आपका शहर Close
Kavya Kavya
Hindi News ›   Kavya ›   Kavya Charcha ›   padma sachdev has a lot of dongri literature
पद्मा सचदेव

काव्य चर्चा

जन्मदिन विशेष: पद्मा सचदेव की ये हैं 5 श्रेष्ठ रुबाइयां...

अमर उजाला काव्य डेस्क, नई दिल्ली

554 Views
डोंगरी साहित्य जिन रचनाकारों पर गर्व कर सकता है उनमें पद्मा सचदेव का नाम सर्वोपरि है। इनका जन्म 17 अप्रैल 1940 में हआ था। 'तेरी बातें ही सुनाने आये' उनकी डोंगरी रुबाइयों का संग्रह है। इन रुबाइयों में लौकिकता और पारलौकिकता के संकेत भी देखे जा सकते हैं। पद्मा सचदेव की ये रुबाइयां मन के एकांत को टटोलकर रची गई हैं। विशेषकर, एक भावनाप्रवण स्त्री की हार्दिकता को इनमें मार्मिक अभिव्यक्ति मिली है। आगे पढ़ें

घिरा था बादल मगर बरसा न था...

Comments
सर्वाधिक पढ़े गए
Top

Other Properties:

Your Story has been saved!