यूनिट एरिया मेथड से टैक्स देने को रहें तैयार

Shimla Updated Mon, 17 Sep 2012 12:00 PM IST
शिमला। राजधानी के लोग नई टैक्स प्रणाली यूनिट एरिया मेथड के आधार पर टैक्स देने को तैयार हो जाएं। राज्य सरकार ने एमसी शिमला के यूनिट एरिया मेथड को खारिज करने के प्रस्ताव को ठुकरा दिया है। सरकार ने सख्त लहजे में कहा है कि शहर में नई टैक्स प्रणाली लागू करनी ही होगी। वहीं, मेयर संजय चौहान का कहना है इस मामले को अब निगम सदन में लाया जाएगा। राज्य सरकार ने एमसी के पारित प्रस्ताव को नामंजूर कर शहर के लोगों के साथ-साथ मर्ज एरिया के छह वार्डों के लोगों पर अतिरिक्त बोझ डालने की तैयारी कर दी है। इसके साथ ही सेल्फ यूज की छूट को भी खत्म नहीं किया है। इसके तहत 100 वर्ग मीटर भूमि और फ्लैट पर भी टैक्स लगेगा। निगम आयुक्त डा. एमपी सूद ने पुष्टि की कि राज्य सरकार ने यूनिट एरिया में एमसी द्वारा मांगी गई छूट के प्रस्ताव को नामंजूर कर दिया है। सरकार ने नई प्रणाली को लागू करने के आदेश दिए हैं।

यूनिट एरिया मेथड के तहत शहर में नई प्रणाली से टैक्स वसूली करने का मसौदा परुडा कंपनी ने तैयार किया है। यूनिट एरिया मेथड के तहत हाउस टैक्स की दरों को लोकेशन, ऐज, यूजर, आक्यूपेंसी और टाइप आफ स्ट्रक्चर के मुताबिक तय किया जाएगा। एक से पच्चीस प्रतिशत के बीच टैक्स की दर निर्धारित की जाएगी। नगर निगम सदन में इस मेथड का व्यापक विरोध किया गया। सदन ने प्रस्ताव पारित कर प्रदेश सरकार से नई टैक्स प्रणाली को तीन साल तक लागू न करने की मांग की थी। इसके अलावा रैंट और इन्कम आधार पर ही टैक्स वसूलने की सिफारिश की थी। सदन ने मर्ज एरिया को टैक्स के दायरे से बाहर रखने और सेल्फ यूज की छूट को खत्म नहीं करने की भी मांग की थी। लेकिन प्रदेश सरकार ने एमसी की सभी दलीलों को धता कर यूनिट एरिया मेथड को ही लागू करने के आदेश दे दिए हैं।

क्या है यूनिट एरिया मेथड
यूनिट एरिया मेथड के तहत हाउस टैक्स की दरों को लोकेशन, एज, यूजर, आक्यूपेंसी और टाइप आफ स्ट्रक्चर के मुताबिक तय किया जाएगा। एक से पच्चीस प्रतिशत के बीच टैक्स की दर निर्धारित की जाएगी।

आठ हजार नए उपभोक्ता भी नपे
अभी तक 100 वर्र्ग मीटर भूमि और फ्लैट वाले उपभोक्ताओं से हाउस टैक्स नहीं लिया जाता है। ओपन और मर्र्ज एरिया में 100 वर्ग मीटर के दायरे में आने वाले ऐसे करीब आठ हजार उपभोक्ता हैं जिन्हें सेल्फ यूज के नाम पर हाउस टैक्स से अभी तक छूट दी जाती रही है।

पहली बार लागू होगी व्यवस्था
मर्ज एरिया के वार्डों में अभी तक हाउस टैक्स की वसूली नहीं की जाती है। यूनिट एरिया मेथड के आधार पर पहली बार टैक्स वसूली की व्यवस्था इन वार्डों में लागू हो सकती है। एमसी में छह वार्ड मर्ज किए गए हैं। इनमें ढली, चम्याणा, मल्याणा, पटयोग (न्यू शिमला), टुटू और कसुम्पटी वार्ड शामिल हैं।

19 वार्डों में हैं 12 हजार उपभोक्ता
वर्तमान व्यवस्था के तहत नगर निगम के 19 वार्डों से हाउस टैक्स और कामर्शियल टैक्स की वसूली की जा रही है। करीब बारह हजार उपभोक्ताओं से सालाना आठ करोड़ का टैक्स वसूला जाता है। हाउस होल्ड से पंद्रह प्रतिशत, कामर्शियल व सरकारी संपत्ति से 17.25 प्रतिशत टैक्स के रूप में लिया जाता है।

मामले पर सदन में करेंगे चर्चा : मेयर
एमसी के मेयर संजय चौहान का कहना है प्रदेश सरकार के इस आदेश को हम मंजूर नहीं करेंगे। यूनिट एरिया मेथड में मांगी गई छूट का मामला सदन में लाया जाएगा। सदन में चर्चा के बाद आगामी रणनीति बनाई जाएगी।


लागू नहीं होने देंगे यूनिट एरिया मेथड : सुशांत
कांग्रेस पार्षद सुशांत कपरेट का कहना है कि यूनिट एरिया मेथड में कई अनियमितताएं हैं। इसमें व्यापक संशोधन किए जाने की आवश्यकता है। एमसी एरिया में इस मेथड को लागू नहीं होने दिया जाएगा।

सुविधाएं मिले बिना नहीं देंगे टैक्स : मीरा
माकपा नेत्री और मल्याणा से पूर्व पार्षद मीरा का कहना है कि मर्ज एरिया में बिना सुविधाएं दिए टैक्स लगाया जाना तर्कसंगत नहीं है। सरकार के इस आदेश के खिलाफ जन आंदोलन किया जाएगा।

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