रुपये में सुधार को हरसंभव कदम उठाएगा RBI

Market Updated Fri, 25 May 2012 12:00 PM IST
RBI-will-take-all-possible-steps-to-improve-RS
रुपये में तेज गिरावट के बीच रिजर्व बैंक ने कहा है कि वह स्थिति पर नजर रखे हुए है और घरेलू मुद्रा में गिरावट रोकने के लिए हरसंभव कदम उठाएगा। निदेशक मंडल की हुई बैठक के बाद केंद्रीय बैंक के गवर्नर डी. सुब्बाराव ने कहा कि रिजर्व बैंक रुपये को संभालने के लिए हर आवश्यक कदम उठाएगा। चालू खाते में सुधार के लिए कुछ ढांचागत बदलाव जरूरी हैं। रिजर्व बैंक हालात पर नजर रखे हुए है और वह हरसंभव उपाय करेगा।

पाबंदी से बैंकों की कमाई घटी
पिछले तीन से चार महीने में रुपये में अवमूल्यन का जिक्र करते हुए सुब्बाराव ने कहा कि हमने चालू खाते में पूंजी के प्रवाह को प्रोत्साहित करने और सट्टेबाजी रोकने के लिए कदम उठाए हैं। रिजर्व बैंक ने हाल में निर्यातकों के लिए ऐसे निर्देश जारी किए, जिससे उनके लिए विदेशी मुद्रा की कमाई को ज्यादा समय तक विदेश में रखना पहले जैसा नहीं रह गया है। इसी तरह बैंकों पर ऐसी पाबंदी लगा दी गई है, जिससे वे विदेशी मुद्रा की सटोरिया मांग ज्यादा न कर सकें।

एक मार्च से शुरू हुआ रुपये में गिरावट
डॉलर के मुकाबले रुपया बृहस्पतिवार को कारोबार के दौरान 56.38 पर चला गया था, लेकिन जब सुब्बाराव मीडिया को संबोधित कर रहे थे, इसमें उसी समय रुपये की दर में सुधार हुआ। एक मार्च से लेकर अब तक रुपये में 13 फीसदी और 16 मार्च को बजट पेश होने के बाद इसमें 11 फीसदी से अधिक की गिरावट आ चुकी है। विदेशी निवेशकों द्वारा शेयर बाजारों से कोष निकाले जाने से रुपये पर असर पड़ा। बजट में पूर्वप्रभावी कराधान और जनरल एंटी एवायडेंस रूल्स (गार) जैसे प्रस्ताव शामिल थे।

फिलहाल नहीं बेचे जाएंगे डॉलर
सुब्बाराव ने कहा कि रुपये में अस्थिरता बाहरी स्थिति के साथ-साथ चालू खाते और पूंजीगत खाते एवं भुगतान संतुलन की स्थिति का मिलाजुला नतीजा है। रिजर्व बैंक द्वारा तेल कंपनियों को सीधे डॉलर बेचे जाने के मुद्दे पर सुब्बाराव ने कहा कि बैठक में इस पर भी चर्चा हुई। हम इससे इनकार नहीं कर रहे। हालांकि फिलहाल हम अभी ऐसा नहीं करने भी नहीं जा रहे हैं। पहले हमने जरूरत पर सीधे डॉलर की बिक्री की है। लेकिन, इस स्थिति में रिजर्व बैंक ने अभी तक ऐसा नहीं किया है।

मौद्रिक समीक्षा में होगी घटनाक्रमों पर चर्चा
प्रधानमंत्री के आर्थिक सलाहकार परिषद के अध्यक्ष सहित कई विशेषज्ञों ने रिजर्व बैंक को सलाह दी है कि उसे तेल कंपनियों से सीधे डॉलर बेचने पर विचार करना चाहिए। मूल्यवृद्धि के संदर्भ में सुब्बाराव ने कहा कि खाद्य वस्तुओं की कीमतों आए उछाल से मुद्रास्फीति में तेजी आई है। अप्रैल महीने में महंगाई दर के आंकड़े चौंकाने वाले रहे। उन्होंने कहा कि आगामी 18 जून को होने वाली मध्य तिमाही मौद्रिक समीक्षा में हालिया घटनाक्रमों को ध्यान में रखा जाएगा।

Spotlight

Related Videos

VIDEO: ये है गरीबी में जीने वाला दुनिया का सबसे सुखी परिवार! देखिए कैसे

सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है। वीडियो में एक दंपत्ति डांस कर रहा हैं वो भी खूब मस्ती में।

20 जनवरी 2018

आज का मुद्दा
View more polls
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper