पिता जूते सिल रहा था, बेटी ने नंगे पैर दौड़कर जीता सोना

Amit Tiwariअमित तिवारी Updated Wed, 14 Oct 2015 01:54 PM IST
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Daughter Wins Gold Running Barefoot

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मुंबई में जिस वक्त सयाली म्हाइशुने, प्रियदर्शिनी पार्क में गोल्ड मेडल जीतने के लिए नंगे पैर दौड़ लगा रही थी उसी दौरान उसके पिता दादर में बैठे लोगों के जूतों की मरम्मत कर रहे थे। उन्हें क्या पता था कि उनकी बेटी उनका नाम रोशन करने की ओर कदम बढ़ा चुकी है।
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एनडीटीवी के अनुसार उसके कदम जितनी तेजी से आगे बढ़ रहे थे उतनी ही तेजी से उसके पिता जूतों की मरम्मत करने में लगे थे और जैसे ही उन्होंने जूता तैयार करके अपने ग्राहक के पैर के नीचे रखा वैसे ही सयाली के पास वह तमगा आ गया जिसे गोल्ड स्वर्ण पदक कहते हैं।
सोमवार का दिन रोज की तरह ही सयाली के पिता मंगेश के लिए आम दिनों की तरह ही था लेकिन उनके चेहरे पर जो मुस्कान थी वह कुछ और ही बयां कर रही थी। वह खुशी उनके 14 साल की बेटी सयाली की वजह से था जिसने एक दिन पहले ही 3,000 मीटर की अंडर-17 अंतरविद्यालय एथलीट प्रतियोगिता में गोल्ड मेडल जीता था। यह रेस उसने नंगे पैर दौड़कर ही जीत लिया क्योंकि उसके पास जूते खरीदने के पैसे नहीं थे। इस रेस को पूरा करने में सयाली ने 12:27:8 सेकेंड का वक्त लिया।
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