लोकप्रिय और ट्रेंडिंग टॉपिक्स

Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Himachal High Court, Mother in law and Nandoi sentenced to life imprisonment in murder case

Himachal High Court: हत्या के मामले में सास और ननदोई को उम्र कैद की सजा

अमर उजाला ब्यूरो, शिमला Published by: Krishan Singh Updated Sat, 27 Aug 2022 09:00 PM IST
सार

प्रदेश हाईकोर्ट ने हत्या के मामले में सास और ननदोई को सुनाई गई उम्र कैद की सजा पर मुहर लगाई है। जयसिंहपुर के रमेश और निर्मला देवी को निचली अदालत ने उम्र कैद की सजा और दस-दस हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई थी। 

हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट
हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
ख़बर सुनें

विस्तार

हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने हत्या के मामले में सास और ननदोई को सुनाई गई उम्र कैद की सजा पर मुहर लगाई है। जयसिंहपुर के रमेश और निर्मला देवी को निचली अदालत ने उम्र कैद की सजा और दस-दस हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई थी। न्यायाधीश सबीना और न्यायाधीश सत्येन वैद्य की खंडपीठ ने निचली अदालत के निर्णय को सही ठहराया है। 24 अक्तूबर, 2014 को मृतक का ननदोई रमेश कुमार उसके घर आया। उस समय मृतक का पति खेतों में काम करने गया था। दोषी रमेश ने पहले तो बिजली का मीटर खराब किया। उसके बाद घर का दरवाजा तोड़ा। मृतक ने जब उसे ऐसा करने से रोका तो दोषी ने उसे धक्का दे दिया। सास निर्मला देवी ने अपने दामाद से कहा कि इसका सारा सामान घर से बाहर फेंक दो। उसके बाद सास ने मृतक को पकड़े रखा। दोषी ने अपने हाथ में मिट्टी तेल की कैनी लाई और मृतक पर छिड़का।



सास निर्मला देवी ने अपने दामाद को आग लगाने के लिए कहा। उसे जान से मारने के इरादे से दोनों ने मृतक को आग लगा दी। इस घटना को देखकर मृतक के बच्चे अपने पिता को बुलाने खेत की तरफ दौड़े। मृतक के पति ने उस पर पानी डाला और अस्पताल ले गया। उसी दिन मृतक ने पुलिस को बयान दिया। बुरी तरह जलने के कारण बाद में उसकी मौत हो गई। मामले की जांच के बाद अभियोजन पक्ष ने दोषियों के खिलाफ निचली अदालत में अभियोग चलाया। अभियोजन पक्ष ने दोषियों के खिलाफ अभियोग साबित करने के लिए 31 गवाह पेश किए। निचली अदालत ने पाया कि अभियोजन पक्ष दोषी के खिलाफ अभियोग साबित करने में सफल रहा है। निचली अदालत ने दोषी को उम्र कैद की सजा और दस-दस हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई थी। इस निर्णय को दोषियों ने हाईकोर्ट के समक्ष अपील के माध्यम से चुनौती दी। हाई कोर्ट ने मामले से जुड़े तमाम रिकॉर्ड का अवलोकन करने के बाद पाया कि निचली अदालत ने अभियोजन पक्ष की ओर से पेश किए गए सबूतों को सही तरीके से सराहा है। दोषियों की अपील को खारिज करते हुए हाईकोर्ट ने निचली अदालत के निर्णय को सही ठहराया है।  

आपकी राय हमारे लिए महत्वपूर्ण है। खबरों को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।

खबर में दी गई जानकारी और सूचना से आप संतुष्ट हैं?
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
Election
एप में पढ़ें
जानिए अपना दैनिक राशिफल बेहतर अनुभव के साथ सिर्फ अमर उजाला एप पर
अभी नहीं

प्रिय पाठक

कृपया अमर उजाला प्लस के अनुभव को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।
डेली पॉडकास्ट सुनने के लिए सब्सक्राइब करें

क्लिप सुनें

00:00
00:00