लद्दाख में बगावत से जूझ रही है कांग्रेस

Jammu Updated Tue, 06 May 2014 05:30 AM IST
विज्ञापन

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

*Yearly subscription for just ₹249 + Free Coupon worth ₹200

ख़बर सुनें
जम्मू। सरहदी शीत रेगिस्तान में सियासी पारा चढ़ा हुआ है। साल के अधिकांश महीनों में जमी रहने वाली नदियों का पानी रुक रुक कर बहने लगा है। चुनावी जंग में इस बार कांग्रेस सियासत की कठोर जलवायु से रूबरू है। कांग्रेस के बागी प्रत्याशी ने सियासी समीकरण बदल दिए हैं। नेकां-कांग्रेस गठबंधन के लिए राह आसान नहीं रह गई है। नतीजतन भाजपा की उम्मीदों को पंख लग गए हैं। चीन की सीमा पर स्थित सामरिक दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण इस संसदीय क्षेत्र में इस बार पर्यटन विकास भी चुनावी मुद्दा बना है।
विज्ञापन

मुख्य मुकाबला भाजपा के थुपस्थन चिवांग और कांग्रेस के सेरिंग सेंफल के बीच है। कांग्रेस ने पहले केंद्र शासित राज्य के दर्जे की मांग को हवा दी लेकिन सहयोगी दल नेशनल कांफ्रेंस के विरोध के बाद उसके सुर बदल गए। मौके की नजाकत को भांपते हुए भाजपा खुलकर इस मांग के समर्थन में आ गई है। इससे भाजपा को क्षेत्रीय भावनाओं को सहलाने का मौका मिला। नितिन गडकरी और मुख्तार अब्बास नकवी जनसभाएं कर चुके हैं। कांग्रेस का प्रचार रियासत के नेताओं पर ही केंद्रित रहा है।
यहां कांग्रेस अंदरूनी कलह से परेशान है। कांग्रेस प्रत्याशी सेंफल राष्ट्रीय अल्पसंख्यक आयोग के सदस्य रहे हैं। वह लेह जिले के कांग्रेस अध्यक्ष हैं। उनकी उम्मीदवारी कारगिल के जिला अध्यक्ष गुलाम राजा को नहीं पची और बागी प्रत्याशी के रूप में मैदान में आ गए। गुलाम राजा को लद्दाख विकास परिषद के अध्यक्ष असगर कारबली का करीबी माना जाता है। उन्हें इमाम खोमैनी मेमोरियल ट्रस्ट से मदद मिल रही है जिसका क्षेत्र में असर है। राजा की बगावत से कांग्रेस को झटका लगा है। वर्तमान निर्दलीय सांसद हसन खान इस बार चुनाव नहीं लड़ रहे हैं। वह इस्लामिया स्कूल से संबद्ध हैं। इस संस्था का शिया मुस्लिम बिरादरी पर खासा प्रभाव माना जाता है। दूसरे निर्दलीय प्रत्याशी आगा साबिर काजमी हैं।
इस्लामिया स्कूल को नेकां के भी करीब माना जाता है। इस तरह कांग्रेस प्रत्याशी तीन तरफा घिरे हैं। परदे के पीछे से पार्टी के बागी प्रत्याशी के अलावा नेकां के करीबी प्रत्याशी से वोट बैंक में सेंधमारी की आशंका है और सामने से भाजपा की की चुनौती है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Election
  • Downloads

Follow Us