मुफ्त शिक्षा पर हाथ खड़े किए

Panipat Updated Sun, 19 Aug 2012 12:00 PM IST
ख़बर सुनें
पानीपत। नियमों में अस्पष्टता का हवाला देते हुए सीबीएसई स्कूलाें के प्रबंधक और प्राचार्य ने सरकार से 134ए को पूर्णतया निरस्त करने की सिफारिश की है। आरटीई और 134ए को लेकर पानीपत सहोदय कांप्लेक्स के तत्वावधान में शनिवार को स्काई लार्क पर्यटन केंद्र में सीबीएसई स्कूलों की प्रदेश स्तरीय कांफ्रेेंस में सरकार से यह सिफारिश की गई। कांफ्रेेंस के दूसरे सत्र में सर्वसम्मति से छह प्रस्ताव पारित किए गए। अंत में पानीपत सहोदय कांप्लेक्स के चेयरमैन एवं डीएवी थर्मल, पानीपत के निदेशक डा. धर्मदेव विद्यार्थी को सर्वसम्मति से सीबीएसई स्कूल वेलफेयर एसोसिएशन का प्रांतीय प्रधान चुन लिया गया।
इससे पहले प्रथम सत्र में सीबीएसई स्कूलाें के प्रबंधक और प्राचार्य की ओर से आरटीई और 134ए पर कुछ उठते सवालों के समाधान का प्रयास किया गया। सभी स्कूल प्रबंधन और प्रतिनिधियों ने नियमों को लेकर प्रदेश सरकार से मिलकर अपना पक्ष रखने का फैसला लिया। दो सत्र में चली कांफ्रेंस में शिक्षाविद एवं स्कूल प्रमुखों ने अपने-अपने विचार रखे।

ये हैं मीटिंग में पारित किए गए छह प्रस्ताव
प्रस्ताव संख्या-एक
हरियाणा एजूकेशन एक्ट के नियम 134ए के अनुसार 25 फीसदी अतिरिक्त छात्राें को नि:शुल्क शिक्षा का कार्य सरकार की सहायता के बिना हम सबके लिए अंसभव है। कानून में यह भी स्पष्ट नहीं कि इन छात्राें की फीस कौन देगा। जब तक यह स्पष्ट नहीं होता तब तक इसकी अनुपालना असंभव है। हरियाणा एजूकेशन एक्ट के नियम 134ए की भावना की प्रतिपूर्ति आरटीई एक्ट के प्रावधानाें में निहित है। इसलिए एक ही उद्देश्य की प्राप्ति के लिए दो कानूनाें की आवश्यकता नहीं है। इसलिए 134ए को पूर्णतया निरस्त कर दिया जाए। यदि सरकार महसूस करती है कि इसे समानांतर लागू रखा जाना चाहिए तो 134एक के अधीन बच्चाें की फीस की प्रतिपूर्ति उच्च न्यायालय के निर्णय के आनुसार सरकार द्वारा की जाए।

प्रस्ताव संख्या-दो
सीनियर सेकेंडरी स्कूल के लिए शिक्षा विभाग के अनुसार दो एकड़ और नगर आयोजन विभाग के अनुसार पांच एकड़ जमीन जरूरी है। इस नियम को बदला जाए और तीन जून 2011 से पहले विद्यमान सभी स्कूलाें को भूमि उपयोग परिवर्तित माना जाए।

प्रस्ताव संख्या-तीन
बस के लिए बच्चाें की निर्धारित संख्या को अधिकतम न मानकर औसत संख्या माना जाए, क्याेंकि बच्चाें की अधिकतर संख्या स्कूल के आसपास ही है। अधिकतर रास्ते बसें खाली रहती हैं। अंत में सरकार की नीति बसाें में डेढ़ गुणा क्षमता का समर्थन किया जाता है। हादसा होने पर स्कूल के किसी अधिकारी को नहीं बल्कि चालक को जिम्मेदार माना जाए। क्योंकि अधिकतर केसाें में स्कूल संचालक निर्दोष होते हुए भी दंडित हो जाते हैं।

प्रस्ताव संख्या-चार
आरटीई एक्ट के नियमाें की पालना करते हुए अनुभव करते हैं कि जब कानून में बच्चाें को नि:शुल्क शिक्षा का प्रावधान किया गया है तो स्कूल बसाें के लिए टोल प्लाजा पर टोल टैक्स समाप्त किया जाए।

प्रस्ताव संख्या-पांच
आरटी एक्ट के नियमाें के अंतगर्त बच्चाें को नि:शुल्क शिक्षा का प्रावधान किया गया है तो ऐसे में जिला प्रशासन और अन्य सरकारी विभागाें द्वारा किसी तरह का शुल्क बच्चाें या स्कूलाें से न लिया जाए।

प्रस्ताव संख्या-छह
हरियाणा के सभी सीबीएसई स्कूलाें की समस्याओं पर विचार रखने के लिए एक मंच स्थापित किया जाए। यह मंच उनकी समस्याओं को केंद्र, राज्य सरकार व अन्य विभागाें के सामने रखकर समाधान कराएगा। इसका सदस्य सभी स्कूलाें को बनाया जाए।

डा. विद्यार्थी बने प्रांतीय प्रधान
कांफ्रें स के अंत में पानीपत सहोदय कांप्लेक्स के चेयरमैन एवं डीएवी थर्मल, पानीपत के निदेशक डा. धर्मदेव विद्यार्थी को सर्वसम्मति से सीबीएसई स्कूल वेलफेयर एसोसिएशन का प्रांतीय प्रधान चुन लिया गया। इसके अलावा पानीपत जिला में रोशनलाल सैनी व विजेंद्र मान को बतौर सदस्य शामिल किया गया। प्रदेश के प्रत्येक जिला से दो सदस्याें को एसोसिएशन में शामिल किया जाएगा।

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

Spotlight

Most Read

Chandigarh

अपने ही दो भाइयों, दो बहनों समेत 7 लोगों को मारने वाली पर नहीं कर सकते रहम: हाईकोर्ट

अपने ही दो भाइयों, दो बहनों और दादी समेत सात लोगों की हत्या करने वाली पर रहम नहीं किया जा सकता। उसकी और उसके प्रेमी की मौत की सजा बरकरार रहेगी।

18 जुलाई 2018

Related Videos

पानीपत: ड्यूटी के दौरान ताश खेल रहे थे दो पुलिसकर्मी, वीडियो वायरल

हरियाणा के पानीपत से पुलिसकर्मियों का ड्यूटी के दौरान ताश खेलने का एक वीडियो सामने आया है। इस वीडियो में साफ दिखाई दे रहा है कि हरियाणा पुलिस के ASI जयपाल और हवलदार संदीप वर्दी में लोगों के साथ ताश खेल रहे हैं।

20 मार्च 2018

आज का मुद्दा
View more polls

Disclaimer

अपनी वेबसाइट पर हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर अनुभव प्रदान कर सकें, वेबसाइट के ट्रैफिक का विश्लेषण कर सकें, कॉन्टेंट व्यक्तिगत तरीके से पेश कर सकें और हमारे पार्टनर्स, जैसे की Google, और सोशल मीडिया साइट्स, जैसे की Facebook, के साथ लक्षित विज्ञापन पेश करने के लिए उपयोग कर सकें। साथ ही, अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।

Agree

अमर उजाला ऐप चुनें

सबसे तेज अनुभव के लिए

क्लिक करें Add to Home Screen