गुदगुदी
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गुदगुदी: क्या ये होते हैं टीचरों के अच्छे दिन!

9 दिसंबर 2021

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भई टीचरों के भी ना भले ही स्कूल में बच्चे सिरदर्द किए रखते हैं। बहुत भारी शेड्यूल होता है टीचर्स का। मगर कभी-कभी इन टीचरों की भी ना मौज हो जाती है। वो ऐसे कि एक दफा दो बहनें कर रही थी आपस में बात।

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अमर उजाला लेकर आया है अमर उजाला आवाज की गुदगुदी। जहां आपको रोज नए-नए जोक्स सुनने को मिलेंगे रानी के अंदाज में। सुनिए और लुत्फ उठाइए इन मजेदार चुटकुलों का।

भई दुख क्या होता है, ये उस शख्स से पूछिए, जिसको भंडारे में ना तो पूड़ी नसीब हुई और तो और चप्पल भी चोरी हो जाए।
 

अमर उजाला आवाज की 'गुदगुदी' में रानी ने दिया शादीशुदा आदमियों को ज्ञान, वो ये कि जब कभी मां के सामने किसी बात पर पत्नी को डांटना पड़ जाए तो चुपके से उसे आंख भी मार देना।

ये दुनिया में सुख-दुख तो जी चलता ही रहेगा और ऐसे में एक सुख-दुख तो जी आदमियों का शादी के बाद साथ ऐसे पकड़े रखता है कि ना चाहकर भी हर वो काम करना पड़ता है जिसको नहीं करोगे ना तो खैर नहीं।

रानी बोली, इतना तो बगुला भी मछली पकड़ने के लिये चोंच नहीं निकालता होगा, जितना कि लड़कियां आजकल सेल्फी लेके वक्त होंठ निकालती रहती हैं। हां भई, मैंने को कई बार सेल्फी लेते वक्त होंठ निकालने की कोशिश की, मगर मेरा तो मुंह ही टेढ़ा हो गया।

'गुदगुदी' में रानी ने कहा कि मुझे कोई कहे कि फास्ट फूड में मुझे क्या अच्छा लगता है तो मुझे को पिज्जा बहुत टेस्टी लगता है। एक दिन मैं गई अपनी दोस्त बिट्टी को लेकर एक रेस्टोरेंट में। वहां जाकर मैंने पूछा कि बिट्टी, पिज्जा खाएगी

अब उन महाशयों के लिए एक एडवाइजरी है जो इस सोच में बैठे हैं, जैसे नया साल आ गया तो उनकी लाइफ भी नई हो गई और तो कुछ नहीं। बस इतना याद रखना कि साली और घरवाली दोनों वही रहनी हैं बारी तुम देख लियो।

ये फेसबुकिया होते हैं ना, वो शायद होशियार बहुत होते हैं। आए दिन फेसबुक पर जो स्टेटस डालते हैं ना, फीलिंग सैड, फीलिंग नोस्टालजिक,फीलिंग थॉटफुल, ये सारे विचार कभी-कभी खतरनाक भी साबित हो जाते हैं

भई आप लोगों को पता है कि नकल सबसे ज्यादा कहां होती है? नहीं पता तो सुनिए, सबसे ज्यादा नकल होती है व्हाट्सअप पर, जिसे कहते हैं व्हाट्सअप यूनिवर्सिटी। तो इसीलिए वहां एग्जाम में होती रहती है नकल-वकल।

भई अब सुनाते हैं एक भड़के आशिक की भड़ास, जो हंस-हंस के पेट दुखा देगी। वो बोला कि जब से तू अलग हुई है, तो ना तो फोन की बैटरी लो होती है और ना ही बैलेंस ख्त्म होता है

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