी यंत्र ऐसे मौसम में ट्रेनों को आगे बढ़ाने में काफी मददगार साबित हो रहे हैं। इस यंत्र के जरिए चालक अगले स्टेशन से संपर्क करके सिग्नल और लाइन क्लीयर के बारे में जानकारी हासिल कर लेते हैं। उसी के मुताबिक ट्रेन आगे बढ़ाने या रोकने का निर्णय लेते हैं।
ट्रेन चालक आशीष यादव, कृष्णकांत द्विवेदी और सईद अहमद ने बताया कि घने कोहरे में ट्रेन चलाना काफी मुश्किल भरा काम है। उन्हें बेहद सतर्कता बरतनी पड़ती है। ट्रेन की रफ्तार पर भी लगाम लग रही है। चालकों का कहना है कि इन परिस्थितियों से निपटने के लिए भारतीय रेलवे को जापान की तकनीक पर सिग्नल व्यवस्था करनी चाहिए। जापान में ट्रेन के इंजन में लगे डिस्प्ले बोर्ड पर सिग्नल की लाल और हरी बत्तियां साफ नजर आती हैं। चालक को सिग्नल समझने में कोई दिक्कत नहीं होती।

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

Spotlight

Most Read

Chandigarh

अपने ही दो भाइयों, दो बहनों समेत 7 लोगों को मारने वाली पर नहीं कर सकते रहम: हाईकोर्ट

अपने ही दो भाइयों, दो बहनों और दादी समेत सात लोगों की हत्या करने वाली पर रहम नहीं किया जा सकता। उसकी और उसके प्रेमी की मौत की सजा बरकरार रहेगी।

18 जुलाई 2018

Related Videos

VIDEO: नकली एसपी बनकर कॉन्स्टेबल कर रहा था गलत काम, रात के अंधेरे में धरा गया

बांदा में लखनऊ के नंबर वाली लग्जरी गाड़ी में नीली बत्ती और एसपी का स्टीकर लगाकर उगाही कर रहे एक कॉन्स्टेबल समेत तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है।

14 जुलाई 2018

Disclaimer

अपनी वेबसाइट पर हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर अनुभव प्रदान कर सकें, वेबसाइट के ट्रैफिक का विश्लेषण कर सकें, कॉन्टेंट व्यक्तिगत तरीके से पेश कर सकें और हमारे पार्टनर्स, जैसे की Google, और सोशल मीडिया साइट्स, जैसे की Facebook, के साथ लक्षित विज्ञापन पेश करने के लिए उपयोग कर सकें। साथ ही, अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।

Agree

अमर उजाला ऐप चुनें

सबसे तेज अनुभव के लिए

क्लिक करें Add to Home Screen