स्पेशल एजुकेटरों पर बरसाईं लाठियां

Ludhiana Updated Sat, 29 Sep 2012 12:00 PM IST
लंबी (मुक्तसर)। शारीरिक और मानसिक तौर पर विकलांग बच्चों को पढ़ाने वाले अध्यापकों (स्पेशल एजुकेटर) पर शुक्रवार को पुलिस का कहर टूट पड़ा। वेतन में वृद्धि करने और गत जून माह की छुट्टियों का काटा गया वेतन देने की मांग को लेकर जब यह अध्यापक दोपहर करीब दो बजे मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल के पैतृक गांव बादल की ओर कूच करने लगे तो पुलिस ने उन्हें राष्ट्रीय राज्य मार्ग स्थित थाना लंबी के निकट ही रोक लिया और जमकर लाठीचार्ज किया। बताया जाता है कि इस लाठीचार्ज के दौरान चार अध्यापक और चार अध्यापिकाएं घायल भी हो गईं। उधर, पुलिस ने 17 अध्यापक-अध्यापिकाओं को हिरासत में ले लिया है।
यह स्पेशल एजुकेटर पिछले कई दिन से लंबी में संघर्षरत चल रहे थे। शुक्रवार को स्पेशल एजुकेटर यूनियन के प्रदेश अध्यक्ष सुखराज सिंह के नेतृत्व में करीब ढाई सौ अध्यापक-अध्यापिकाएं गुप्त तौर पर बाबा मान सिंह स्टेडियम में एकजुट हुए और करीब सवा एक बजे गांव बादल की ओर चल पड़े। अभी वह थाना लंबी के निकट ही पहुंच पाए थे कि डीएसपी मनविंदरबीर सिंह के नेतृत्व में पुलिस पार्टी ने उन्हें आगे बढ़ने से रोक लिया, लेकिन अध्यापक नेता आगे बढ़ने को बाजिद थे। इस पर पुलिस ने पहले तो उन्हें पानी की बौछारों के जरिए रोकने की कोशिश की, लेकिन इसके बावजूद जब प्रदर्शनकारी आगे बढ़ने को बाजिद दिखे तो जमकर लाठीचार्ज किया। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को खूब दौड़ा-दौड़ा कर पीटा। यूनियन के जिला अध्यक्ष दीपक कुमार ने बताया कि इस लाठीचार्ज में अध्यापक मनोज कुमार, वरिंदर सिंह, हरप्रीत सिंह, बलजीत ग्रोवर तथा अध्यापिका अमनजीत कौर, कमला कुमारी, भूपिंदर कौर व रजनी बाला घायल हो गए। जिनका सरकारी अस्पताल में उपचार कराया गया है। दीपक कुमार के अनुसार पुलिस ने 17 स्पेशल एजुकेटरों को हिरासत में ले रखा है। उन्होंने कहा कि जब तक उन्हें सर्व शिक्षा अभियान के तहत कार्यरत सामान्य अध्यापकों के समान वेतन स्केल नहीं मिलता तब तक उनका संघर्ष यूं ही जारी रहेगा। उधर, एसएसपी इंद्रमोहन सिंह ने बताया कि इस मामले में नौ लोगों के खिलाफ सरकारी ड्यूटी में विघ्न डालने और राष्ट्रीय राज्य मार्ग को जाम करने पर मामला दर्ज किया गया है।

Spotlight

Most Read

Lucknow

सीएम योगी ने सुनी गुहार, .... और छलक पड़ी आंखे, जानें क्या था मामला

सीएम योगी ने केजीएमयू में कैंसर पीड़ित की गुहार सुनी और उसे मुख्यमंत्री कोष से इलाज कराने का आश्वासन दिया।

19 जनवरी 2018

Related Videos

सरकारी बेरुखी ने बनाया इस गोल्ड मेडेलिस्ट को मजदूर

स्पेशल ओलिंपिक्स वर्ल्ड समर गेम्स-2015 में 2 स्वर्ण पदक विजेता 17 साल के चैंपियन साइक्लिस्ट राजबीर सिंह आजकल बदहाली में जी रहे हैं। राजबीर की ये बदहाली सरकार के खेलों को बढ़ावा देने के दावों की कलई खोल रही है।

27 दिसंबर 2017

  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper