कोविड-19 टीकाकरण अभियान के लिए तैयारियों ने पकड़ा जोर, देशभर में पहुंचाई गई टीके की खेप

Kuldeep Singh पीटीआई, नई दिल्ली Published by: Kuldeep Singh
Updated Thu, 14 Jan 2021 12:35 AM IST
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कोरोना वैक्सीन की पहली खेप पहुंची दिल्ली
कोरोना वैक्सीन की पहली खेप पहुंची दिल्ली - फोटो : अमर उजाला

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कोविड-19 के खिलाफ भारत के टीकाकरण अभियान की तैयारियों ने बुधवार को जोर पकड़ लिया। विमानों के जरिये देश भर में विभिन्न हवाईअड्डों पर टीके की खेप पहुंचाई गई, जहां से ये छोटे शहरों को भेजी गईं।
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देशभर में 16 जनवरी से शुरू होने जा रहा है टीकाकरण अभियान
जम्मू कश्मीर से केरल तक और असम से गोवा तक देश के कोने-कोने में कोविड-19 के टीके की खुराक सावधानीपूर्वक और तेज गति से पहुंचाई गयी। एक दिन पहले ही, मंगलवार को ऑक्सफोर्ड-एस्ट्राजेनेका के कोविशील्ड टीके की पहली खेप पुणे के सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया (एसआईआई) विनिर्माण केंद्र से रवाना की गई थी।


सूत्रों के मुताबिक सरकार द्वारा खरीदी गई कोविशील्ड टीके की 1.1 करोड़ खुराकों में 95 प्रतिशत दो दिनों में देश भर के करीब 60 स्थानों पर पहुंचाई गई है। हैदराबाद स्थित भारत बायोटेक द्वारा स्वदेश विकसित कोवैक्सीन की 55 लाख खुराक के लिए केंद्र ने आर्डर दिया था,जिसमें 2.4 लाख खुराक की पहली खेप 12 राज्यों को भेजी गई है।

आधिकारिक सूत्रों ने कहा कि टीके की खेप गणवरम (आंध्र प्रदेश), गुवाहाटी, पटना, दिल्ली, कुरूक्षेत्र, बेंगलुरु, पुणे, भुवनेश्वर, जयपुर, चेन्नई और लखनऊ भेजी गई।

स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि टीके राज्यों को उनके स्वास्थ्य कर्मियों के डेटा बेस के अनुपात में आंवटित किये गये हैं। शनिवार से शुरू होने जा रहे देशव्यापी टीकाकरण अभियान के मद्देनजर टीके की शीशी के गंतव्य स्थानों तक पहुंचना शुरू होने के साथ, राज्यों ने अपनी योजनाओं को सुदृढ़ करना शुरू कर दिया है।वे साजो-सामान के विवरण को भी अंतिम रूप देने में जुट गये हैं।

दिल्ली में 89 केंद्रों पर टीकाकरण अभियान शुरू होगा। मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि अगर केंद्र सरकार लोगों को कोरोना वायरस का टीका नि:शुल्क उपलब्ध कराने में नाकाम रहती है, तो दिल्ली सरकार राष्ट्रीय राजधानी के निवासियों को मुफ्त में इसे मुहैया कराएगी।

केजरीवाल ने कहा कि उन्होंने पहले ही केंद्र सरकार से अपील की है क्योंकि ऐसे बहुत लोग हैं जो टीका खरीद कर नहीं लगवा सकते हैं। राष्ट्रीय प्राथमिकता सूची के मुताबिक टीके पहले स्वास्थ्य कर्मियों और अग्रिम मोर्चे के कर्मियों को लगाये जाएंगे। मध्य प्रदेश , केरल, राजस्थान और उत्तराखंड तथा केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी और जम्मू कश्मीर को बुधवार को टीके की पहली खेप मिली, जबकि महाराष्ट्र और पश्चिम बंगाल ने विभिन्न जिलों तक टीकों का परिवहन शुरू कर दिया है।

वहीं, पश्चिम बंगाल के पूर्बा बर्धमान जिले में नए कृषि कानून के विरोध में प्रदेश के मंत्री सिद्दिकुल्लाह चौधरी के नेतृत्व में प्रदर्शन कर रहे लोगों द्वारा राष्ट्रीय राजमार्ग पर यातायात बाधित किये जाने से बुधवार को कोविड-19 टीके ले जा रहा एक विशेष वाहन भी फंस गया। सूत्रों ने यह जानकारी दी।

पूर्बा बर्धमान के पुलिस अधीक्षक भास्कर मुखोपाध्याय ने कहा कि कोलकाता को नई दिल्ली से जोड़ने वाले राजमार्ग पर ग्लासी इलाके में प्रदर्शन के कारण जाम की वजह से टीके लेकर जा रही वैन को पांच किलोमीटर तक गांव से होकर दूसरे रास्ते से आगे भेजना पड़ा।

