बंद कार में मिली व्यवसायी की लाश

Lucknow Updated Wed, 07 Nov 2012 12:00 PM IST
लखनऊ। विकासनगर से एक दोस्त से मिलने गए एक व्यवसायी का शव मंगलवार को लखनऊ-फैजाबाद हाइवे पर जैदपुर थाने के अहमदपुर पुलिस चौकी के पास बंद कार में मिला। भाई ने हत्या की आशंका जताते हुए व्यवसायी के ससुराल वालों पर शक जताया है। सूचना पर पुलिस ने शव कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार व्यवसायी की हत्या संबंधी विभिन्न बिंदुओं की गहराई से छानबीन की जा रही है। व्यवसायी की गुमशुदगी संबंधी रिपोर्ट लखनऊ के विकासनगर थाने में दर्ज है, इसलिए मामले की तफ्तीश विकासनगर पुलिस ही करेगी।
मूलरूप से मलिहाबाद के कसमंडी निवासी व ठेकेदार वीरेंद्र कुमार का बेटा अभय सिंह (25) विकासनगर के सेक्टर-चार रहता था। अभय मौरंग, बालू व गिट्टी सप्लाई का काम करता था। भाई अमित के मुताबिक, दोनों भाई काकोरी के आम्रपाली योजना में मकान बनवा रहे थे। बीती रात घर से खाना खाने के बाद दोनों भाई काकोरी आम्रपाली निर्माणाधीन मकान पर सोने चले गए। अमित की मानें तो रात ग्यारह बजे अभय के सेलफोन एक कॉल आई। कॉल करने वाले व्यक्ति ने मिलने के लिए कहा। जिस पर अभय तुरंत तैयार होकर निकलने लगा। पूछने पर उसने बताया कि, वह किसी से मिलने विकासनगर जा रहा है अभी आ जाएगा। मगर, देर रात तक उसके न लौटने पर खोजबीन के बाद अमित ने विकासनगर थाने में उसकी गुमशुदगी दर्ज कराई। पुलिस ने जांच शुरू की तो पुलिस को अभय के सेलफोन की लोकेशन बाराबंकी सफदरगंज के रसौली गांव की मिली। इस आधार पर अमित विकासनगर पुलिस के साथ अभय को तलाशने बाराबंकी-फैजाबाद हाइवे पर निकल गया। बाराबंकी के जैदपुर थाना क्षेत्र के अहमदपुर पुलिस वौकी के पास हाइवे पर सड़क किनारे अभय की स्वीफ्ट कार मिली। कार के दरवाजे व शीशे चारों ओर से बंद थे। पिछली सीट पर अभय मृत पड़ा था। उसके मुंह से झाग निकला हुआ था। सूचना पर बारांबकी व विकासनगर पुलिस ने कार का दरवाजा खुलवा कर शव को बाहर निकाला। पुलिस को शव को कब्जे में लेकर छानबीन शुरू कर दी है। भाई अमित ने अभय की हत्या की आशंका जताई। उसका कहना है कि अभय कार ड्राइव कर अकेले घर से निकला था। जबकि, उसकी लाश पिछली सीट पर मिली है। बाहर से कार लॉक है। इससे साफ है कि अभय के साथ कोई व्यक्ति साथ था। भाई ने अभय के ससुराल वालों पर हत्या करने की श्ंाका जताई है। पुलिस घटना स्थल के पास पूछताछ के साथ अभय के ससुराल वालों को हिरासत मेें लेकर पूछताछ कर रही है। इसके अलावा पुलिस हत्या की वजह की अन्य संभावनाओं को भी तलाश रही है।
आखिरी कॉल में छिपा है कातिल का राज
पुलिस की मानें तो अभय सिंह के पास 11 बजे आई आखिरी कॉल में कातिल का राज छिपा है। पुलिस अभय के सेलफोन की कॉल डिटेल खंगाल रही है। इसके साथ ही पुलिस ने अभय के ससुराल वालों के सेलफोन को राडार पर ले रखा है। पुलिस सूत्रों की मानें तो हत्या संबंधी कुछ महत्वपूर्ण सुराग मिले हैं। पुलिस तस्दीक कराई जा रही है।
इसलिए तो नहीं हुई हत्या
पुलिस की मानें तो अभय सिंह को तीन वर्ष उदय इंटर कालेज में पढ़ाई के दौरान विकासनगर की अनामिका से प्यार हो गया था। कुछ दिन बाद अभय ने उससे लव मैरिज भी कर ली। मैरिज के डेढ़ वर्ष बाद दोनों साथ रहने लगे तब शादी करने का खुलासा हुआ। आरोप है कि इसको लेकर अनामिका के पिता महेंद्र सिंह ने काफी हंगामा किया था। मगर, फिर एक चाल चली और धूमधाम से शादी करने का झंासा देकर बेटी को अपने साथ ले गए। बेटी के घर आते ही महेंद्र शादी से मुकर गए और अभय को धमकाया भी। भाई अमित की मानें तो अभय पर जानलेवा हमला भी कराया। उसके बाद अनामिका ने पुलिस अफसरों को शिकायत पत्र देकर पति के सुरक्षा की मांग की और पति के साथ कुछ होने की दशा में अपने परिवार वालों को जिम्मेदार ठहराने की बात लिखी। महेंद्र आबकारी विभाग में उपनिरीक्षक हैं। पुलिस अनामिका व उसके घर वालों से पूछताछ कर रही है।

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