प्रमुख सचिव को अवमानना नोटिसः हाईकोर्ट ने कहा- महामारी के नाम पर संविधानिक आदेश को नहीं टाल सकते

अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज Updated Sat, 08 Aug 2020 07:52 PM IST
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इलाहाबाद हाईकोर्ट
इलाहाबाद हाईकोर्ट - फोटो : अमर उजाला

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इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कहा है कि महामारी के नाम पर संविधानिक आदेश की अनदेखी नहीं की जा सकती है। इस दौर में किसी आदेश के पालन में देरी होने पर कुछ रियायत दी जा सकती है मगर ऐसा संभव नहीं है कि अदालत के आदेश की अनदेखी होने दी जाए।
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कानून का राज हर हाल में कायम रखना होगा महामारी के दौर में भी कानून और अदालतें मूक दर्शक नहीं बन सकती हैं। कोर्ट ने आदेश का पालन नहीं करने पर प्रमुख सचिव चिकित्सा शिक्षा को चेतावनी दी है कि यदि उन्होंने आदेश का पालन नहीं किया तो अदालत उनको तलब करेगी। 
अभिषेक भारद्वाज की अवमानना याचिका पर न्यायमूर्ति एमसी त्रिपाठी सुनवाई कर रहे हैं। याची का कहना है कि हाईकोर्ट ने छह दिसंबर 2019 को याची के प्रत्यावेदन का निस्तारण करने का प्रमुख सचिव को आदेश दिया था। मगर इस आदेश का पालन नहीं किया गया।
कोर्ट ने सरकार से इस मामले में जवाब मांगा था मगर कोई जवाब दाखिल नहीं किया गया। सरकारी वकील का कहना था कि कोविड 19 संक्रमण के कारण निर्देश भेजने में विलंब हुआ है। इस पर कोर्ट ने प्रमुख सचिव को एक और अवसर देते हुए कहा है कि इसके बाद भी यदि आदेश का पालन नहीं हुआ तो अदालत उपस्थित होने का आदेश देगी।
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