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मेरे अल्फाज़

रिमझिम रिमझिम बरसात आयी

prachi singh

23 कविताएं

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रिमझिम रिमझिम बरसात आती है
सबके मन को भाती है
चाहे बच्चे हो चाहे बड़े हो
सबको ख़ुश कर जाती है।
बारिश के आते ही पेड़ों में
हरियाली आ जाती है
इसकी एक बूंद पड़ते ही
पत्तियां ख़ुश हो जाती है।
धरती पर सौंधी सौंधी महक
की ख़ुशबू फैला जाती है
जिससे चारो ओर ख़ुशियां
ही ख़ुशियां छा जाती है।


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