उन्होंने कहा कि वाहन की आवाजाही में हुई देरी गांव के रास्ते पांच किलोमीटर की दूरी तय करने में लगे वक्त जितनी ही थी। गैरआधिकारिक सूत्रों ने हालांकि दावा किया कि वाहन को गांव के रास्ते से करीब 20 किलोमीटर तक ले जाने के बाद वापस राष्ट्रीय राजमार्ग पर लाया जा सका। पश्चिम बंगाल पुलिस की गाड़ी वैन को सुरक्षा प्रदान कर रही थी। वैन से टीकों की आपूर्ति बांकुरा और पुरुलिया में की जानी थी।

सूत्रों ने कहा कि कोलकाता में प्रदेश सरकार के टीका केंद्र से रवाना हुई इस वैन ने पूर्बा बर्धमान जिले के स्वास्थ्य कार्यालय में 31,500 टीकों की आपूर्ति की और फिर बांकुरा व पुरुलिया में जीवन रक्षक दवा की आपूर्ति के लिये आगे की यात्रा पर रवाना हुई लेकिन पुलिस द्वारा त्वरित और सुगमतापूर्वक दवा की पहुंच सुनिश्चित करने के लिये बनाए गए ग्रीन कॉरीडोर के बावजूद करीब सुबह 10 बजे प्रदर्शनकारियों के रास्ता बाधित करने से इसे रोकना पड़ा।

चौधरी ने कहा कि वह टीके के वाहन के आवगामन के बारे में अवगत नहीं थे और जब उन्हें इस बारे में पता चला तब तक वाहन का मार्ग बदला जा चुका था। मध्यप्रदेश में कोविड-19 टीकाकरण अभियान के लिये टीकों की पहली खेप बुधवार को भोपाल के राजा भोज विमान तल (हवाईअड्डे) पर पहुंची। एक अधिकारी ने यह जानकारी दी ।

मध्यप्रदेश जनसंपर्क विभाग के एक अधिकारी ने बताया मध्यप्रदेश के लिए 94 हजार कोविड-19 टीकों की पहली खेप बुधवार सुबह करीब 11 बजे मुंबई से निर्धारित उड़ान के माध्यम से यहां लाया गया। अधिकारी ने बताया कि इसके बाद इन टीकों को राजकीय टीका केंद्र ले जाया गया, जहां चिकित्सा शिक्षा मंत्री विश्वास सारंग ने इंतजामों का निरीक्षण किया।

अधिकारी ने कहा कि इन टीकों को अधिकारियों की निगरानी में भोपाल से संभाग के आठ जिलों में भेजा जाएगा। अधिकारियों ने बताया कि 16 जनवरी से शुरू हो रहे टीकाकरण के पहले चरण में मध्यप्रदेश में करीब पांच लाख लोगों को टीके लगाए जाएंगे।


केरल में भी कोविशील्ड टीके की पहुंची पहली खेप
केरल में भी कोविशील्ड टीके की पहली खेप बुधवार सुबह पहुंच गई। आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि पुणे स्थित एसआईआई से कोविशील्ड टीके की पहली खेप कोचीन अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे पर पहुंची। उन्होंने कहा कि एर्नाकुलम और कोझिकोड के लिए टीका लाने वाली गो एयर की उड़ान सुबह 10.35 बजे हवाई अड्डा पर उतरी।

राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के सूत्रों ने बताया कि टीके की 4.33 लाख डोज में से 1,100 माहे भेजी जाएंगी, जो पुडुचेरी का एक क्षेत्र है और कोझीकोड तथा कन्नूर जिलों के बीच स्थित है। इस टीके को कोच्चि, तिरुवनंतपुरम और कोझीकोड के क्षेत्रीय टीका केंद्रों में संग्रहित किया जाएगा, जहां से इसे राज्य भर के 133 केंद्रों में वितरित किया जाएगा। टीकाकरण के लिए अब तक राज्य में 3,62,870 लोगों ने अपना पंजीकरण कराया है।

महाराष्ट्र के स्वास्थ्य मंत्री राजेश टोपे ने बताया कि राज्य को टीके की 9.83 लाख खुराकें मिली हैं, जबकि पहले चरण के टीकाकरण के लिए 17.5 लाख टीकों की जरूरत है। टोपे ने संवाददाताओं से कहा कि राज्य को ‘सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया’ से कोविशील्ड के 9.63 लाख टीके और भारत बायोटेक द्वारा निर्मित 20,000 टीके मिले हैं।

उन्होंने कहा, हमें एक व्यक्ति को चार सप्ताह के अंतर में टीके की दो डोज देनी हैं, इस प्रकार से आठ लाख पंजीकृत स्वास्थ्य कर्मियों में से करीब 55 प्रतिशत स्वास्थ्यकर्मियों का ही अभी टीकाकरण हो पाएगा। टोपे ने बताया कि केन्द्र ने राज्य से टीकाकरण केन्द्रों की संख्या 511 से घटा कर 350 करने की ताकीद की है और कहा है कि सरकार को अन्य आपात स्थितियों पर भी नजर रखनी चाहिए।

