बिजली कार्यालय का घेराव किया

Jammu Updated Thu, 26 Jul 2012 12:00 PM IST
जम्मू। बिजली की बेतरतीब कटौती से जम्मू के लोगों का गुस्सा सातवें आसमान पर पहुंच गया है। दिन हो या रात चौबीस घंटे में करीब बारह से 14 घंटे बिजली कटौती के खिलाफ बुधवार को जम्मू कश्मीर डेमोक्रेटिक फ्रंट (जेकेडीएफ) के कार्यकर्ताओं ने रोष रैली निकालते हुए बिजली विभाग के चीफ इंजीनियर कार्यालय में प्रदर्शन किया। यहां तक की चीफ इंजीनियर शहनाज गोनी के चैंबर में जाकर भी अपना रोष प्रकट किया।
फ्रंट के चेयरमैन अनिल गुप्ता की अगुवाई में कार्यकर्ताओं ने कहा कि बिना किसी शेड्यूल और सूचना के बिजली के कट पर कट लगाये जा रहे हैं। भयंकर गर्मी के मौसम में बिजली कटौती की वजह से लोगों का जीना मुहाल हो गया है। विद्यार्थियों की पढ़ाई चौपट हो रही है तो इससे पानी की आपूर्ति भी प्रभावित होकर रह गई है।
यही नहीं, व्यापारियों को बिजली कटौती की वजह से भारी नुकसान झेलना पड़ रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि जम्मू संभाग से ज्यादा राजस्व एकत्रित करने के बावजूद जम्मू को बिजली आपूर्ति की हालत बदतर बनी हुई है।
उन्होंने कहा कि सरकार ने जम्मू कश्मीर पावर डेवलपमेंट कारपोरेशन के साथ मिलकर पांपोर में गैस टरबाइन लगाई हुई है और सर्दियों में घाटी को अतिरिक्त बिजली देने के लिए सौ दिनों तक इस टरबाइन से प्रतिदिन 100 मेगावाट बिजली की आपूर्ति की जाती है। इससे 20 रुपये प्रति यूनिट के हिसाब से बिजली पड़ती है। वहीं सामान्य पनबिजली परियोजनाओं से 3.50 रुपये प्रति यूनिट बिजली का उत्पादन होता है। इस वजह से तीन महीने घाटी में टरबाईन से बिजली आपूर्ति करने के लिए सरकार को प्रति दिन करीब 35 लाख की राशि खर्च करनी पड़ती है। उन्होंने कहा कि सरकार इतने महंगे दामों पर बिजली घाटी को मुहैया करवा देती है जबकि जम्मू में गर्मियों के दिनों में चल पर बिजली संकट के मामले में र्कोई कदम नही उठाया जा रहा है। उन्होंने कश्मीर की तर्ज जम्मू में गर्मियों में बिजली आपूर्ति करने की मांग की। अनिल गुप्ता ने कहा कि जम्मू में कुल बिजली की खपत 40 फीसदी है और यहां से राजस्व 66 फीसदी आता है जबकि कश्मीर मे ं60 फीसदी बिजली मुहैया होने के बावजूद वहां से कुल 33 फीसदी राजस्व ही आता है लेकिन बिजली आपूर्ति के मामले में जम्मू से भेदभाव हो रहा है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला को चेतावनी दी गई कि वह जम्मू से बिजली के मामले में दोहरे मापदंड न अपनाये। जल्द बिजली की कटौती को बंद किया जाये नही तो बड़े पैमाने पर आंदोलन शुरू हो जाएगा। इस मौके पर मुरारी लाल बलगोत्रा, कृष्ण लाल, अरुण खन्ना, प्रशांत पुरी, मुनीश खजूरिया, श्रुति खजूरिया, विनोद खन्ना, मोनिका गुप्ता, राजा विवेक, अजय मन्हास, रवि मेहरा आदि ने भी बिजली विभाग और सरकार की कार्यशैली पर अपनी भड़ास निकाली। बिजली विभाग की ईएमएंडआरई डिवीजन जम्मू के कार्यकारी सुपरिंटेंडिंग इंजीनियर गुरचरण सिंह का कहना है मौजूदा समय बिजली विभाग के लिए सबसे ज्यादा संकट वाला है। उमस की वजह से एयर कंडिशनों का खुलकर प्रयोग होने से पूरा सिस्टम ओवरलोड हो चुका है। बिजली की मांग और उपलब्धता लगभग आधी होने के चलते बिजली विभाग और उपभोक्ता संकट से दोचार हो रहे हैं। बिजली का विवेकपूर्ण प्रयोग ही समस्या से राहत दिलवा सकता है।

Spotlight

Most Read

Lucknow

ब्राइटलैंड स्कूल दो दिन के लिए बंद, छात्रा हुई जुवेनाइल कोर्ट में पेश

राजधानी के ब्राइटलैंड स्कूल में छात्र को चाकू मारने की घटना के बाद बच्चों में बसे खौफ को दूर करने के लिए स्कूल को दो दिनों के लिए बंद कर दिया है।

19 जनवरी 2018

Related Videos

बॉलीवुड की टॉप हीरोइनों ने करवाई प्लास्टिक सर्जरी, बताइए कौन है सबसे हसीन ?

बॉलीवुड में कुछ सालों से प्लास्टिक सर्जरी करवा कर फीचर्स को और शार्प और सुंदर करने का चलन चल पड़ा है।

19 जनवरी 2018

  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper