नार्थ में कॉटन का रकबा कम, उत्पादन बेहतर

Ludhiana Updated Thu, 04 Oct 2012 12:00 PM IST
लुधियाना। सुस्त मानसून, कीमतों में कमी के चलते उत्तर भारत के किसानों ने इस बार कॉटन में ज्यादा रुचि नहीं दिखाई। नतीजतन उत्तर भारत के राज्यों में कॉटन की बुआई का रकबा करीब नौ फीसदी कम हो गया है। बावजूद इसके मौजूदा अनुकूल मौसम के कारण फसल बेहतर हुई है और उत्तर भारत से 58 से 60 लाख गांठ (170 किलोग्राम प्रति गांठ) उत्पादन होने की संभावना है। इसके चलते चालू सीजन के दौरान कॉटन के दाम लगभग एक दायरे में रहने का अनुमान है।
काबिलेजिक्र है कि पंजाब में पिछले साल 5.75 लाख हेक्टेयर जमीन में कॉटन की बुआई की गई थी, जोकि इस साल कम होकर 5.16 लाख हेक्टेयर में हुई है। इसी तरह हरियाणा में पिछले साल 6.05 लाख हेक्टेयर की बजाए इस बार 6.03 लाख हेक्टेयर में बुआई की गई है। रकबे में सबसे ज्यादा कमी राजस्थान में देखी गई है, वहां पर पिछले साल 5.30 लाख हेक्टेयर की तुलना में इस सीजन के दौरान केवल 4.49 लाख हेक्टेयर जमीन में कॉटन की बुआई हुई है।
इस तरह से पिछले साल इन राज्या की 17.10 लाख हेक्टेयर जमीन में कॉटन पैदा किया गया था, जोकि इस साल कम होकर 15.68 लाख हेक्टेयर रह गया है। माहिरों का कहना है कि पिछले साल इन राज्यों से साठ लाख गांठ कॉटन का उत्पादन हुआ था, क्योंकि सितंबर अक्तूबर-2011 के दौरान ज्यादा बारिश के कारण फसल को काफी नुकसान हुआ था, लेकिन इस सीजन में फिलहाल मौसम काफी बेहतर है। नतीजतन फसल बंपर आ रही है।
वर्धमान टेक्सटाइल्स लिमिटेड के जनरल मैनेजर एवं कॉटन के अंतरराष्ट्रीय माहिर आईजे धुरिया कहते हैं कि इस सीजन के दौरान ग्वार गम की कीमतों में काफी मजबूती देखी गई। इसलिए राजस्थान के किसानों से ग्वार गम की पैदावार में ज्यादा रुचि दिखाई। इसके अलावा पिछले साल अक्तूबर में खराब मौसम के चलते मार खाए पंजाब एवं हरियाणा के किसानों ने भी कॉटन की बुआई कम की।
धूरिया का कहना है कि अच्छी फसल के चलते बाजार की जरूरतें आसानी से पूरी हो रही हैं। नतीजतन पिछले साल के मुकाबले फिलहाल बाजार में कॉटन के दाम भी करीब दस फीसदी तक कम हैं। बाजार में पुरानी कॉटन का रेट 3500-3600 रुपये प्रति मन (37.32 किलो) और नई कॉटन के दाम 3200 से 3300 के बीच में हैं। नई कॉटन में अभी नमी अधिक है और क्वालिटी भी पूरी नहीं बन पाई है। कुछ दिनों में मंडियों में बेहतरीन क्वालिटी के कॉटन की आमद शुरू हो जाएगी। आने वाले समय में भी दाम एक दायरे में रहने की संभावना है।

Spotlight

Most Read

Delhi NCR

आप विधायकों को हाईकोर्ट ने भी नहीं दी राहत, अब सोमवार को होगी सुनवाई

लाभ के पद के मामले में चुनाव आयोग ने आम आदमी पार्टी के 20 विधायकों को अयोग्य घोषित करने के मामले में अब सोमवार को होगी सुनवाई।

19 जनवरी 2018

Related Videos

सरकारी बेरुखी ने बनाया इस गोल्ड मेडेलिस्ट को मजदूर

स्पेशल ओलिंपिक्स वर्ल्ड समर गेम्स-2015 में 2 स्वर्ण पदक विजेता 17 साल के चैंपियन साइक्लिस्ट राजबीर सिंह आजकल बदहाली में जी रहे हैं। राजबीर की ये बदहाली सरकार के खेलों को बढ़ावा देने के दावों की कलई खोल रही है।

27 दिसंबर 2017

  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper