कुश्ती और रस्साकसी के भी अंतर्राष्ट्रीय मुकाबले होंगे

Ludhiana Updated Wed, 12 Dec 2012 05:30 AM IST
मानसा। उप मुख्य मंत्री सुखबीर सिंह बादल ने कि पंजाब को पुरातन खेलों से जोड़ने के लिए राज्य में अगले वर्ष कुश्ती व रस्सा कस्सी के अंतर्राष्ट्रीय मुकाबले करवाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि ये मुुकाबले गंावों में आयोजित किए जाएंगे। अगले वर्ष कुश्ती मुकाबले में भारत के साथ पाकिस्तान और ईरान के पहलवानों के बीच देसी कुश्ती मुकाबले होंगे। सुखबीर मंगलवार को यहां नेहरू मेमोरियल कालेज के खेल मैदान में विश्वकप कबड्डी के लीग मैचों का उद्घाटन के दौरान लोगों को संबोधित कर रहे थे।
डिप्टी सीएम ने कहा कि बादल सरकार का मुख्य उद्देश्य इस समय पंजाब की जवानी को नशों से बचाना व विकास करवाना ही मुख्य लक्ष्य है। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार कबड्डी के बाद कुश्ती और रस्साकसी जैसे पुरातन खेलों का आयोजन करेगी और इससे भी बड़े इनाम देगी। इन मैचों को गांवों में आयोजित किया जाएगा। सुखबीर ने कहा कि कांग्रेस के शासनकाल में तरक्की से वंचित रहा और पिछले पांच वर्षाेँ में यहां विकास साफ दिखाई पड़ रहा है। आगामी चार वर्षाें में पंजाब को विकास की उंचाइयाें पर ले जाया जाएगा।
इस मौके उनके साथ राच्य सभा सदस्य बलविंदर सिंह भूंदड, शिक्षा मंत्री सिकंदर सिंह मलूका, खेल विभाग के संसदीय सचिव पवन टीनू, विधायक प्रेम मित्तल, मंगत राय बंसल, विधायक चतिन सिंह समाओ, दिलराज सिंह भूंदड, डीसी अमित ढाका, एसएसपी नरिंदर भार्गव, एसडीएम वरिंदर शर्मा, आईजी निर्मल सिंह ढिल्लो, डीआईजी प्रमोद बान शामिल थे।
कच्ची खालों को पक्का किया जाएगा
सुखबीर ने कहा कि पंजाब सरकार ने विकास का जो नया माडल तैयार किया है उस तहत सीमेंट की गलियों के अलावा किसानों को नहरी पानी की आ रही समस्या से छुटकारा दिलाने के लिए कच्चे खालों को पक्का किया जाएगा।
मानसा में बनेगा बड़ा अस्पताल
डिप्टी सीएम ने कहा कि मानसा में हर बीमारी के इलाज के लिए एक बड़ा अस्पताल बनाकर मुफ्त सेहत सहूलियतें दी जाएंगी। आगामी चार सालों में इस क्षेत्र में कालेज और गांवों में माडल स्कूलों की स्थापना की जाएगी।


अगले वर्ष भारत पाकिस्तान और ईरान के बीच देशी कुश्ती मुकाबले करवाए जाएंगे।

Spotlight

Most Read

Jharkhand

गरीबी की वजह से इस शख्स ने शुरू किया था मिट्टी खाना, अब लग गई लत

गरीबी की वजह से झारखंड के कारु पासवान ने मिट्टी खानी शुरू की थी।

19 जनवरी 2018

Related Videos

सरकारी बेरुखी ने बनाया इस गोल्ड मेडेलिस्ट को मजदूर

स्पेशल ओलिंपिक्स वर्ल्ड समर गेम्स-2015 में 2 स्वर्ण पदक विजेता 17 साल के चैंपियन साइक्लिस्ट राजबीर सिंह आजकल बदहाली में जी रहे हैं। राजबीर की ये बदहाली सरकार के खेलों को बढ़ावा देने के दावों की कलई खोल रही है।

27 दिसंबर 2017

आज का मुद्दा
View more polls
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper