शिंगला उठाऊ पेयजल योजना ठप

Rampur Updated Mon, 27 Aug 2012 12:00 PM IST
रामपुर बुशहर। शिंगला पंचायत के लिए बनी उठाऊ पेयजल योजना तीन दिन से ठप पड़ी है। योजना में पानी की आपूर्ति न होने से पंचायत के आधा दर्जन से अधिक गांवों में जल संकट गहरा गया है। जनप्रतिनिधियों ने आईपीएच से समस्या के जल्द समाधान की गुहार लगाई है। कुछ दिनों से सुबह-शाम लगातार हो रही बारिश के कारण उठाऊ पेयजल योजना प्रभावित हुई है। लाइन खराब हो जाने से पानी की लिफ्टिंग पूरी तरह से बंद है। इसके चलते शिंगला पंचायत के शिंगला, डकोलड़, कलना, बेसड़ी, टनसेरी, खखरोला, उरू और उमरी आदि गांवों में पेयजल आपूर्ति ठप पड़ गई है। ऐसे में गांवों की सैकड़ों की आबादी को मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। पंचायत उपप्रधान हरि सिंह, श्रवण कुमार, सुरेश कुमार, पुष्पा देवी, यशोदा और कौशल्या देवी ने कहा कि योजना के ठप होने से ग्रामीणों को गंभीर जल संकट का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने आईपीएच विभाग से पेयजल आपूर्ति जल्द बहाल करने की मांग की है। उधर, आईपीएच के एसडीओ आरएस नेगी ने कहा कि भारी बारिश से हुए भूस्खलन से करीब दो सौ मीटर लाइन क्षतिग्रस्त हुई है। इससे योजना में पानी की लिफ्टिंग बंद हो गई है। लाइन को जोड़ने का कार्य युद्ध स्तर पर चल रहा है। संभवत: सोमवार शाम तक लाइन को जोड़कर योजना को चालू कर दिया जाएगा।

Spotlight

Most Read

Chandigarh

RLA चंडीगढ़ में फिर गलने लगी दलालों की दाल, ऐसे फांस रहे शिकार

रजिस्टरिंग एंड लाइसेंसिंग अथॉरिटी (आरएलए) सेक्टर-17 में एक बार फिर दलाल सक्रिय हो गए हैं, जो तरह-तरह के तरीकों से शिकार को फांस रहे हैं।

21 जनवरी 2018

Related Videos

आगरा कॉलेज में युवकों ने की ताबड़तोड़ फायरिंग, छात्रा बनी गोली का निशाना

आगरा कॉलेज में शनिवार दोपहर को एक पूर्व छात्र के गुट ने कई राउंड फायरिंग करके दहशत फैला दी। गुट में शामिल छात्र और युवकों ने एक के बाद एक सात फायर किए। इस फायरिंग में एक गोली एक छात्रा के पैर को छूकर भी निकली।

21 जनवरी 2018

  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper