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मेरे अल्फाज़

खूबसूरती का बेमिसाल नज़ारा हो तुम

basu harbansh

21 कविताएं

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खूबसूरती का बेमिसाल नज़ारा हो तुम,
मेरे दिल का सहारा हो तुम,

बेफ़िक्र चला हूं मैं,
जो मुझे राह दिखाए वो इशारा हो तुम,

मैं मस्ती में इठलाता पानी का धारा हूं,
मेरे साथ साथ चलते मुझको सँभाले वो किनारा हो तुम,

मुझे हर हाल में गवारा हो तुम,
मेरे नसीब का रोशन सितारा हो तुम।

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