आसरा योजना को आसरा नहीं

Auraiya Updated Thu, 08 May 2014 05:30 AM IST
विज्ञापन

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

*Yearly subscription for just ₹249 + Free Coupon worth ₹200

ख़बर सुनें
औरैया। लगता है कि सपा सरकार में जिले के गरीबों का अपनी एक अद्द छत पाने का सपना पूरा नहीं हो पाएगा। प्रदेश सरकार की ओर से माया सरकार में कांशीराम शहरी आवास योजना के तर्ज पर पिछले साल शुरू की गई आसरा योजना को जिले में अब तक आसरा नहीं मिल पा रहा है। आवास योजना को फलीभूत करने के लिये निकायों को भेजे गये भूमि उपलब्ध कराने के प्रस्ताव ठंडे बस्ते में चले गये हैं। जिला प्रशासन के इस ओर ध्यान न देने से आसरा योजना के साथ ही गरीबों की किस्मत को ग्रहण लगा हुआ है।
विज्ञापन

प्रदेश की सपा सरकार ने वर्ष 2013 में मायावती सरकार की महत्वपूर्ण कांशीराम शहरी गरीब आवास योजना को समाप्त कर उसके स्थान पर आसरा योजना को धरातल पर उतारा गया है। योजना के तहत गरीबी रेखा के नीचे के जीवन यापन करने वाले सभी वर्गों के लोगों को नि:शुल्क आवास प्रदान किया जाना है। हालांकि योजना के तहत शासन की ओर से जिले में आवासों का निर्माण कराये जाने के लिये कोई लक्ष्य नहीं रखा गया है।
शासन के निर्देशानुसार भूमि उपलब्धता के आधार पर आवासों को निर्माण कराया जाना है। आवास निर्माण का कार्य पूरा कराये जाने की जिम्मेदारी जिला नगरीय विकास अभिकरण (डूडा) कार्यालय को सौंपते हुए शासन की ओर से सीएंडडीएस इटावा को कार्यदायी संस्था के रूप में नामित किया गया है। डूडा की ओर से जिले की एकमात्र नगर पालिका परिषद के अलावा बाबरपुर-अजीतमल, अटसू, फफूंद, अल्छदा, बिधूना व दिबियापुर नगर पंचायतों को मई माह में आवास निर्माण हेतु जगह उपलब्ध कराने के प्रस्ताव भेज गये थे। परंतु अब तक किसी भी निकाय ने भूमि उपलब्ध न कराते हुए प्रस्तावों को ठंडे बस्तों में डाल दिया है।
यहां तक कि नगर पालिका परिषद औरैया ने भूमि की उपलब्धता होने से साफ इंकार करते हुए लिखित पत्र भी डूडा कार्यालय को सौंप दिया है। नगर निकायों के योजना हेतु भूमि उपलब्ध कराने में रुचि न लेने से जिले में शुरुआत होने से पहले ही आसरा योजना दम तोड़ती नजर आने लगी है।
नहीं सुलझा भूमि विवाद- औरैया। आसरा योजना के आवासों के निर्माण हेतु नगर पंचायत अटसू की ओर से सुझाई मोहल्ला प्रेम नगर में दो एकड़ नजूल की भूमि का विवाद अब तक नहीं सुलझा है। योजना के लिये उक्त भूमि के चयनित होने के बाद इस भूमि का दावेदार निकलकर सामने आ गया है। इससे इस नगर पंचायत में आवासों के निर्माण की आस टूटती सी प्रतीत हो रही है।
ग्राम पंचायतों से सुनिश्चित होगी भूमि की उपलब्धता- नगर निकायों में भूमि की उपलब्धता के लिये प्रयास किये जा रहे हैं। अछल्दा और अटसू नगर पंचायतों में भूमि की बात बन रही है। नगर निकायों में भूमि की अनुपलब्धता होने पर सटी हुई ग्राम पंचायतों की भूमि सुनिश्चित की जाएगी। एस राजलिंगम, जिलाधिकारी
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Election
  • Downloads

Follow Us