माइक्रो वाटर डैम पर खर्च होंगे 95.51 करोड़

Yamuna Nagar Updated Fri, 19 Oct 2012 12:00 PM IST
अंबाला। ट्विनसिटी में इंटिग्रेटेड वाटर शेड मैनेजमेंट(एकीकृत जल संरक्षण) प्रोग्राम के तहत 95 करोड़ 51 लाख 64 हजार रुपये की राशि खर्च की जाएगी। भूमि एवं जल संरक्षण विभाग की इस परियोजना के तहत जिले के 79597 हेक्टेयर क्षेत्र माइक्रो वाटर शेड को कवर किया जाएगा।
इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य माइक्रो वाटर डैम इत्यादि बनाकर जल संरक्षण गतिविधियों को बढ़ावा देने के साथ-साथ भूमि कटाव को रोकने, नदियों के किनारों की सुरक्षा सुरक्षित करने, तालाब इत्यादि खुदवाकर जल संरक्षण और वाटर रिचार्जिगिं को बढ़ावा देने, ऊबड़-खाबड़ भूमि को समतल करके प्रयोग करने योग्य बनाने, कृषि क्षेत्र में खुले खानों से होने वाले पानी के दुरुपयोग को रोक कर पाइपलाइन इत्यादि की तकनीक को बढ़ावा देने जैसी गतिविधियां चलाई जाएंगी। परियोजना की कुल लागत की 4 प्रतिशत राशि गांवों की एंट्री प्वाइंट एक्टिविटी के लिए खर्च की जाएगी। इस राशि से गांव की फिरनी के निर्माण, गांव के ऊंचे क्षेत्रों में हैंडपंप इत्यादि लगाने, खुले कुओं पर जाल इत्यादि डालकर सुरक्षित करने, चौपालों की मरम्मत, स्कूल की चहारदीवारी और मिट्टी इत्यादि डलवाने और गांव में प्रवेश की गली व नाली इत्यादि के कार्य किए जाएंगे।

10 गांवों में बनेंगी वाटरशेड कमेटियां
परियोजना के तहत जिले के 110 गांवों में वाटर शेड कमेटियां बनाई जाएंगी। इस पूरी परियोजना का डाटा तैयार करने के लिए वाटरशेड कम डाटा सेंटर भी बनाया गया है। प्रथम चरण के लक्ष्य को हासिल करने के लिए 7 प्रोजेक्टों के लिए 7 वाटरशेड डेवलेपमेंट टीमें बनाई गई हैं। इनके तहत रूग्ण नदी में सब वाटरशेड के निर्माण के लिए 3317 हेक्टेयर क्षेत्र की पहचान की गई है और इस कार्य के लिए 3.98 करोड़ रुपये की राशि का प्रावधान किया गया है। इस परियोजना में टोका, डेरा, मुगल माजरा, नबीपुर और माणकपुर में माइक्रो वाटरशेड भी तैयार किए जाएंगे। इसी प्रकार मारकंडा नदी में सब वाटर शेड के निर्माण के लिए 5.95 करोड़ रुपये की राशि का प्रावधान किया गया है। इस कार्य में मुलाना, हेमा माजरा, अल्लापुर, सोहाना, हरड़ा और गेलड़ी में माइक्रो शेड की योजना है। इसके अतिरिक्त मारकंडा नदी में ही एक अन्य वाटर शेड के लिए 5.55 करोड़ रुपये की राशि का प्रावधान किया गया है और इस सब वाटर शेड के तहत शेरगढ़, पसियाला, सबगा, केसरी, पंजैल और लंडा में माइक्रो वाटर शेड जैसी गतिविधियां चलाई जाएंगी। बेगना नदी के सब वाटर शेड के लिए 4.64 करोड़ रुपये और अमरी नदी के वाटर शेड के लिए 4.81 लाख रुपये की राशि का प्रावधान किया गया है। अमरी नदी में ही एक अन्य सब वाटर शेड के लिए 3.84 करोड़ रुपये की राशि का प्रावधान रखा गया है।

बाक्स
एडीसी डा. एसएस फुलिया ने बताया कि भारत सरकार के वाटर शेड डेवलेपमेंट प्रोजेक्ट के तहत 7 टीमें गठित की जाएंगी। इन टीमोें के लिए 21 उम्मीदवारों का चयन किया जाएगा। इनमें 14 पुरुष और 7 महिला सदस्य हाेंगी। इन पदों के लिए इच्छुक युवा 30 अक्तूबर को सुबह 11 बजे साक्षात्कार में शामिल हो सकते हैं। यह साक्षात्कार अतिरिक्त उपायुक्त कार्यालय में लिया जाएगा। इन पदों के लिए उम्मीदवार के पास प्रोफेशनल डिग्री के साथ-साथ कृषि, भू-विज्ञान, जल प्रबंधन, सोशल मोबलाइजेशन और इंस्टीट्यूशनल बिल्डिंग का अनुभव भी होना चाहिए। चयन किए गए अभ्यर्थियों को 12 हजार रुपये प्रतिमास के मानदेय के साथ-साथ प्रतिमास अधिकतम एक हजार रुपये का यात्रा भत्ता भी दिया जाएगा।


‘जल संरक्षण को लेकर परियोजना तैयार की गई है। यह परियोजना तीन चरणों में पूरी की जाएगी। प्रथम चरण में 31.77 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। योजना के तहत कमेटियां गठित की जाएंगी और वाटर शेड भी बनाए जाएंगे।’
- शेखर विद्यार्थी, डीसी अंबालाv

Spotlight

Most Read

Lucknow

यूपी दिवस: प्रदेश को 25 हजार करोड़ की योजनाओं की सौगात, योगी बोले- आज का दिन गौरवशाली

यूपी दिवस के मौके पर प्रदेश को सरकार ने 25 हजार करोड़ करोड़ की योजनाओं की सौगात दी। मुख्यमंत्री योगी ने आज के दिन को गौरवशाली बताया।

24 जनवरी 2018

Related Videos

छेड़छाड़ रोकने गए पुलिस कर्मियों की इन लोगों ने फाड़ दी वर्दी

लोग कानून के रखवालो पर भी हमला करने से नही चूकते। ताज़ा मामला हरियाणा के नन्दा कॉलोनी का है जहां लड़की के साथ छेड़छाड़ के मामले की सूचना मिलने पर पहुंचे पीसीआर के पुलिसकर्मियों पर लोगों ने हमला बोल दिया। यही नहीं उनकी वर्दी तक फाड़ डाली।  

17 अक्टूबर 2017