सेवा कर के दायरे में नहीं आएगा कैग

Market Updated Fri, 22 Jun 2012 12:00 PM IST
CAG-will-not-come-under-the-purview-of-service-tax
राजस्व विभाग ने एक सर्कुलर जारी कर कहा है कि नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (कैग) द्वारा प्रदान की जाने वाली लेखा परीक्षण (ऑडिट) सेवाएं 12 फीसदी सेवा कर के दायरे में नहीं आएंगी क्योंकि कैग एक संवैधानिक निकाय है।

केंद्रीय उत्पाद एवं सीमा शुल्क बोर्ड (सीबीईसी) द्वारा जारी सर्कुलर में कहा गया है कि कैग एक संवैधानिक निकाय है इसलिए इसकी तुलना किसी चाटर्ड एंकाउंटेंट (सीए) फर्म से नहीं की जा सकती है। सीबीईसी की ओर से यह स्पष्टीकरण कैग द्वारा निगमों के लेखा परीक्षण हेतु लिए जाने वाले शुल्क (ऑडिट फीस) के सेवा कर के दायरे में आने या न आने को लेकर उठ रही शंकाओं के बाद जारी किया गया है।

यह सर्कुलर मुख्य सेवा कर आयुक्त द्वारा बीते सप्ताह कर अधिकारियों को लिखे गए उस पत्र के बाद जारी हुआ है जिसमें कमिश्नर ने कहा था कि कैग देशभर में अपने द्वारा प्रदान की जा रही ऑडिट सेवाओं को लेकर अपनी करदेयताओं का निर्वाह नहीं कर रहा है और उसके ऊपर 33 लाख रुपये का कर भुगतान बकाया है।

गौरतलब है कि फिलहाल ऑडिट सेवाएं देने वाली चार्टर्ड एकाउंटेंट फर्मों और कंसल्टेंसी फर्मों द्वारा प्रदान की जाने वाली बिजनेस सपोर्ट सेवाओं पर 12 फीसदी सेवा कर वसूल किया जाता है। इसी को लेकर यह शंका सामने आई थी कि कैग द्वारा शुल्क लेकर प्रदान की जा रही ऑडिट सेवाएं भी सेवा कर के दायरे में आती हैं या नहीं।

Spotlight

Related Videos

‘पद्मावत’ का रिव्यू : फर्स्ट डे-फर्स्ट शो से पहले देखिए

'पद्मावत' की रिलीज से पहले प्रोड्यूसर-डायरेक्टर संजय लीला भंसाली ने मीडिया के लिए प्रेस शो रखा जिसे देखने के बाद जर्नलिस्ट्स ने क्या रिव्यू दिया ‘पद्मावत’ पर वो आपको दिखाते हैं सिर्फ अमर उजाला टीवी पर।

24 जनवरी 2018

आज का मुद्दा
View more polls
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper