पेंशन पाने के लिए काटने पड़ रहे दफ्तरों के चक्कर

Bahraich Updated Tue, 28 Jan 2014 05:45 AM IST
बहराइच। प्रदेश सरकार ने 60 साल से अधिक आयु के बुजुर्गों को पेंशन देने की योजना चला रखी है। इस योजना का लाभ जिले के 81 हजार से अधिक बुजुर्गों को मिल रहा है। जबकि सैकड़ों की संख्या में बुजुर्ग पेंशन के लिए समाज कल्याण कार्यालय के चक्कर लगा रहे हैं। चयन और आवेदन के बावजूद उन्हें पेंशन नहीं मिल रही है। अब सरकार ने गरीबी रेखा से नीचे जीवनयापन करने वालों को समाजवादी पेंशन योजना देने का फैसला लिया है, लेकिन इस योजना का लाभ जिले के कितने बुजुर्ग प्राप्त कर सकेंगे। यह सवाल लोगों के जेहन में कौंध रहा है।
बहराइच के 14 विकास खंडों में 903 ग्राम पंचायत हैं। 60 साल से अधिक आयु के वृद्धों को सरकार ने पेंशन देने की योजना का संचालन कर रखा है। पेंशन देने के लिए समाज कल्याण विभाग को नोडल विभाग बनाया है। ग्राम पंचायतों के 81250 वृद्धों को समाज कल्याण विभाग वर्तमान समय में पेंशन दे रहा है, जबकि सैकड़ों की संख्या में बुजुर्ग पेंशन की बाट जोह रहे हैं। कोई ऐसा विकास खंड नहीं है, जहां के बुजुर्गों को पेंशन का इंतजार न हो। लगभग 35 हजार बुजुर्गों को पेंशन के लिए ग्राम प्रधानों ने फॉर्म भरवाया है, लेकिन यह फॉर्म विकास खंड मुख्यालयों पर ही फाइलों में धूल फांक रहे हैं। जबकि कुछ फॉर्म समाज कल्याण अधिकारी कार्यालय पहुंचने के बावजूद बजट का इंतजार कर रहे हैं। ऐसे आवेदनाें की संख्या लगभग 12 हजार है। समाज कल्याण अधिकारी एसके बघेल का कहना है कि बुजुर्गों को दो किश्त में ऑनलाइन पेमेंट के तहत 3600 रुपये की पेंशन दी जा रही है। जिसमें प्रत्येक किश्त 1800 रुपये की होती है। सरकार की ओर से बजट उपलब्ध कराए जाने के अनुसार पेंशन खातों में भेजी जाती हैं। उन्होंने कहा कि कुछ आवेदन लंबित जरूर हैं, लेकिन बजट नहीं है। बजट स्वीकृत होने पर फॉर्मों का अनुमोदन कर लाभार्थियों को पेंशन मुहैया कराई जाएगी।

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