बीएमसी ने कहा- मुंबई को कोविशील्ड की 1.39 लाख से अधिक मिली डोज  
बृहन्मुंबई महानगर पालिका (बीएमसी) ने एक बयान में कहा कि मुंबई को कोविशील्ड की 1.39 लाख से अधिक डोज मिली हैं। बीएमसी ने एक बयान में कहा कि खुराकों की पहली खेप 16 जनवरी को शुरू होने वाली टीकाकरण मुहिम के लिए शहर भर में चिह्नित केंद्रों में पहुंचाई जाएगी। बीएमसी ने बताया कि उसे सीरम इंस्टीट्यूट से सुबह करीब साढ़े पांच बजे टीकों की 1,39,500 डोज प्राप्त हुई।

राज्य के औरंगाबाद और ठाणे को भी प्रथम डोज के तहत अपना हिस्सा प्राप्त हुआ है। कोविशील्ड टीके की 23,500 डोज की पहली खेप बुधवार सुबह मुंबई से गोवा पहुंची। गोवा के स्वास्थ्य सेवा निदेशक जोस डीसा ने बताया कि कोविशील्ड टीके की 23,500 डोज वाले दो बक्से सुबह प्राप्त हुए।

गोवा हवाई अड्डे ने एक ट्वीट में कहा, गोवा के लिए कोविड-19 टीके की पहली खेप आज सुबह छह बजकर 22 मिनट पर पहुंची। दो बक्सों में प्राप्त टीकों को स्वास्थ्य सेवा के अधिकारियों को सौंप दिया गया। असम में कोविड-19 के टीके की दूसरी खेप बुधवार को पहुंच गई।

एक निजी एयरलाइन का एक मालवाहक विमान स्वदेश विकसित ‘कोवैक्सीन’ टीके की 12,000 डोज के साथ यहां लोकप्रिय गोपीनाथ बारदोलोई अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे (एलजीबीआई) पर पहुंचा। एक अधिकारी ने यह जानकारी दी।

उन्होंने बताया कि ये टीके तीन बक्सों में हैदराबाद से आए है, जिनका वजन करीब 78.5 किग्रा है। भारतीय हवाईअड्डा प्राधिकरण के प्रवक्ता ने बताया, भारत बायोटेक ने यह खेप भेजी है और इसके पहुंचने के छह मिनट के अंदर इसे राज्य सरकार के अधिकारियों को सौंप दिया गया।

असम और मेघालय के लिए 2.40 शीशी में टीके की प्रथम खेप मंगलवार को यहां हवाईअड्डे पर पहुंची थी। पूर्वोत्तर में टीके के वितरण के लिए गुवाहाटी का यह हवाईअड्डा मुख्य केंद्र है। त्रिपुरा की राजधानी अगरतला में बुधवार को कोविड-19 के टीके की 56,500 डोज की पहली खेप को लेकर निजी एयरलाइन की कार्गों उड़ान पहुंची। एक अधिकारी ने यह जानकारी दी।

अधिकारी ने बताया कि टीके के कंटनेर पुणे के एसएसआई से भेजे गये थे और उसे यहां हवाई अड्डे से विशेष भंडारण इकाई तक पहुंचाया गया। राज्य के टीकाकरण अधिकारी कल्लोल राय ने यहां संवाददाताओं से कहा, कोविशील्ड टीके की 56,500 खुराकों की खेप सुबह अगरतला हवाई अड्डे पर पहुंची। टीके के कंटनेर गोरखाबस्ती क्षेत्र के राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन भंडारण केंद्र पहुंचाये गये।

विमानन कंपनी स्पाइसजेट ने कहा कि उसने बुधवार को मुंबई, पुणे और हैदराबाद से देश के 11 शहरों में कोविड-19 रोधी टीके की 3.5 टन खेप पहुंचाई। कोविड-19 रोधी टीके की खेप विभिन्न शहरों तक पहुंचाने का काम मंगलवार सुबह शुरू किया गया था। इनका उपयोग शनिवार से शुरू हो रहे कोरोना वायरस टीकाकरण अभियान में किया जाएगा।

एयरलाइन ने एक बयान में कहा, 13 जनवरी 2021 को स्पाइसजेट ने कोविड-19 टीके के 3.5 टन वजन वाले 111 बॉक्स मुंबई, पुणे और हैदराबाद से बागडोगरा, देहरादून, श्रीनगर, जम्मू, कानपुर, गोरखपुर, जबलपुर, रांची, राजकोट, दिल्ली और बेंगलुरु पहुंचाए। गोएयर ने कहा कि वह टीके की कुल 69,600 शीशी पहुंचाएगी। एयरलाइन ने मुंबई के छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डा से गोवा कोविशील्ड टीके की 2,400 शीशी (24,000 डोज) पहुंचाई।

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