लोकप्रिय और ट्रेंडिंग टॉपिक्स

विज्ञापन
Hindi News ›   India News ›   Supreme Court Said Hearing of Babri mosque demolition case to be completed by 31 August

ढांचा विध्वंस मामले में 31 अगस्त तक पूरी हो सुनवाई: सुप्रीम कोर्ट

अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली। Published by: योगेश साहू Updated Sat, 09 May 2020 12:39 AM IST
सार

ढांचा विध्वंस मामले में शीर्ष अदालत ने कहा है कि वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिये बयान दर्ज किए जाएं। बता दें कि इस मामले में लालकृष्ण आडवाणी, उमा भारती, मुरली मनोहर जोशी आरोपी हैं।

supreme court
supreme court - फोटो : ANI

विस्तार

सुप्रीम कोर्ट ने बाबरी विध्वंस मामले की सुनवाई पूरी करने की समयसीमा को एक बार फिर बढ़ा दिया। शीर्ष अदालत ने शुक्रवार को लखनऊ के विशेष जज एसके यादव को 31 अगस्त तक मामले की सुनवाई पूरी करने का आदेश दिया। इस मामले में भाजपा के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी, उमा भारती, कल्याण सिंह समेत विहिप के कई नेता आरोपी हैं।


 जस्टिस आरएफ नरीमन और जस्टिस सूर्यकांत की पीठ ने विशेष जज को वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिये बयान दर्ज करने और यह सुनिश्चित करने को कहा कि नियम समयसीमा में सुनवाई पूरी हो जाए। इससे पहले, शीर्ष अदालत ने विशेष जज को मामले की सुनवाई 30 अप्रैल तक पूरी करने का आदेश दिया था। इसके लिए बाकायदा उनके कार्यकाल में विस्तार किया गया था।


विशेष जज यादव ने पत्र लिखकर सुनवाई पूरी करने के लिए समयसीमा बढ़ाने की गुहार लगाई थी। पीठ ने पत्र पर विचार करने के बाद समयसीमा बढ़ाने का फैसला किया। पीठ ने अपने आदेश में कहा, इस मामले की सुनवाई और फैसला 31 अगस्त तक हो जाना चाहिए।

पीठ ने पाया कि बीते साल 19 जुलाई को दिए आदेश के अनुसार छह महीने में बयान दर्ज हो जाने चाहिए थे और इसके तीन महीने बाद फैसला होना था। लेकिन अप्रैल में 9 महीने बीतने के बावजूद अब तक बयान दर्ज नहीं हो पाए हैं। पीठ ने कहा, वीडियो कांफ्रेंसिंग की सुविधा उपलब्ध है, लिहाजा इसके जरिये बयान दर्ज होने चाहिए।

जज पर निर्भर करता है कि कार्यवाही कैसे नियंत्रित करें
सुप्रीम कोर्ट ने यह भी कहा है कि यह जज पर निर्भर करता है कि वह कानून का पालन करते हुए अदालती कार्यवाही को कैसे नियंत्रित करें जिससे कि ट्रायल में देरी न हो और समय सीमा का फिर से पालन न हो सके।

तीन आरोपियों की हो चुकी मौत
सुनवाई के दौरान गिरिराज किशोर, विश्व हिंदू परिषद के पूर्व अध्यक्ष अशोक सिंघल और विष्णु हरि डालमिया का निधन हो चुका है, लिहाजा उनके खिलाफ कार्यवाही को समाप्त कर दिया गया है। वहीं, बाबरी मस्जिद विध्वंस के समय यूपी के मुख्यमंत्री रहे कल्याण सिंह के खिलाफ पिछले साल सितंबर में राजस्थान के राज्यपाल के तौर पर कार्यकाल खत्म होने के बाद दोबारा सुनवाई शुरू की गई थी।
विज्ञापन
 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Election
एप में पढ़ें
जानिए अपना दैनिक राशिफल बेहतर अनुभव के साथ सिर्फ अमर उजाला एप पर
अभी नहीं

प्रिय पाठक

कृपया अमर उजाला प्लस के अनुभव को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।
डेली पॉडकास्ट सुनने के लिए सब्सक्राइब करें

क्लिप सुनें

00:00
00:00