पहाड़ों में मतदान करवाना नहीं है आसान

Kullu Updated Wed, 07 May 2014 05:31 AM IST
विज्ञापन

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

*Yearly subscription for just ₹249 + Free Coupon worth ₹200

ख़बर सुनें
पहाड़ों में मतदान करवाना नहीं है आसान
विज्ञापन

कुल्लू। पहाड़ों में चुनाव करवाने के लिए निर्वाचन आयोग को भी काफी मशक्कत करनी पड़ती है। यहां पर चुनाव करवाना आसान काम नहीं है। जिले में करीब 30 पोलिंग बूथों पर पोलिंग पार्टियों को पांच किलोमीटर से ज्यादा का सफर पैदल तय करना पड़ा। जिले में सबसे दुर्गम पोलिंग बूथ शाक्टी है। शाक्टी के लिए रवाना हुई पोलिंग पार्टी को करीब 14 किलोमीटर का पैदल सफर तय करना पड़ा। ये पोलिंग पार्टी सोमवार देर रात शाक्टी पहुंची।
इसके अलावा कुल्लू जिले के करीब 30 पोलिंग बूथों तक पहुंचने के लिए पोलिंग पार्टियों को खूब पसीना बहाना पड़ा। धार्मिक नगरी मणिकर्ण घाटी के दुर्गम क्षेत्र पीणी में लोकसभा चुनाव के लिए स्थापित पोलिंग बूथों तक पहुंचने के लिए पोलिंग पार्टियों को खूब पसीना बहाना पड़ा है। पोलिंग पार्टियोें को भुंतर-मणिकर्ण मार्ग से कई किलोमीटर पैदल चलकर अपने गंतव्य तक पहुंचना पड़ा। चुनावी ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों को शाट-शारनी से पीणी पहुंचने में मीलों को सफर करना पड़ा है। खासकर पार्टियों को कसलादी तथा पीणी तक दो से तीन घंटे की खड़ी चढ़ाई चढ़नी पड़ी है।
ग्राम पंचायत तलपीणी की प्रधान बंती देवी और उप प्रधान मोहर सिंह ने कहा कि पोलिंग पार्टियां मतदान केंद्रों पर पहुंच चुकी हैं, लेकिन पैदल रास्ता लंबा होने से उन्हें काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा है। इस संबंध में जिला निर्वाचन अधिकारी राकेश कंवर ने बताया कि कुल्लू जिला में मतदान के लिए 500 पोलिंग बूथ स्थापित किए गए हैं। 500 पोलिंग बूथों पर 2000 कर्मचारी ड्यूटी देंगे। मतदान सुबह सात बजे से शाम छह बजे तक होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Election
  • Downloads

Follow Us