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अंसल के खिलाफ लोगों ने खोला मोरचा

Panipat Updated Mon, 15 Oct 2012 12:00 PM IST
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पानीपत। अंसल सुशांत सिटी के निवासियों ने एक्सट्रा डेवलपमेंट चार्ज (ईडीसी) और मेंटेनेंस चार्ज लगाने पर कंपनी के खिलाफ मोरचा खोल दिया है। लोगों ने इसे कंपनी की मनमानी करार दिया है और ईडीसी की राशि जमा न कराने का फैसला लिया है। आरडब्ल्यूए (रेजिडेंस वेलफेयर एसोसिएशन) ने इसके विरोध में कानूनी कार्रवाई करने का फैसला लिया है। वहीं कंपनी अधिकारियों ने इसे सरकार द्वारा लगाया गया चार्ज बताया है।
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बैठक कर जताया रोष
शिवम रेजिडेंस वेलफेयर सोसाइटी अंसल सुशांत सिटी ने रविवार को बैठक कर कंपनी की नीतियों पर रोष व्यक्त किया। सुशांत सिटी में फिलहाल 350 परिवार रह रहे हैं। प्रधान रमेश मलिक ने कहा कि कंपनी द्वारा सभी गेटों पर सीसीटीवी लगवाए जा रहे हैं। कम्युनिटी सेंटर का निर्माण कार्य जल्द शुरू हो रहा है। बालीवाल का मैदान कंपनी द्वारा तैयार करवा दिया गया है जिसका सभी निवासी उपयोग कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि कंपनी द्वारा ईडीसी और मेंटेनेंस चार्ज लगाया गया है। कंपनी का यह कदम गलत है। इससे लोगों को आर्थिक नुकसान होगा। अपनी मांगों को रखने के लिए सभी सदस्यों ने सर्वसम्मति से अजय घणघस और जगबीर सिंह राणा की देखरेख में पांच सदस्यों की कमेटी का गठन किया गया। कमेटी कंपनी द्वारा बढ़ाए गए ईडीसी चार्ज पर कार्रवाई करेगी। मौके पर महासचिव ऋषि पाल पंवार, संरक्षक वीके गोयल, बलवान सिंह, ओमन पाल सिंह, अमित अरोड़ा, प्रवीण अरोड़ा, हरिपाल सिंह, केएन बाजलाण, पुरुषोत्तम सिंगला, संजय सिंह, अनिल पंवार, मुकेश यादव, पीआर गांधी, सुरेंद्र भारद्वाज, दीपक शुक्ला और राजेश ब्रह्मज्ञानी मौजूद रहे।


मेंटेनेंस चार्ज 140 प्रतिशत बढ़ाया
आरडब्ल्यूए के प्रधान रमेश मलिक ने बताया कि कंपनी द्वार मेंटेनेंस चार्ज 140 रुपये बढ़ा दिया है। कंपनी एग्रीमेंट अनुसार पांच से 10 प्रतिशत बढ़ा सकती है। पहले मेंटेनेंस चार्ज मकान पर 1.15 रुपये प्रति वर्ग फुट और खाली प्लाट पर 1.5 रुपये वर्ग फुट लेती थी। कंपनी ने इसे बढ़ाकर मकान का 2.50 रुपये और प्लाट का 1.95 रुपये निर्धारित कर दिया है। यह बिल हर तीन माह में एक बार जमा कराया जाता है। लोगों में रोष है जिसके चलते कई महीने से मेंटेनेंस चार्ज जमा नहीं कराया है। आरडब्ल्यूए की कंपनी के उच्चाधिकारियों के साथ दो बार वार्ता हो चुकी है लेकिन कोई हल नहीं निकला।

ईडीसी के नोटिस से भी हैं खफा
अंसल द्वारा 1900 मकान और प्लाटधारकों को ईडीसी का नोटिस दिया गया है। यानी के एक्सट्रा डेवलपमेंट चार्ज। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह रेट 585 रुपये प्रति वर्ग गज है जो गलत लगाया गया है। कंपनी के एग्रीमेंट में इस चार्ज का कोई जिक्र नहीं है। इसकी आखिरी तारीख 31 अक्तूबर निर्धारित की है। प्रधान रमेश मलिक ने बताया कि इस चार्ज से एक मकान मालिक को डेढ़ से दो लाख रुपये का आर्थिक झटका लगेगा। आरडब्ल्यूए इसको लेकर कानूनी कार्रवाई करेगा, तब तक कोई भी व्यक्ति ईडीसी जमा नहीं कराएगा।

वर्जन
कंपनी अपने क्षेत्र के निवासियों को हरसंभव सुविधा दे रही है। मेंटेनेंस और एक्सट्रा डेवलपमेंट चार्ज सरकार के नार्म्स अनुसार लगा रहे हैं। कंपनी का इसमें कोई हाथ नहीं है। इसका अलग से अकाउंट बनाया गया है। इसमें जमा राशि को सीधे ही डीटीपी को जमा करा दिया जाता है।
तेजेंद्र सिंह, डीजीएम, असंल सुशांत सिटी पानीपत

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